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Budaun News: अभिलेख जमा नहीं किए, 186 को नोटिस
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ग्राम पंचायतों का दोबारा किया जा रहा ऑडिट
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। ऑडिट के समय पर अधिभार के संबंध में अभिलेख जमा न करने पर 186 सचिवों को डीपीआरओ ने नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा है। इसके साथ ही एक बार फिर ऑडिट कराने के निर्देश दिए हैं। अगर इस ऑडिट में भी सचिवों द्वारा अधिभार के संबंध में अभिलेख जमा नहीं किए गए तो अधिभार धनराशि की वसूली की जाएगी।
जिले में ग्राम पंचायतों पर तैनात सचिवों और प्रधानों के स्तर से विकास कार्य कराए जाते हैं, साथ ही दोनों की ओर से संयुक्त हस्ताक्षर से शासन से आनी वाली धनराशि निकालकर विकास कार्यों में लगाई जाती है। ग्राम पंचायतों में इस धनराशि का ऑडिट भी कराया जाता है। शासकीय धनराशि का सही उपयोग हुआ है या नहीं, इसकी पड़ताल अभिलेखों के माध्यम से की जाती है, लेकिन जिले के 186 सचिवों द्वारा जब ऑडिट हुआ तो उसमें संपूर्ण अभिलेख नहीं जमा किए गए।
कई सचिवों ने बिल्कुल भी अभिलेख नहीं जमा किए। इसको लेकर डीपीआरओ ने 186 सचिवों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है, साथ ही दोबारा ऑडिट कराने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में जो भी सचिव ऑडिट में संपूर्ण अभिलेख नहीं जमा करते हैं, तो उनको सरकारी धनराशि के गबन के आरोप के तहत खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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साथ ही संपूर्ण बकाया अधिभार की धनराशि की रिकवरी की जाएगी। सचिव के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। इस संबंध में डीपीआरओ श्रेया मिश्रा ने बताया कि सचिवों को नोटिस भेजा है, जवाब मांगा है, साथ ही दोबारा ऑडिट कराया जा रहा है। अगर सचिव अभिलेख जमा नहीं करते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। ऑडिट के समय पर अधिभार के संबंध में अभिलेख जमा न करने पर 186 सचिवों को डीपीआरओ ने नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा है। इसके साथ ही एक बार फिर ऑडिट कराने के निर्देश दिए हैं। अगर इस ऑडिट में भी सचिवों द्वारा अधिभार के संबंध में अभिलेख जमा नहीं किए गए तो अधिभार धनराशि की वसूली की जाएगी।
जिले में ग्राम पंचायतों पर तैनात सचिवों और प्रधानों के स्तर से विकास कार्य कराए जाते हैं, साथ ही दोनों की ओर से संयुक्त हस्ताक्षर से शासन से आनी वाली धनराशि निकालकर विकास कार्यों में लगाई जाती है। ग्राम पंचायतों में इस धनराशि का ऑडिट भी कराया जाता है। शासकीय धनराशि का सही उपयोग हुआ है या नहीं, इसकी पड़ताल अभिलेखों के माध्यम से की जाती है, लेकिन जिले के 186 सचिवों द्वारा जब ऑडिट हुआ तो उसमें संपूर्ण अभिलेख नहीं जमा किए गए।
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कई सचिवों ने बिल्कुल भी अभिलेख नहीं जमा किए। इसको लेकर डीपीआरओ ने 186 सचिवों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है, साथ ही दोबारा ऑडिट कराने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में जो भी सचिव ऑडिट में संपूर्ण अभिलेख नहीं जमा करते हैं, तो उनको सरकारी धनराशि के गबन के आरोप के तहत खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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साथ ही संपूर्ण बकाया अधिभार की धनराशि की रिकवरी की जाएगी। सचिव के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। इस संबंध में डीपीआरओ श्रेया मिश्रा ने बताया कि सचिवों को नोटिस भेजा है, जवाब मांगा है, साथ ही दोबारा ऑडिट कराया जा रहा है। अगर सचिव अभिलेख जमा नहीं करते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।