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Budaun News: शहर से लेकर देहात तक कहीं बिजली कटौती तो कहीं ओवरलोडिंग की मार

Tue, 23 May 2023 12:01 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 23 May 2023 12:01 AM IST
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From the city to the countryside, there is a power cut and somewhere overloading
बिजली कटौती को लेकर प्रदर्शन करते बांस बरोलिया के किसान। संवाद
- ट्रिपिंग से फुंक रहे उपकरण, फाल्ट होने पर कई घंटों तक नहीं होती है मरम्मत, पावर कॉरपोरेशन के खिलाफ दिखने लगा गुस्सा
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संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। गर्मी बढ़ते ही बिजली की खपत बढ़ने से ट्रांसफार्मर और विद्युत उपकेंद्र ओवरलोडिंग की मार झेल रहे हैं। इस वजह से लो वोल्टेज और ट्रिपिंग की समस्या भी बढ़ गई है। शहर से लेकर देहात तक लोग अब बिजली कटौती की मार झेलते हुए पावर कॉरपोरेशन के प्रति आक्रोशित हैं। यहां बता दें कि शहर में 24 घंटे बिजली सप्लाई का शेड्यूल है, जहां तीन से चार घंटे की कटौती कई क्षेत्रों में की जा रही है। देहात क्षेत्र में भी यही हाल है इस वजह से बिजली कटौती की शिकायतें भी बढ़ गईं हैं।
बिल्सी। नगर में पिछले एक माह से विद्युत कटौती की समस्या से लोग परेशान हैं। भीषण गर्मी में बिजली कटौती की वजह से रात-रात भर लोग जागते रहते हैं। नगर के दीपक माहेश्वरी, कमलेश शर्मा, गौरव श्रीवास्तव, राघव गुप्ता ने बताया कि यहां बिजली सप्लाई महज दस से 11 घंटे ही हो रही है।
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ककराला में सूखी फसल हाथों में लेकर उपकेंद्र पर पहुंचे लोग, किया प्रदर्शन
ककराला। कस्बे से लेकर देहात क्षेत्र में यहां बिजली कटौती से लोग परेशान हैं। लो वोल्टेज की वजह से घरों में विद्युत उपकरण नहीं चल पा रहे हैं तो देहात क्षेत्र में कटौती की वजह से किसानों की फसलों की सिंचाई नहीं हो पा रही है।
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सोमवार को सूखी फसल हाथों में लेकर बड़ी संख्या में लोग उपकेंद्र पर पहुंचे और प्रदर्शन किया। लोगों ने बताया कि पिछले दस दिनों से बिजली कटौती की जा रही है। इस वजह से वह काफी परेशान हैं। उरौलिया फीडर से महज दो घंटे ही सप्लाई दी जा रही है। यहां प्रदर्शन करने के बाद लोगों ने पावर कॉरपोरेशन के अधिकारियों को संबोधित ज्ञापन सौंपा। इस दौरान इब्ने अली खान, सुरेश, सदाकत, रिफाकत, आरिफ, सुरेश, अशोक, आमिर, दिलीप आदि मौजूद रहे। संवाद

फोटो---
14 दिन से बिजली की समस्या से जूझ रहे दबतोरी के लोग
दबतोरी। क्षेत्र में दो सप्ताह से विद्युत सप्लाई बिगड़ी हुई है। यहां 14 दिन पहले आसफपुर विद्युत उपकेंद्र पर बड़ा ट्रांसफार्मर फुंक गया था। इस वजह से दबतोरी, करेंगी क्षेत्र के लोगों को यहां विद्युत कटौती का सामना करना पड़ रहा है। विद्युत कटौती की वजह से घरों में विद्युत उपकरण ठप पड़े हैं तो ट्यूबवेल बंद होने की वजह से फसलों की सिंचाई भी नहीं हो पा रही है। क्षेत्र में 18 घंटे के बजाए पांच से छह घंटे ही सप्लाई मिल पा रही है। संवाद






बिल्सी में सिंचाई के अभाव में सूख रही मक्का
बिल्सी। तहसील क्षेत्र के गांव बांस बरोलिया के किसानों ने सोमवार को तहसील कार्यालय पहुंचकर पावर कॉरपोरेशन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। किसानों का कहना है कि इन दिनों खेतों में मक्का की फसल खड़ी है, जो सिंचाई के अभाव सूख रही है। किसानों को रोजाना चार-पांच घंटे ही बिजली मिल रही है। इससे आक्रोशित होकर गांव के किसानों ने विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। नरेश चंद्र, रामरतन, वीरेंद्र कुमार, सोनू, मनवीर सिंह, पुष्पेंद्र सिंह, नेत्रपाल सिंह, रामेश्वर दयाल, महेंद्र सिंह, बंटी आदि किसान मौजूद रहे। संवाद


रहेड़िया और नौली हरनाथपुर फीडर से छह-छह घंटे कटौती
बिसौली। क्षेत्र में दिसौलीगंज विद्युत उपकेंद्र से जुड़े रहेड़िया और नौली हरनाथपुर फीडर से दो दर्जन गांवों को सप्लाई जाती है। इन गांवों में 18 घंटे के बजाए महज दस से 12 घंटे ही सप्लाई मिल पा रही है। वह सभी बीच-बीच में ट्रिपिंग और लो वोल्टेज की समस्या बनी हुई है।

