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यहां भी बाहरी प्रांतों की खटारा बसों से ढोए जा रहे बच्चे
badaun
Updated Sat, 11 Apr 2015 12:06 AM IST
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पीलीभीत के बंडा के स्कूल में खटारा बस का चलती बस में फर्श टूटकर गिरने से हुई मौत ने जहां झकझोर कर रख दिया। वहीं जिले के स्कूल अभी भी इससे सबक लेने को तैयार नहीं है। यहां भी बाहरी प्रांतों की खटारा बसें बेखौफ स्कूलों के बच्चों को ढो रही हैं। सेहत के नाम पर हल्की-फुल्की सर्विस होती है। हालांकि यहां के कॉवेंट स्कूलों का दावा है कि वह अपनी निजी लगी हुई बसों का हर साल फिटनेस कराते हैं।
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जिले में सुबह के और दोपहर के वक्त पीले रंग की फर्राटा भरती हुई बसें आसानी से देखी जा सकती हैं। इन पर गौर करें तो इसमें लगी अधिकांश बसें खटारा नजर आती हैं। न ही इनकी सेहत ही ठीक होती है। न ही इनकी खिड़कियों पर जाली का प्रयोग होता है। यह हाल छोटे वाहनों से लेकर बड़ी बसों का है। चेकिंग के नाम पर महज औपचारिकताएं कर काम चला दिया जाता है। कई अभिभावक अभी भी बच्चों को इन बसों से भेजना मुनासिब नहीं समझते हैं। लिहाजा वह खुद ही रोजाना छोड़ने जाते हैं। वहीं दूरदराज रहने वाले लोगों के लिए बस पर निर्भर होना मजबूरी है।
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बाहरी प्रांतों में रिजेक्ट हुई बसें दौड़ती हैं जिले में
सूत्रों की माने तो बाहरी प्रांतों में जो बसें रिजेक्ट कर दी जाती हैं। वह बसें कम दामों में खरीद कर चलाने लायक कर ली जाती हैं। सेहत के नाम पर रुटीन सर्विस ही होती है। इससे सड़क पर चलते हुए काफी खतरे का डर बना रहता है। बताते हैं कि कई बसों की तो उम्र भी पूरी हो चुकी है। फिर भी वह दौड़ लगा रही हैं।
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क्या कहते हैं स्कूल संचालक
-हर साल गाड़ियों की फिटनेस कराई जाती है। बच्चों को देखते हुए रूटीन सर्विस और फिटनेस के लिए पहले ही स्कूल मैनेजमेंट को निर्देश दिए गए हैं। साथ ही प्रशासन के आदेशों पर भी अमल किया जाता है। बिल्कुल भी लापरवाही नहीं बरती जाती है। बस में बकायदा हेल्पर को भी लगाया जाता है। -ज्योति मेहंदीरत्ता, ब्लूमिंगडेल कॉवेंट स्कूल, डायरेक्टर।
बसों की फिटनेस का ध्यान रखा जाता है। बिना परमिट के कोई भी गाड़ी नहीं दौड़ती है। सघन चेकिंग अभियान चलाए जाते हैं। स्कूलों में अवेयरनेस कार्यक्रम चलाए जाते हैं। गाइडलाइन दी जाती हैं। स्कूलों में यह नियमित प्रक्रिया के तहत लिया जाता है- उदयवीर सिंह, एआरटीओ प्रवर्तन।
सोमवार से स्कूल बसों की होगी सघन चेकिंग
बदायूं। एआरटीओ प्रवर्तन उदयवीर सिंह ने बताया कि बंडा में जो स्कूल बस के फर्श टूटने से जो घटना हुई है। वह काफी दुखद है। इससे सबक लेते हुए सतर्कता बरतनी चाहिए। बताया कि विभाग इसे गंभीरता से लेते हुए सोमवार से सघन चेकिंग अभियान शुरू करने जा रहा है। जिले में संचालित सभी स्कूलों में लगी बसों की सेहत देखी जाएगी। इसके अलावा सभी बसों के परमिट आदि भी चेक किए जाएंगे। बच्चों की सुरक्षा से जुड़े हर बिंदु पर ध्यान से परखा जाएगा। अगर कहीं कमी पाई जाती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।