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Budaun News: फाॅल्ट और ट्रिपिंग से चार लाख लोग बिजली और पानी को तरसे
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बिजली गुल होने से एसी और पंखा नहीं चले तो दोपहर के समय गर्मी से बेहाल शहर के मोहल्ला मधुवन कॉलो
बदायूं। अधिकारियों की तमाम बैठकों के बावजूद समस्या जस की तस ही रही। गर्मी शुरू होने से पहले ही फॉल्ट और ट्रिपिंग को रोकने के लिए बैठकें की गईं, लेकिन नतीजा शून्य ही निकला। रविवार को जिले के करीब चार लाख लोग बिजली आपूर्ति के लिए तरसे।
हाईटेंशन लाइन का तार टूट जाने से शहर के कार्यशाला विद्युत सब स्टेशन पर रविवार को सुबह दस बजे से बिजली आपूर्ति ठप हो गई। तार जोड़कर आपूर्ति बहाल करने में तीन घंटे से ज्यादा समय लग गया। इस दौरान तीन फीडरों के 60 हजार लोग गर्मी में बिजली और पानी के लिए तरस गए।
रविवार को छुट्टी का दिन पूरा खराब हो गया। कपड़े धोने के लिए वाशिंग मशीन नहीं चली। फ्रिज न चलने से ठंडा पानी नहीं मिल सका। एसी और कूलर बंद हो गए तो पसीना सुखाने के लिए हाथ के पंखे का सहारा लेना पड़ा। मधुबन कॉलोनी निवासी गृहणी बबिता ने बताया कि उनके घर में 10 बजे से बिजली नहीं है। दोपहर 12 बजे इनवर्टर डाउन हो गया है। बच्चों की तबीयत खराब होने लगी तो हाथ के पंखे से कुछ राहत पाई। नहाने को पानी नहीं मिल सका।
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अधीक्षण अभियंता अखिलेश कुमार का कहना है कि तापमान बढ़ने से बिजली की खपत बढ़ी है। अगर कहीं फाॅल्ट होता है तो उसे तत्काल ठीक कराया जा रहा है। कुछ काम हुए हैं और जो काम रह गए हैं उन्हें जल्द से जल्द पूरा कराने के लिए कार्यदायी संस्थाओं के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है। बेहतर आपूर्ति शेड्यूल के मुताबिक ही देने का प्रयास किया जा रहा है।
शहर में यह हाल रहा
1-शहर के रोजा फीडर पर शनिवार की शाम छह बजे 250 केवीए का ट्रांसफार्मर फुंक गया। रात में एक बजे आपूर्ति बहाल हुई। ऐसे में एक हजार से अधिक लोग अंधेरे में रहे। गर्मी में हाल बेहाल था। जब तक बिजली नहीं आयी, तब तक तमाम लोग घरों के बाहर बैठे नजर आए।
2-केंद्रीय विद्यालय फीडर पर शनिवार रात नौ बजे जब लोग सोने की तैयारी में थे, तभी बिजली गुल हो गई। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के अभियंताओं से शिकायत की तो 9.30 बजे से बिजलीकर्मी पहुंचे। देखा एबीसी केबल जल गया है। केबिल बदल कर आपूर्ति सुचारू करने में रात के 12 बजे गए। इस दौरान पांच सौ परिवारों की नींद उड़ गई।
3-शहर के जामा मस्जिद फीडर के कुछ हिस्सों में एक घंटे तक आपूर्ति प्रभावित रही। लोगों को नींद के लिए बिजली का इंतजार करना पड़ा। अभियंता ने बताया कि फाल्ट की वजह से आपूर्ति बाधित हुई थी। इसे तत्काल ठीक कराया गया।
कादरचौक में रही साढ़े तीन घंटे बिजली गुल
कादरचौक। कस्बे की 10 हजार आबादी को रविवार के दिन साढ़े तीन घंटे बिजली कटौती झेलनी पड़ी। बीस एमवीए का ट्रांसफार्मर होना चाहिए पर दस एमवीए की ही क्षमता है। असरासी सब स्टेशन के रमजानपुर और खिरिया बाकरपुर फीडर पर 18 घंटे के शेड्यूल से बिजली आपूर्ति नहीं दी जा रही है। ऐसे में लोगों को सिर्फ दस से बारह घंटे ही आपूर्ति मिल पा रही है। इससे 25 गांवों की 15 हजार आबादी गर्मी में उबल रही है। अभियंता ओवरलोडिंग की बात कहकर पल्ला झाड़ रहे हैं। संवाद
