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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   70 deliveries took place on the day of Rakshabandhan

Bulandshahar News: रक्षाबंधन पर किसी को मिला भाई तो किसी को बहन

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 31 Aug 2023 10:15 PM IST
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बुलंदशहर। रक्षाबंधन का त्योहार 70 से अधिक परिवारों को विशेष सौगात दे गया। किसी की राखी को सजाने के लिए कलाई तो किसी को बहन का प्यार मिला। जिलेभर के सरकारी और निजी चिकित्सालयों में रक्षाबंधन त्योहार पर सुबह से शाम तक किलकारियां गूंजती रहीं। कोई भाई पाकर खुश हुआ तो कोई बहन पाकर। बच्चों के विशेष दिन में जन्म लेने पर लोगों ने मिठाइयां भी बांटी।
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एक निजी अस्पताल में आए तीमारदार सूरज ने बताया उसके छोटे भाई की पत्नी ने पुत्री को जन्म दिया है। मनोज के बताया कि दोस्त पंकज के दो बेटी हैं अब उसकी पत्नी ने पुत्र को जन्म दिया है। हालांकि कुछ ऐसे भी रहे जो पुत्र की आस में थे, लेकिन उनके यहां दोबारा बेटी हुई। महिला मंजू ने बताया कि त्योहार के दिन प्रसव होने से जहां प्रसन्नता है। वहीं, खुशी भी है अगर पुत्री जन्म लेती तो यह खुशी और अधिक हो जाती। जिला महिला अस्पताल में आए बनवारीपुर घुंघरावली निवासी प्रदीप की पत्नी आरती ने और उटरावली निवासी ओमपाल सिंह की पत्नी ने पुत्र को जन्म दिया।
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जिला महिला अस्पताल में हुई 14 डिलीवरी

जिला महिला अस्पताल में रक्षाबंधन के दिन 14 परिवारों को खुशियां मिलीं। सीएमएस डॉ. राजेन्द्र शर्मा ने बताया कि अस्पताल में 14 प्रसव कराए गए। इनमें 10 परिवारों के यहां पुत्री तो चार परिवारों के घर पुत्र का आगमन हुआ। इन सभी के परिवार वाले खुश हैं कि त्योहार के दिन इनके घर खुशियां आई है। इनमें पांच ऐसे परिवार थे जिनके यहां पहले पुत्र था अब पुत्री का जन्म हुआ तो तीन ऐसे परिवार थे जिनके यहां पहले पुत्री थी और अब पुत्र का जन्म हुआ है।
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70 से अधिक हुए प्रसव

स्वास्थ्य अफसरों के अनुसार जिले के सभी सरकारी और निजी चिकित्सालयों में 70 से अधिक प्रसव हुए हैं। इनमें पुत्री कम तो पुत्र की संख्या अधिक है। वहीं, कुल प्रसव में 40 प्रसव सरकारी चिकित्सालयों में तो शेष निजी चिकित्सालयों में हुए हैं।



विशेष त्योहार पर लड़का-लड़की होने पर सबकी धारणाएं अलग-अलग हैं। रक्षाबंधन पर कुछ परिवारों के यहां लड़की की कमी दूर हुई तो कुछ परिवारों के यहां लड़के की कमी दूर हुई। ऐसे में इन परिवारों में भाई-बहन के अटूट रिश्ते के त्योहार पर खुशियां और दोगुना हो गई। - डॉ. विनय कुमार सिंह, सीएमओ
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