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दोगुना धनराशि देने के बाद भी सफर में हो रही परेशानी
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दोगुना धनराशि देने के बाद भी सफर में हो रही परेशानी
बुलंदशहर। रोडवेज बसों के चुनाव ड्यूटी में जाने के बाद डग्गामार वाहन चालक मनमाना किराया यात्रियों से वसूल रहे हैं। यात्रियों को भी रोडवेज बस न मिलने पर मजबूरन जोखिम भरा सफर तय करना पड़ रहा है।
जिले में 15 दिन पूर्व तक यात्री उप्र परिवहन निगम की बसों में आसानी से सफर कर रहे थे और बसें खाली भी चल रही थी। विधानसभा चुनाव का पहला चरण शुरू होते ही बसों की कमी होने लगी। जो इन दिनों यात्रियों को काफी खल रही है। जानकारी के अनुसार बुलंदशहर, सिकंदराबाद और खुर्जा डिपो से करीब 241 बसें संचालित होती है। लेकिन इनमें 166 बसें चुनाव में अधिग्रहण होने और करीब 12 से 15 बसें खराब होने के कारण शेष बसों से यात्रियों को राहत नहीं मिल रही। पहले जहां दिल्ली रूट पर हर 10 मिनट में एक बस रवाना की जाती थी तो अब एक घंटे में एक बस रवाना हो रही है। रोडवेज बस न मिलने पर यात्री घंटों रोडवेज बस अड्डा समेत अन्य स्थानों पर रोडवेज बस आने का इंतजार करते रहते हैं। रोडवेज बस न आने पर यात्रियों को डग्गामार वाहन में सफर करना पड़ रहा है।
आने-जाने में डग्गामार बना सहारा
सिकंदराबाद निवासी कपिल ने बताया कि किसी कार्य से बुलंदशहर आया था। सिकंदराबाद से बुलंदशहर तक का सफर डग्गामार वाहन में करना पड़ा। यहां से वापस लौटते समय रोडवेज अड्डे पर आया तो कोई भी बस नहीं मिली। काफी देर से इंतजार कर रहा हूं। बस न मिलने पर डग्गामार वाहन से ही सफर करना पड़ेगा।
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जहांगीराबाद से किसी तरह पहुंचा बुलंदशहर
जहांगीराबाद निवासी सोनू ने बताया कि उसे दिल्ली जाना था। काफी इंतजार करने के बाद भी कोई रोडवेज बस न मिलने पर डग्गामार वाहन में खड़े होकर सफर करना पड़ा। इसके लिए वाहन परिचालक द्वारा दोगुना किराया भी लिया। बुलंदशहर पहुंचा तो यहां पर भी रोडवेज बस का इंतजार करना पड़ रहा है।
कोट
रोडवेज बसें अभी विधानसभा चुनाव में अधिग्रहीत है। बसों के लौटने पर यात्रियों को राहत मिल सकेगी। अभी जो भी बसें है उन्हें आने के बाद तत्काल रवाना कर दिया जाता है। - धीरज सिंह पंवार, एआरएम बुलंदशहर डिपो
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बुलंदशहर। रोडवेज बसों के चुनाव ड्यूटी में जाने के बाद डग्गामार वाहन चालक मनमाना किराया यात्रियों से वसूल रहे हैं। यात्रियों को भी रोडवेज बस न मिलने पर मजबूरन जोखिम भरा सफर तय करना पड़ रहा है।
जिले में 15 दिन पूर्व तक यात्री उप्र परिवहन निगम की बसों में आसानी से सफर कर रहे थे और बसें खाली भी चल रही थी। विधानसभा चुनाव का पहला चरण शुरू होते ही बसों की कमी होने लगी। जो इन दिनों यात्रियों को काफी खल रही है। जानकारी के अनुसार बुलंदशहर, सिकंदराबाद और खुर्जा डिपो से करीब 241 बसें संचालित होती है। लेकिन इनमें 166 बसें चुनाव में अधिग्रहण होने और करीब 12 से 15 बसें खराब होने के कारण शेष बसों से यात्रियों को राहत नहीं मिल रही। पहले जहां दिल्ली रूट पर हर 10 मिनट में एक बस रवाना की जाती थी तो अब एक घंटे में एक बस रवाना हो रही है। रोडवेज बस न मिलने पर यात्री घंटों रोडवेज बस अड्डा समेत अन्य स्थानों पर रोडवेज बस आने का इंतजार करते रहते हैं। रोडवेज बस न आने पर यात्रियों को डग्गामार वाहन में सफर करना पड़ रहा है।
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आने-जाने में डग्गामार बना सहारा
सिकंदराबाद निवासी कपिल ने बताया कि किसी कार्य से बुलंदशहर आया था। सिकंदराबाद से बुलंदशहर तक का सफर डग्गामार वाहन में करना पड़ा। यहां से वापस लौटते समय रोडवेज अड्डे पर आया तो कोई भी बस नहीं मिली। काफी देर से इंतजार कर रहा हूं। बस न मिलने पर डग्गामार वाहन से ही सफर करना पड़ेगा।
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जहांगीराबाद से किसी तरह पहुंचा बुलंदशहर
जहांगीराबाद निवासी सोनू ने बताया कि उसे दिल्ली जाना था। काफी इंतजार करने के बाद भी कोई रोडवेज बस न मिलने पर डग्गामार वाहन में खड़े होकर सफर करना पड़ा। इसके लिए वाहन परिचालक द्वारा दोगुना किराया भी लिया। बुलंदशहर पहुंचा तो यहां पर भी रोडवेज बस का इंतजार करना पड़ रहा है।
कोट
रोडवेज बसें अभी विधानसभा चुनाव में अधिग्रहीत है। बसों के लौटने पर यात्रियों को राहत मिल सकेगी। अभी जो भी बसें है उन्हें आने के बाद तत्काल रवाना कर दिया जाता है। - धीरज सिंह पंवार, एआरएम बुलंदशहर डिपो