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Budaun News: नोटिस का जवाब नहीं दे रहे नर्सिंग होम संचालक
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उझानी। संचालकों की योग्यता और पंजीकरण पर शक के बीच डेढ़ महीने पहले भेजे गए नोटिस का जवाब देने अभी तक किसी भी नर्सिंग होम और क्लीनिक का संचालक स्वास्थ्य विभाग में नहीं पहुंचा है।
पिछले साल मुजरिया समेत कस्बे के प्रसव केंद्र पर मौत के मामले भी सामने आए तो स्वास्थ्य विभाग सजग हुआ। चिकित्साधीक्षक राजकुमार गंगवार ने बताया कि करीब दो महीने पहले छतुइया में संचालित निजी क्लीनिक और प्रसव केंद्र के दो संचालकों को नोटिस देकर उनसे पंजीकरण और संचालक के शैक्षिक अभिलेख प्रस्तुत करने का नोटिस दिया गया था। उसी दौरान दो-तीन क्लीनिक पर अभिलेख भी चेक किए गए थे। चिकित्साधीक्षक गंगवार ने बताया कि शिकायत आने पर जिन दो संचालकों को नोटिस दिया गया था, उन्होंने कई दिन भी अस्पताल आकर नोटिस का जवाब देना उचित नहीं समझा है।
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नाम बदलकर फिर खोला निजी अस्पताल
- करीब डेढ़ साल पहले एक निजी अस्पताल में आशा कार्यकत्रियों को गिफ्ट बांटे जाने का मामला चर्चा में आया था। जांच में निजी अस्पताल का पंजीकरण भी नहीं निकला था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल सील कर दिया था। बताते हैं कि उसी स्थान पर अब दूसरे नाम से नया निजी अस्पताल चल रहा है।ं
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पिछले साल मुजरिया समेत कस्बे के प्रसव केंद्र पर मौत के मामले भी सामने आए तो स्वास्थ्य विभाग सजग हुआ। चिकित्साधीक्षक राजकुमार गंगवार ने बताया कि करीब दो महीने पहले छतुइया में संचालित निजी क्लीनिक और प्रसव केंद्र के दो संचालकों को नोटिस देकर उनसे पंजीकरण और संचालक के शैक्षिक अभिलेख प्रस्तुत करने का नोटिस दिया गया था। उसी दौरान दो-तीन क्लीनिक पर अभिलेख भी चेक किए गए थे। चिकित्साधीक्षक गंगवार ने बताया कि शिकायत आने पर जिन दो संचालकों को नोटिस दिया गया था, उन्होंने कई दिन भी अस्पताल आकर नोटिस का जवाब देना उचित नहीं समझा है।
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नाम बदलकर फिर खोला निजी अस्पताल
- करीब डेढ़ साल पहले एक निजी अस्पताल में आशा कार्यकत्रियों को गिफ्ट बांटे जाने का मामला चर्चा में आया था। जांच में निजी अस्पताल का पंजीकरण भी नहीं निकला था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल सील कर दिया था। बताते हैं कि उसी स्थान पर अब दूसरे नाम से नया निजी अस्पताल चल रहा है।ं
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