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अव्यवस्थाएं दिखीं, कम संख्या में पहुंचे परीक्षक
बदायूं, ब्यूरो
Updated Wed, 30 Mar 2016 11:57 PM IST
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यूपी बोडऱ्र्ड
- फोटो : अमर उजाला
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बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का तीन केंद्रों पर मूल्यांकन शुरू
आज से तेजी पकड़ेगा मूल्यांकन कार्य, दस दिन तक जांची जाएंगी कापियां
यूपी बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन शहर के तीन कालेजों में बुधवार से शुरू हो गया। पहले दिन तीनों केंद्रों पर काफी कम संख्या में परीक्षक पहुंचे, जिसके चलते पहले दिन औपचारिकताएं ही मूल्यांकन की निभाई गईं। केंद्रों पर अव्यवस्थाएं हाबी रहीं। तीनों केंद्रों पर चार लाख 57 हजार से अधिक उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन होगा। दो केंद्रों पर हाईस्कूल और एक केंद्र पर इंटरमीडिएट की कापियां जांची जा रहीं हैं।
21 मार्च को यूपी बोर्ड की परीक्षाएं खत्म हुईं थीं। नया शैक्षिक सत्र समय से शुरू हो इसके लिए प्रदेश में आज से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शुरू किया गया है। राजकीय इंटर कालेज में इंटरमीडिएट और श्रीकृष्ण इंटर कालेज व इस्लामियां इंटर कालेज में हाईस्कूल की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हो रहा है। पहले दिन इन केंद्रों पर नाममात्र को ही परीक्षक पहुंचे। मुख्य नियंत्रक एवं जिला विद्यालय निरीक्षक वीना यादव ने बताया कि एसके इंटर कालेज में डेढ़ लाख, इस्लामियां इंटर कालेज में एक लाख तीस हजार और राजकीय इंटर कालेज में दो लाख 40 हजार उत्तर पुस्तिकाएं जांची जाएंगीं। यहीं पर मुख्य कोठार बनाया गया है। डीआईओएस ने कहा कि पहले दिन कम संख्या में परीक्षकों के आने की उन्हें सूचना मिली है। यदि गुरुवार तक सभी परीक्षक समय से नहीं पहुंचे तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। कहा कि निर्धारित दस दिनों के अंदर मूल्यांकन कार्य पूरा होना है इसलिए किसी तरह की लापरवाही सहन नहीं की जाएगी। उन्होंने तीनों केंद्र व्यवस्थापकों से रोजाना परीक्षकों की सूचना देने के निर्देश दिए हैं।
जमीन पर पड़े हैं हल पेपर
बदायूं। बोर्ड परीक्षाओं का मूल्यांकन करने वाले परीक्षकों की सुविधा को हल प्रश्नपत्र की प्रति भी दी जाती है। पहले दिन देखा गया कि राजकीय इंटर कालेज में हल पेपर की प्रतियां जमीन पर पड़ीं थीं। संबंधित विषय का परीक्षक खुद ही हल पेपर की प्रति खोज रहे थे। इससे परीक्षकों को दिक्कतें भी उठानी पड़ीं।
आज से तेजी पकड़ेगा मूल्यांकन कार्य, दस दिन तक जांची जाएंगी कापियां
यूपी बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन शहर के तीन कालेजों में बुधवार से शुरू हो गया। पहले दिन तीनों केंद्रों पर काफी कम संख्या में परीक्षक पहुंचे, जिसके चलते पहले दिन औपचारिकताएं ही मूल्यांकन की निभाई गईं। केंद्रों पर अव्यवस्थाएं हाबी रहीं। तीनों केंद्रों पर चार लाख 57 हजार से अधिक उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन होगा। दो केंद्रों पर हाईस्कूल और एक केंद्र पर इंटरमीडिएट की कापियां जांची जा रहीं हैं।
21 मार्च को यूपी बोर्ड की परीक्षाएं खत्म हुईं थीं। नया शैक्षिक सत्र समय से शुरू हो इसके लिए प्रदेश में आज से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शुरू किया गया है। राजकीय इंटर कालेज में इंटरमीडिएट और श्रीकृष्ण इंटर कालेज व इस्लामियां इंटर कालेज में हाईस्कूल की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हो रहा है। पहले दिन इन केंद्रों पर नाममात्र को ही परीक्षक पहुंचे। मुख्य नियंत्रक एवं जिला विद्यालय निरीक्षक वीना यादव ने बताया कि एसके इंटर कालेज में डेढ़ लाख, इस्लामियां इंटर कालेज में एक लाख तीस हजार और राजकीय इंटर कालेज में दो लाख 40 हजार उत्तर पुस्तिकाएं जांची जाएंगीं। यहीं पर मुख्य कोठार बनाया गया है। डीआईओएस ने कहा कि पहले दिन कम संख्या में परीक्षकों के आने की उन्हें सूचना मिली है। यदि गुरुवार तक सभी परीक्षक समय से नहीं पहुंचे तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। कहा कि निर्धारित दस दिनों के अंदर मूल्यांकन कार्य पूरा होना है इसलिए किसी तरह की लापरवाही सहन नहीं की जाएगी। उन्होंने तीनों केंद्र व्यवस्थापकों से रोजाना परीक्षकों की सूचना देने के निर्देश दिए हैं।
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जमीन पर पड़े हैं हल पेपर
बदायूं। बोर्ड परीक्षाओं का मूल्यांकन करने वाले परीक्षकों की सुविधा को हल प्रश्नपत्र की प्रति भी दी जाती है। पहले दिन देखा गया कि राजकीय इंटर कालेज में हल पेपर की प्रतियां जमीन पर पड़ीं थीं। संबंधित विषय का परीक्षक खुद ही हल पेपर की प्रति खोज रहे थे। इससे परीक्षकों को दिक्कतें भी उठानी पड़ीं।
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