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सपा: शिवपाल सिंह की जगह बेटे आदित्य यादव को उम्मीदवार बनाने की वकालत
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सदर विधानसभा क्षेत्र के सपा कार्यकर्ताओं का हुआ सम्मेलन
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। सपा में शिवपाल सिंह की जगह बेटे आदित्य यादव को उम्मीदवार बनाने की वकालत शुरू हो गई है। अभी तक तो सिर्फ शिवपाल सिंह यादव ही बेटे आदित्य यादव को लोकसभा क्षेत्र की सियासत में सक्रिय करने का मन बनाए थे लेकिन अब पार्टी के पदाधिकारी भी जुट गए हैं।
सपा के वरिष्ठ नेता नरेश प्रताप सिंह ने रविवार को हाजी रईस के परिसर में आयोजित सदर विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ता सम्मेलन में मुखर होकर आदित्य यादव को चुनाव लड़ाए जाने की बात कही थी। उन्होंने कहा कि नेता जी (मुलायम सिंह यादव) कहा करते थे कि पार्टी कभी बूढ़ी नहीं होती क्योंकि युवा आगे आते रहते हैं। इस मंशा को समझते हुए अब युवा नेता आदित्य यादव को बदायूं लोकसभा क्षेत्र से चुनाव मैदान में उतारे जाने की जरूरत है। उनके इतना कहते ही कार्यकर्ताओं ने भी समर्थन कर दिया। तब उन्होंने मंच पर मौजूद लोकसभा क्षेत्र के चुनाव प्रभारी पूर्व सांसद वीरपाल सिंह यादव से कहा कि वे इसके लिए घोषणा कर दें लेकिन वीरपाल सिंह यादव जब मंच पर बोले तो यही कहा कि वह एलान नहीं कर सकते हैं पर पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव को अवगत जरूर करा सकते हैं। वह कराएंगे। वहीं पूर्व सांसद धर्मेंद्र यादव भी मंच पर थे जब उनके सामने यह मांग आई तो उन्होंने कहा कि वह भी राष्ट्रीय अध्यक्ष को आपकी भावनाओं से वाकिफ कराएंगे। निर्णय राष्ट्रीय अध्यक्ष को ही लेना है। इसके साथ ही एक बार फिर सियासी हलकों में सपा का उम्मीदवार बदलने को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।
घोषणा के 22 दिन बाद भी नहीं आए थे शिवपाल
उम्मीदवार घोषित होने के बाद काफी दिनों तक शिवपाल सिंह यादव बदायूं नहीं आए थे, तब भी यही कहा जा रहा था कि वे अपने बेटे को उम्मीदवार बनाना चाहते हैं लेकिन जब वे चुनाव प्रचार में आदित्य यादव को साथ लेकर जुटे तो इस चर्चा को विराम लगा था पर अब जब कार्यकर्ता सम्मेलन में खुलकर वकालत हुई और दिग्गज नेताओं ने कहा कि अखिलेश यादव के समक्ष बात को रखा जाएगा तो यह बात एक बार फिर सियासी हलकों में उठ रही है कि क्या बदायूं में शिवपाल सिंह यादव के स्थान पर उनके बेटे उम्मीदवार बनाए जा सकते हैं। ब्यूरो
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अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। सपा में शिवपाल सिंह की जगह बेटे आदित्य यादव को उम्मीदवार बनाने की वकालत शुरू हो गई है। अभी तक तो सिर्फ शिवपाल सिंह यादव ही बेटे आदित्य यादव को लोकसभा क्षेत्र की सियासत में सक्रिय करने का मन बनाए थे लेकिन अब पार्टी के पदाधिकारी भी जुट गए हैं।
सपा के वरिष्ठ नेता नरेश प्रताप सिंह ने रविवार को हाजी रईस के परिसर में आयोजित सदर विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ता सम्मेलन में मुखर होकर आदित्य यादव को चुनाव लड़ाए जाने की बात कही थी। उन्होंने कहा कि नेता जी (मुलायम सिंह यादव) कहा करते थे कि पार्टी कभी बूढ़ी नहीं होती क्योंकि युवा आगे आते रहते हैं। इस मंशा को समझते हुए अब युवा नेता आदित्य यादव को बदायूं लोकसभा क्षेत्र से चुनाव मैदान में उतारे जाने की जरूरत है। उनके इतना कहते ही कार्यकर्ताओं ने भी समर्थन कर दिया। तब उन्होंने मंच पर मौजूद लोकसभा क्षेत्र के चुनाव प्रभारी पूर्व सांसद वीरपाल सिंह यादव से कहा कि वे इसके लिए घोषणा कर दें लेकिन वीरपाल सिंह यादव जब मंच पर बोले तो यही कहा कि वह एलान नहीं कर सकते हैं पर पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव को अवगत जरूर करा सकते हैं। वह कराएंगे। वहीं पूर्व सांसद धर्मेंद्र यादव भी मंच पर थे जब उनके सामने यह मांग आई तो उन्होंने कहा कि वह भी राष्ट्रीय अध्यक्ष को आपकी भावनाओं से वाकिफ कराएंगे। निर्णय राष्ट्रीय अध्यक्ष को ही लेना है। इसके साथ ही एक बार फिर सियासी हलकों में सपा का उम्मीदवार बदलने को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।
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घोषणा के 22 दिन बाद भी नहीं आए थे शिवपाल
उम्मीदवार घोषित होने के बाद काफी दिनों तक शिवपाल सिंह यादव बदायूं नहीं आए थे, तब भी यही कहा जा रहा था कि वे अपने बेटे को उम्मीदवार बनाना चाहते हैं लेकिन जब वे चुनाव प्रचार में आदित्य यादव को साथ लेकर जुटे तो इस चर्चा को विराम लगा था पर अब जब कार्यकर्ता सम्मेलन में खुलकर वकालत हुई और दिग्गज नेताओं ने कहा कि अखिलेश यादव के समक्ष बात को रखा जाएगा तो यह बात एक बार फिर सियासी हलकों में उठ रही है कि क्या बदायूं में शिवपाल सिंह यादव के स्थान पर उनके बेटे उम्मीदवार बनाए जा सकते हैं। ब्यूरो
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