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हाईटेंशन लाइन का तार टूट जाने से शहर के कार्यशाला विद्युत सब स्टेशन पर रविवार को सुबह दस बजे से बिजली आपूर्ति ठप हो गई। तार जोड़कर आपूर्ति बहाल करने में तीन घंटे से ज्यादा समय लग गया। इस दौरान तीन फीडरों के 60 हजार लोग गर्मी में बिजली और पानी के लिए तरस गए।
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रविवार को छुट्टी का दिन पूरा खराब हो गया। कपड़े धोने के लिए वाशिंग मशीन नहीं चली। फ्रिज न चलने से ठंडा पानी नहीं मिल सका। एसी और कूलर बंद हो गए तो पसीना सुखाने के लिए हाथ के पंखे का सहारा लेना पड़ा। मधुबन कॉलोनी निवासी गृहणी बबिता ने बताया कि उनके घर में 10 बजे से बिजली नहीं है। दोपहर 12 बजे इनवर्टर डाउन हो गया है। बच्चों की तबीयत खराब होने लगी तो हाथ के पंखे से कुछ राहत पाई। नहाने को पानी नहीं मिल सका।
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अधीक्षण अभियंता अखिलेश कुमार का कहना है कि तापमान बढ़ने से बिजली की खपत बढ़ी है। अगर कहीं फाॅल्ट होता है तो उसे तत्काल ठीक कराया जा रहा है। कुछ काम हुए हैं और जो काम रह गए हैं उन्हें जल्द से जल्द पूरा कराने के लिए कार्यदायी संस्थाओं के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है। बेहतर आपूर्ति शेड्यूल के मुताबिक ही देने का प्रयास किया जा रहा है।
शहर में यह हाल रहा
1-शहर के रोजा फीडर पर शनिवार की शाम छह बजे 250 केवीए का ट्रांसफार्मर फुंक गया। रात में एक बजे आपूर्ति बहाल हुई। ऐसे में एक हजार से अधिक लोग अंधेरे में रहे। गर्मी में हाल बेहाल था। जब तक बिजली नहीं आयी, तब तक तमाम लोग घरों के बाहर बैठे नजर आए।
2-केंद्रीय विद्यालय फीडर पर शनिवार रात नौ बजे जब लोग सोने की तैयारी में थे, तभी बिजली गुल हो गई। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के अभियंताओं से शिकायत की तो 9.30 बजे से बिजलीकर्मी पहुंचे। देखा एबीसी केबल जल गया है। केबिल बदल कर आपूर्ति सुचारू करने में रात के 12 बजे गए। इस दौरान पांच सौ परिवारों की नींद उड़ गई।
3-शहर के जामा मस्जिद फीडर के कुछ हिस्सों में एक घंटे तक आपूर्ति प्रभावित रही। लोगों को नींद के लिए बिजली का इंतजार करना पड़ा। अभियंता ने बताया कि फाल्ट की वजह से आपूर्ति बाधित हुई थी। इसे तत्काल ठीक कराया गया।
कादरचौक में रही साढ़े तीन घंटे बिजली गुल
कादरचौक। कस्बे की 10 हजार आबादी को रविवार के दिन साढ़े तीन घंटे बिजली कटौती झेलनी पड़ी। बीस एमवीए का ट्रांसफार्मर होना चाहिए पर दस एमवीए की ही क्षमता है। असरासी सब स्टेशन के रमजानपुर और खिरिया बाकरपुर फीडर पर 18 घंटे के शेड्यूल से बिजली आपूर्ति नहीं दी जा रही है। ऐसे में लोगों को सिर्फ दस से बारह घंटे ही आपूर्ति मिल पा रही है। इससे 25 गांवों की 15 हजार आबादी गर्मी में उबल रही है। अभियंता ओवरलोडिंग की बात कहकर पल्ला झाड़ रहे हैं। संवाद