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Budaun News: कोल्ड चेन प्रभारी की लापरवाही उजागर, शाॅर्ट सर्किट से ही लगी थी आग
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बदायूं। कादरचौक सीएचसी के कोल्ड चेन रूम में लगी आग की जांच पूरी हो गई है। दो सदस्यीय टीम ने शुक्रवार को जांच रिपोर्ट सीएमओ डॉ. अब्दुल सलाम को सौंपी। आग को शॉर्ट सर्किट से होना पाया गया है। वहीं, कोल्ड चेन रूम प्रभारी उमेश कुमारी की लापरवाही सामने आई है।
जांच अधिकारियों की जांच में बताया गया है कि आग लगने का कारण शार्ट सर्किट ही सामने आया है। कोल्ड चेन रूम की निगरानी टीम ने भी अपना पक्ष रखा है। बताया है कि कोल्ड चेन रूम में किसी प्रकार की कमी नहीं थी। कमी होने पर ऑनलाइन ही पता लग जाती है। लगातार इसकी निगरानी की जा रही थी।
कोल्ड चेन की प्रभारी उमेश कुमारी की जिम्मेदारी यह थी कि हर रोज रूम को चेक करने के बाद ही बंद करें। लापरवाही रही कि 7 बजे कमरे को बंद किया गया और 7.30 बजे आग की लपटें कोल्ड चेन रूम में उठ रहीं थीं। इससे सिद्ध होता है कि ताला लगाने से पहले ठीक से रूम को देखा ही नही किया। अगर किया होता तो शार्ट सर्किट होता दिख जाता। इसी बजह से आग लग गई और 40 लाख का नुकसान विभाग को झेलना पड़ा।
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यह था मामला
कादरचौक के सीएचसी के कोल्डचेन रूम में 16 मई की शाम करीब 7:30 बजे शॉर्ट सर्किट से अचानक आग लग गई। आग की लपटें उठती देख तीमारदारों और कर्मचारियों में भगदड़ मच गई। जैसे-तैसे मरीजों को बाहर निकाला गया था। वहीं, दमकल डेढ़ घंटे बाद पहुंची थी। इस हादसे में 40 लाख का नुकसान हुआ था।
कोल्ड चेन प्रभारी की जिम्मेदारी थी कि रूम को ठीक से चेक कर बंद और खोलें, लेकिन कर्मचारी द्वारा लापरवाही की गई और बिना चैक किए ही कमरे को बंद कर दिया गया। रिपोर्ट मिली है इसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। कोल्ड चेन प्रभारी को पहले दिन ही निलंबित कर दिया था। आग शाॅर्ट सर्किट से होना सामने आया है।-डॉ. अब्दुल सलाम, सीएमओ बदायूं
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जांच अधिकारियों की जांच में बताया गया है कि आग लगने का कारण शार्ट सर्किट ही सामने आया है। कोल्ड चेन रूम की निगरानी टीम ने भी अपना पक्ष रखा है। बताया है कि कोल्ड चेन रूम में किसी प्रकार की कमी नहीं थी। कमी होने पर ऑनलाइन ही पता लग जाती है। लगातार इसकी निगरानी की जा रही थी।
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कोल्ड चेन की प्रभारी उमेश कुमारी की जिम्मेदारी यह थी कि हर रोज रूम को चेक करने के बाद ही बंद करें। लापरवाही रही कि 7 बजे कमरे को बंद किया गया और 7.30 बजे आग की लपटें कोल्ड चेन रूम में उठ रहीं थीं। इससे सिद्ध होता है कि ताला लगाने से पहले ठीक से रूम को देखा ही नही किया। अगर किया होता तो शार्ट सर्किट होता दिख जाता। इसी बजह से आग लग गई और 40 लाख का नुकसान विभाग को झेलना पड़ा।
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यह था मामला
कादरचौक के सीएचसी के कोल्डचेन रूम में 16 मई की शाम करीब 7:30 बजे शॉर्ट सर्किट से अचानक आग लग गई। आग की लपटें उठती देख तीमारदारों और कर्मचारियों में भगदड़ मच गई। जैसे-तैसे मरीजों को बाहर निकाला गया था। वहीं, दमकल डेढ़ घंटे बाद पहुंची थी। इस हादसे में 40 लाख का नुकसान हुआ था।
कोल्ड चेन प्रभारी की जिम्मेदारी थी कि रूम को ठीक से चेक कर बंद और खोलें, लेकिन कर्मचारी द्वारा लापरवाही की गई और बिना चैक किए ही कमरे को बंद कर दिया गया। रिपोर्ट मिली है इसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। कोल्ड चेन प्रभारी को पहले दिन ही निलंबित कर दिया था। आग शाॅर्ट सर्किट से होना सामने आया है।-डॉ. अब्दुल सलाम, सीएमओ बदायूं