फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Two wards filled with dengue patients, preparations to make a third one

Budaun News: डेंगू के मरीजों से फुल हो गए दो वार्ड, तीसरा बनाने की तैयारी

Fri, 10 Nov 2023 12:36 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 10 Nov 2023 12:36 AM IST
विज्ञापन
Two wards filled with dengue patients, preparations to make a third one
जिला अस्पताल के डेंगू वार्ड में भर्ती मरीज। संवाद
बदायूं। जिले डेंगू और बुखार से अब तक करीब तीन सौ लोगों की मौत हो चुकी है। अब भी सैकड़ों मरीज अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हैं। जिला अस्पताल में बनाए गए दोनों डेंगू वार्ड फुल हो गए हैं। अब यहां तीसरा वार्ड बनाने की तैयारी चल रही है। जिले में डेंगू के रोजाना औसतन करीब 10 मरीज मिल रहे हैं।
विज्ञापन


स्वास्थ्य विभाग जिले में अब तक बुखार और डेंगू से सिर्फ छह मौतें ही होने की बात कह रहा है, जबकि जिले में बुखार से मरने वालों का आंकड़ा तीन सौ के पार हो गया है। इनमें अधिकांश के परिजन मौत की वजह डेंगू को ही बता रहे हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग यह मानने के लिए तैयार नहीं है। जिले में दो महीने में 547 लोग डेंगू संक्रमित हो चुके हैं। जिले में डेंगू की भयावहता का अंदाजा जिला अस्पताल में बने डेंगू वार्डाें को देखकर लगाया जा सकता है। अस्पताल प्रबंधन ने दो डेंगू वार्ड बनवाए थे, जो फुल हो गए हैं। अब तीसरा वार्ड बनाया जा रहा है। ठीक होकर छुट्टी होने से ज्यादा मरीज भर्ती होने के लिए आ रहे हैं।
विज्ञापन

प्लेटलेट्स का कम होना बढ़ा रहा लोगों में भय
जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. कप्तान सिंह की मानें तो सिर्फ डेंगू के कारण ही प्लेटलेट्स कम नहीं होती हैं। सामान्य बुखार में भी प्लेटलेट्स काउंट में कमी आती है, लेकिन मरीज प्लेटलेट्स कम होते ही डेंगू होना मान लेते हैं। लोगों में यह धारणा ही भय बढ़ रही है। अस्पताल के वार्डाें में भर्ती मरीज भी प्लेट्लेटस कम होते ही वह तनाव में आ जाते हैं। हालांकि डॉक्टरों की देखरेख में सही दवाएं लेने पर प्लेटलेट्स की कमी दूर हो जाती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस तरह करें बचाव
डेंगू के मच्छरों के बचने के लिए आसपास पानी का जमाव न होने दें। पूरी बांह के कपड़े पहनकर ही बाहर निकलें। बच्चों को मच्छर से बचाने वाली क्रीम नियमित लगाएं। सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें। साथ ही खानपान व दिनचर्या का विशेष ध्यान रखें।


वर्जन
डेंगू और बुखार पर नियंत्रण के लिए सभी प्रयास किए जा रहे हैं। स्वास्थ्य टीमें लगातार शहर से गांवों तक शिविर लगाकर जांच कर रही हैं और दवाएं दे रही हैं। घर-घर जाकर लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है। - डॉ. प्रदीप कुमार, मुख्य चिकित्साधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed