Budaun News: कबाड़ के गोदाम में लगी आग, सिलिंडर फटने से फैली दहशत, चार लोग झुलसे
बदायूं में छोटी सराय स्थित कबाड़ बाजार में सोमवार सुबह आग लगने से हड़कंप मच गया। सिलिंडर फटने से धमाका हुआ, जिससे दहशत फैल गई। घटना में चार लोग झुलस गए, जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
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शहर के कबाड़ बाजार में सोमवार की सुबह करीब दस बजे धमाके के साथ एक दुकान में भीषण आग लग गई। इस हादसे में चार लोग गंभीर रूप से झुलस गए, इनमें दो की हालत गंभीर बनी हुई है। सभी का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। आग शॉर्ट सर्किट से लगना बताया जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि एक सिलिंडर भी फट गया, जिससे हादसा हुआ है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।
सदर कोतवाली क्षेत्र के छोटी सराय स्थित कबाड़ बाजार में हादसा सोमवार की सुबह हुआ। यहां राशिद की कबाड़ की दुकान है। आग लगने की भनक तब लगी कि जब अचानक एक तेज धमाका हुआ और इसके बाद लपटें उठने लगीं। बताया जाता है कि वहां कबाड़ काटने में प्रयोग किया जाने वाला ऑक्सीजन सिलिंडर रखा था। शॉर्ट सर्किट से आग लगने के बाद सिलिंडर तक आग पहुंची तो धमाका हो गया। आसपास के दुकानदार भी मौके पर पहुंचे और निजी संसाधनों से बमुश्किल आग पर काबू पाया गया। हालांकि तब तक वहां मौजूद अब्दुल हाफीज, मेहरबान, शफीक निवासी मोहल्ला कबूलपुरा झुलस गए। राशिद भी आग से झुलस गए।
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झुलसे लोगों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आग से करीब चार लाख रुपये का नुकसान होने का अनुमान लगाया जा रहा है। दुकानदार ने न तो पुलिस को सूचना दी और न ही दमकल विभाग को मौके पर बुलाने की कोशिश की गई। यह तो गनीमत रही कि समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। क्योंकि जहां आग की घटना हुई वहां तमाम घर बने हुए हैं। दमकल की गाड़ी तक वहां नहीं पहुंच सकती। ऐसे में लोगों ने खुद ही आग पर काबू पाया।
कोई दुकानदार बोलने को तैयार नहीं
इस हादसे के बाद पूरे कबाड़ बाजार ने चुप्पी साध ली है। यहां तकरीबन 20 से अधिक दुकानें हैं लेकिन एक भी दुकानदार हादसे की वजह बताने को राजी नहीं है। वहीं झुलसे हुए लोग भी केवल प्लास्टिक के सामान में आग लगने की बात कह रहे हैं। अनुमान शॉर्ट सर्किट से आग लगने का ही है। मामले की जानकारी पर पुलिस भी जिला अस्पताल पहुंची और घायलों का बयान दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
कबाड़ खरीदने व जमा करने का नहीं लाइसेंस
राशिद ने अपने घर के अंदर व बाहर ही कबाड़खाने की दुकान व गोदाम बना रखा था। यहां से हर चार से पांच दिन बाद गाड़ी में लादकर कबाड़ बाहर भी जाता रहा है। कबाड़ का काम करने को लाइसेंस लेना होता है। लेकिन राशिद ने लाइसेंस लेना उचित ही नहीं समझा। यही वजह है कि हादसे के बारे में कोई बताने को राजी नहीं है।
सदर कोतवाली के इंस्पेक्टर प्रवीण कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिली तो पुलिस को मौके पर भेजा गया लेकिन वहां कोई नहीं मिला। लोगों ने बताया कि घायल जिला अस्पताल में हैं। झुलसे हुए लोगों के बयान दर्ज किए गए हैं। मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।