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कोहरे ने धीमी की जनजीवन की रफ्तार
ब्यूरो/बदायूं
Updated Fri, 16 Dec 2016 11:35 PM IST
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कोहरे ने धीमी की जनजीवन की रफ्तार
कोहरा के साथ गलन होने से लोगों को सर्दी का एहसास रोजाना की अपेक्षा शुक्रवार को ज्यादा हुआ। इससे आम जनमानस परेशान नजर आया। वहीं, समाज के तमाम लोग सर्दी के एहसास को ताक पर रखकर अपने कार्यों में व्यस्त रहते हैं। ऐसी सर्दी में भी मछली पालने करने वाले मछुआरे सागर ताल में ठंडे पानी से मछलियों को पकड़ते नजर आए। वहीं, छात्र-छात्राएं खुद को गर्म कपड़ों से कवर करके स्कूलों में जाते नजर आए।
शुक्रवार को सुबह करीब चार बजे से ही कोहरे की चादर छाने से सड़कों पर वाहन चलाने में लोगों को खासी दिक्कत का सामना करना पड़ा। सर्दी को देखते हुए लोग रोजाना की अपेक्षा देरी से घरों से निकले। सूर्यदेव के दर्शन होने के बाद लोगों को सर्दी से काफी राहत मिली। दिन में सरकारी कार्यालयों से लेकर निजी दफ्तरों में चाय, कॉफी और पकौड़ी के दौर चले। शाम ढलने के बाद से गलन और कोहरे के साथ सर्दी ने सितम ढाना शुरू कर दिया। कोहरे का प्रकोप बढ़ने की वजह से वाहनों की रफ्तार थमी नजर आई।
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शुक्रवार को सुबह करीब चार बजे से ही कोहरे की चादर छाने से सड़कों पर वाहन चलाने में लोगों को खासी दिक्कत का सामना करना पड़ा। सर्दी को देखते हुए लोग रोजाना की अपेक्षा देरी से घरों से निकले। सूर्यदेव के दर्शन होने के बाद लोगों को सर्दी से काफी राहत मिली। दिन में सरकारी कार्यालयों से लेकर निजी दफ्तरों में चाय, कॉफी और पकौड़ी के दौर चले। शाम ढलने के बाद से गलन और कोहरे के साथ सर्दी ने सितम ढाना शुरू कर दिया। कोहरे का प्रकोप बढ़ने की वजह से वाहनों की रफ्तार थमी नजर आई।
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