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Budaun News: मानवाधिकार आयोग तक पहुंचा शाकिर की मौत का मामला
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बदायूं। बिनावर थाना क्षेत्र के सेमरमई गांव में पुलिस की दबिश के दौरान शाकिर की मौत का मामला राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग तक पहुंच गया है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष अजीत यादव ने इस प्रकरण की शिकायत आयोग से की है। साथ ही न्याय और मुआवजा की मांग की है।
उन्होंने बताया कि 15 सितंबर की रात बिनावर पुलिस गो तस्करों को पकड़ने के लिए सेमरमई में दबिश दी थी। इसी दौरान पुलिस ने घर के बाहर सो रहे शाकिर को दौड़ाया। इससे वह वह धान के खेत में गिर पड़ा और उसकी मौत हो गई। बताया कि शाकिर पर किसी थाने में मुकदमा दर्ज नहीं था और न ही उसका कोई आपराधिक इतिहास था। वह दो-तीन बीघा ज़मीन का मालिक था और मेहनत-मज़दूरी करके अपने तीन बच्चों का पालन-पोषण करता था। पत्नी के न होने से अब उसके बच्चे अनाथ हो गए हैं। उन्होंने मानवाधिकार आयोग से इस मामले की न्यायिक जांच कराए जाने, दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई किए जाने और शाकिर के परिवार को 50 लाख रुपये मुआवज़ा देने की मांग की है।
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उन्होंने बताया कि 15 सितंबर की रात बिनावर पुलिस गो तस्करों को पकड़ने के लिए सेमरमई में दबिश दी थी। इसी दौरान पुलिस ने घर के बाहर सो रहे शाकिर को दौड़ाया। इससे वह वह धान के खेत में गिर पड़ा और उसकी मौत हो गई। बताया कि शाकिर पर किसी थाने में मुकदमा दर्ज नहीं था और न ही उसका कोई आपराधिक इतिहास था। वह दो-तीन बीघा ज़मीन का मालिक था और मेहनत-मज़दूरी करके अपने तीन बच्चों का पालन-पोषण करता था। पत्नी के न होने से अब उसके बच्चे अनाथ हो गए हैं। उन्होंने मानवाधिकार आयोग से इस मामले की न्यायिक जांच कराए जाने, दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई किए जाने और शाकिर के परिवार को 50 लाख रुपये मुआवज़ा देने की मांग की है।
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