सिलहरी और इस्लामनगर में छह से सात घंटे की कटौती
सिलहरी/इस्लामनगर। सिलहरी क्षेत्र के कुरऊ फीडर से जुड़े गांवों को 18 घंटे में महज दस से 12 घंटे ही सप्लाई मिल पा रही है। इससे किसानों की फसलों की सिंचाई नहीं हो पा रही है। सिंचाई न होने की वजह से फसलें सूख रही हैं। ऐसा ही हाल इस्लामनगर कस्बे का है। इस्लामनगर में भी महज छह से आठ घंटे ही सप्लाई मिल पा रही है। रात को कई बार ट्रिपिंग होती है तो दिन में भी लो वोल्टेज और बिजली कटौती की समस्या बनी हुई है। इधर, कादरचौक क्षेत्र के असरासी विद्युत उपकेंद्र पर ओवरलोडिंग की वजह से लो वोल्टेज की समस्या बनी रहती है। यहां पर 12 घंटे ही सप्लाई मिल पा रही है।

यह है विद्युत आपूर्ति का शेड्यूल
- शहर में सप्लाई - 24 घंटा
- कस्बों में सप्लाई-21 घंटा
- देहात में सप्लाई- 18 घंटा
- कृषि क्षेत्र में सप्लाई-10 घंटा

गर्मी बढ़ने पर बिजली की खपत बढ़ती है तो ओवरलोड विद्युत उपकेंद्र और ट्रांसफार्मरों पर भार बढ़ जाता है। इस वजह से कुछ स्थानों पर समस्याएं आती हैं। अब रिवैंप योजना के तहत विद्युत उपकेंद्रों से लेकर ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाई जा रही है तो जर्जर लाइनों को बदलने का भी कार्य शुरू किया जा रहा है। जल्द ही यह समस्या खत्म हो जाएगी।
- हरीश कुमार, अधिशासी अभियंता, पावर कॉरपोरेशन प्रथम खंड




बिजली कटौती की मार.. सूखने लगीं सब्जियां, चपेट में पैदावार

- मौसमी सब्जियों में लौकी, तोरई, करेला और कद्दू ज्यादा प्रभावित
संवाद न्यूज एजेंसी

बदायूं। पिछले कई दिनों से बिजली कटौती ने मौसमी सब्जियों को चपेट में लेना शुरू कर दिया है। एक तो बारिश नहीं हो रही है, फिर कटौती की वजह से समय रहते सिचाई नहीं हो पा रही। सब्जी फसलों में कद्दू, लौकी, तोरई और करेला आदि सूखने के कगार पर हैं। इसका सीधा असर पैदावार पर पड़ने लगा है।

जिले में सिंचाई के संसाधनों में निजी नलकूपों की अहम भूमिका रहती है। किसानों के पास हालांकि डीजल इंजन और पंपसेट विकल्प के रूप में हैं, लेकिन इंजन और पंपसेट का इस्तेमाल करने पर किसानों को डीजल के रूप में सर्वाधिक खर्चा उठाना पड़ता है। किसान बताते हैं कि इन दिनों सब्जी की अच्छी पैदावार के लिए प्रत्येक सप्ताह सिंचाई करनी पड़ती है। बिजली कटौती की वजह से सिंचाई समय रहते नहीं हो पा रही है। तरबूज, खरबूज, ककड़ी, कद्दू, तोराई समेत अन्य फसलें, जिनमें सिंचाई की ज्यादा जरूरत पड़ती है, वह सूखने लगी हैं।

उझानी, बिल्सी, बिसौली समेत अन्य कुछ क्षेत्रों में भी मौसमी सब्जियों की खेती होती है। कटरी में कद्दू वर्गीय सब्जियों में सिंचाई की ज्यादा आवश्यकता नहीं होती, लेकिन कटरी में इस बार सब्जियों की रकबा काफी कम है। बिजली कटौती इस बार कोई पहली बार नहीं, बल्कि कई साल से इन्हीं दिनों में ज्यादा होती है। कटौती की यही स्थिति रही तो आने वाले दिनों में सब्जियों की वजह से लोगों को महंगाई की मार का भी सामना करना पड़ेगा।


इस मौसम में पानी की फसलों को ज्यादा जरूरत है। अगर पानी समय पर नहीं मिला तो फसल मुरझा सकती है। ऐसे में इन दिनों ग्रामीणों को बिजली निर्धारित शेड्यूल पर चाहिए, अन्यथा की स्थिति में किसान को डीजल पंपसेट या सोलर पंपसेट का सहारा लेना पड़ेगा।

- डीके सिंह, जिला कृषि अधिकारी

बिजली कटौती को लेकर प्रदर्शन करते बांस बरोलिया के किसान। संवाद

बिजली कटौती को लेकर प्रदर्शन करते बांस बरोलिया के किसान। संवाद

बिजली कटौती को लेकर प्रदर्शन करते बांस बरोलिया के किसान। संवाद

बिजली कटौती को लेकर प्रदर्शन करते बांस बरोलिया के किसान। संवाद

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