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Budaun News: सीएचसी में समय पर उपचार से नवजात की बची जान
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बिल्सी सीएचसी पर नवजात शिशु के पेट की सफाई करते चिकित्सक डा.अनिल गुप्ता। संवाद
बिल्सी। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर बुधवार दोपहर क्षेत्र के गांव सिद्धपुर चित्रसेन निवासी एक महिला ने सामान्य प्रसव के माध्यम से एक नवजात शिशु को जन्म दिया। प्रसव के बाद नवजात की हालत उस समय बिगड़ गई, जब गर्भाशय में उसने लैट्रिन कर ली। इससे बच्चे को सांस लेने में दिक्कत होने लगी और स्थिति गंभीर हो गई।
सूचना मिलते ही केंद्र के अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार गुप्ता ने अपनी मेडिकल टीम के साथ तत्काल नवजात का परीक्षण किया। डॉक्टरों ने तत्परता दिखाते हुए शिशु के पेट की सफाई की और आवश्यक चिकित्सकीय प्रक्रिया अपनाकर उसकी जान बचाई। समय पर किए गए उपचार से नवजात की स्थिति में सुधार आया।
इस दौरान डॉ. गुप्ता ने केंद्र की एनबीएसयू (नवजात शिशु देखभाल इकाई) टीम को ऐसे मामलों से निपटने को लेकर विशेष प्रशिक्षण भी दिया। उन्होंने बताया कि भविष्य में यदि इस प्रकार की स्थिति उत्पन्न होती है तो प्रशिक्षित स्टाफ के माध्यम से नवजात शिशुओं की जान बचाई जा सकेगी।
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प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए नवजात को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया, ताकि उसे विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में उचित उपचार मिल सके। टीम में स्टाफ नर्स प्रतिक्षा भारद्वाज का विशेष सहयोग रहा।
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सूचना मिलते ही केंद्र के अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार गुप्ता ने अपनी मेडिकल टीम के साथ तत्काल नवजात का परीक्षण किया। डॉक्टरों ने तत्परता दिखाते हुए शिशु के पेट की सफाई की और आवश्यक चिकित्सकीय प्रक्रिया अपनाकर उसकी जान बचाई। समय पर किए गए उपचार से नवजात की स्थिति में सुधार आया।
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इस दौरान डॉ. गुप्ता ने केंद्र की एनबीएसयू (नवजात शिशु देखभाल इकाई) टीम को ऐसे मामलों से निपटने को लेकर विशेष प्रशिक्षण भी दिया। उन्होंने बताया कि भविष्य में यदि इस प्रकार की स्थिति उत्पन्न होती है तो प्रशिक्षित स्टाफ के माध्यम से नवजात शिशुओं की जान बचाई जा सकेगी।
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प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए नवजात को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया, ताकि उसे विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में उचित उपचार मिल सके। टीम में स्टाफ नर्स प्रतिक्षा भारद्वाज का विशेष सहयोग रहा।