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Budaun News: बौद्ध भिक्षुओं का चौथे दिन भी जारी रहा धरना
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मायवीय आवास गृह पर धरने पर बौद्ध भिक्षुओ के समर्थन में बैठे अन्य संगठनों के पदाधिकारी । स्रोत
बदायूं। बौद्ध विहार मझिया में पूजा-अर्चना शुरू कराने को लेकर चौथे दिन भी धरना जारी रहा। धरने में मुख्य रूप से बौद्ध भिक्षुओं के अलावा अन्य संगठन के लोग भी धरनास्थल पर पहुंचे और समर्थन किया।
बौद्ध विहार मझिया में करीब छह दिन पहले शिवलिंग को दबाने का मामला सामने आया था। हिन्दू संगठनों ने मौके पर पहुंचकर विरोध किया और पुलिस को कार्रवाई के लिए मौके पर बुलाया। पुलिस ने शिवलिंग को जमीन से बरामद करते हुए बौद्ध विहार में किसी प्रकार की पूजा-अर्चना न करने की हिदायत दी थी। इसको लेकर बोधिसत्व बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर सम्राट अशोक बुद्ध पर्यटन स्थल संघर्ष मंडल के तत्वावधान में बौद्ध भिक्षु मालवीय आवास पर बृहस्पतिवार से धरने पर हैं।
रविवार को धरनास्थल पर कई संगठनों के पदाधिकारी पहुंचे और धरने का समर्थन किया। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि बौद्ध भिक्षुओं को बौद्ध विहार मझिया में पुनः प्रवेश कराकर पूजा-अर्चना करने दी जाए। दोषियों के विरुद्ध कठोर कानून कार्रवाई की जाए। साथ ही कहा कि अभिलेखों में सम्राट अशोक बुद्ध पर्यटन स्थल दर्ज किया जाए। इस मौके पर रामेश्वर शाक्य,डाॅ. क्रांति कुमार, चिरंजी लाल, डाॅक्टर सतीश, इंजीनियर हर्षवर्धन, हरिओम सैनी आदि मौजूद रहे।
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बौद्ध विहार मझिया में करीब छह दिन पहले शिवलिंग को दबाने का मामला सामने आया था। हिन्दू संगठनों ने मौके पर पहुंचकर विरोध किया और पुलिस को कार्रवाई के लिए मौके पर बुलाया। पुलिस ने शिवलिंग को जमीन से बरामद करते हुए बौद्ध विहार में किसी प्रकार की पूजा-अर्चना न करने की हिदायत दी थी। इसको लेकर बोधिसत्व बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर सम्राट अशोक बुद्ध पर्यटन स्थल संघर्ष मंडल के तत्वावधान में बौद्ध भिक्षु मालवीय आवास पर बृहस्पतिवार से धरने पर हैं।
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रविवार को धरनास्थल पर कई संगठनों के पदाधिकारी पहुंचे और धरने का समर्थन किया। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि बौद्ध भिक्षुओं को बौद्ध विहार मझिया में पुनः प्रवेश कराकर पूजा-अर्चना करने दी जाए। दोषियों के विरुद्ध कठोर कानून कार्रवाई की जाए। साथ ही कहा कि अभिलेखों में सम्राट अशोक बुद्ध पर्यटन स्थल दर्ज किया जाए। इस मौके पर रामेश्वर शाक्य,डाॅ. क्रांति कुमार, चिरंजी लाल, डाॅक्टर सतीश, इंजीनियर हर्षवर्धन, हरिओम सैनी आदि मौजूद रहे।
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