फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Ration quota politics Stay away from the worker

राशन कोटा की राजनीति से दूर रहें कार्यकर्ता

Wed, 11 Feb 2015 12:32 AM IST
दातागंज/बदायूं
दातागंज/बदायूं Updated Wed, 11 Feb 2015 12:32 AM IST
विज्ञापन
सपा जिलाध्यक्ष बनवारी सिंह यादव ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वह राशन कोटा की राजनीति से दूर रहें। ये काजल की कोठरी है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि गरीबों के हक पर अधिकारी, राशन माफिया और कुछ नेता ही डाका डाल रहे हैं।
विज्ञापन


यह बातें जिलाध्यक्ष ने ब्लाक परिसर में आयोजित सपा सम्मेलन में कही। उन्होंने कहा कि सपा जमीन से जुड़ी हुई पार्टी है। चुनाव के दरम्यान पार्टी ने जो वादे किए थे वह तीन साल में ही पूरे कर दिए। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बुकलेट जारी कर इसकी जानकारी लोगों को दी है। उन्होंने कहा कि दातागंज क्षेत्र में विधानसभा और लोकसभा चुनाव में हार का कारण स्थानीय नेतृत्व का जनता से जुड़ाव कम रहना था।
विज्ञापन


पूर्व विधायक प्रेमपाल सिंह यादव ने कहा कि कार्यकर्ता पार्टी की रीढ़ है। उन्हेें पूरा सम्मान मिलना चाहिए। विधानसभा अध्यक्ष इंद्रपाल सिंह एडवोकेट ने कहा कि हमारी पार्टी कार्य तो करती है, लेकिन हम प्रचार-प्रसार में पिछड़ जाते हैं। इसकी जिम्मेदारी कार्यकर्ता स्वयं संभाले।
विज्ञापन
विज्ञापन


सम्मेलन को सुरेश पाल सिंह चौहान, चंद्रपाल एडवोकेट, सतीश यादव, ब्रजकिशोर यादव, बबलू, कल्लू राम सक्सेना, दलवीर सिंह यादव, अवनीश यादव, आस मोहम्मद आदि ने भी संबोधित किया।

अफसर बोरिया बिस्तर बांध लें
जिलाध्यक्ष बनवाली सिंह यादव ने अधिकारियों को भी सचेत करते हुए कार्यकर्ताओं की अनदेखी न करने की नसीहत दी। उन्होंने क्षेत्र के कोतवाल का नाम लेकर उन पर कटाक्ष किया। साथ ही चेतावनी दी कि लापरवाह अधिकारी जल्द अपना बोरिया-बिस्तर बांध लें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed