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चकबंदी कर्मचारी की लूटपाट के बाद हत्या

Fri, 25 Sep 2015 12:33 AM IST
अमर उजाला, बदायूं
अमर उजाला, बदायूं Updated Fri, 25 Sep 2015 12:33 AM IST
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hatya
अलापुर थाने के गांव जगत निवासी जोगेंद्र सिंह यादव (36) पुत्र रामचंद्र चकबंदी विभाग में कर्मचारी थे। उनका भाई रूम सिंह यादव गांव का राशन कोटेदार है। गुरुवार रात आठ बजे जोगेंद्र सिंह अपने बेटे सुनील यादव (14) के साथ सखानूं से घर लौट रहे थे। बाइक सुनील चला रहा था। रात करीब आठ बजे सखानूं-जगत के बीच पुराने भट्ठे के पास नकाबपोश चार बदमाशों ने जोगेंद्र सिंह को घेर लिया। बकौल सुनील पहले बदमाशों ने लूटपाट की। बाद में उसके पिता को लाठियों से पीटा। जब वह जमीन पर गिर गए तो एक बदमाश ने गोली मार दी। परिवार वाले जोंगेद्र को लेकर जिला अस्पताल आए। यहां उनको मृत घोषित कर दिया गया।
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इधर, घटना से गुस्साए जगत के ग्रामीणों ने घटना स्थल के पास आगजनी की जिससे कई खेतों में फसलों को नुकसान पहुंचा। बदमाशों की तलाश में पुलिस देर रात तक कांबिंग करती रही, लेकिन कामयाबी नहीं मिली। जोगेंद्र के परिवार वालों ने किसी से रंजिश होने की बात से इंकार किया है।
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घटना गंभीर है। बदमाशों को जल्द ट्रेस कर लिया जाएगा। मामले में जांच चल रही है। कुछ क्लू भी मिले हैं। बदमाश पहले से घात लगाए बैठे थे।-सौमित्र यादव, एसएसपी
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लूटने के बाद मोबाइल मौके पर फेंक गए
बदायूं। चकबंदी कर्मचारी की हत्या की वारदात को जिस तरह से अंजाम दिया गया उससे साफ है कि बदमाशों को पहले से जोगेंद्र सिंह यादव के यहां से गुजरने के बारे में पता था। बदमाशों ने पहले तो पिता-पुत्र से लूटपाट की। बाद में जोगेंद्र सिंह यादव को गोली मार दी। भागते वक्त बदमाश जोगेंद्र का लूटा गया मोबाइल मौके पर फेंक गए। वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों की संख्या चार थी। दो के हाथों में लाठियां और दो के पास बंदूकें थीं। जोगेंद्र सिंह की बाइक रुकते ही एक बदमाश ने सबसे पहले चाबी निकाल कर फेंक दी। इसके बाद पिता-पुत्र को पीटने लगे। इतना तो साफ है कि बदमाशों का इरादा लूट का नहीं बल्कि कर्मी की हत्या करना था।

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जिला अस्पताल बन गया छावनी
बदायूं। जोगेंद्र सिंह यादव की मौत की खबर मिलते ही सैकड़ों लोग जिला अस्पताल पहुंच गए। यहां माहौल तनावपूर्ण हो गया। परिवार वाले गुस्से में थे। खबर मिलने पर एसएसपी सौमित्र यादव, एसपी सिटी अनिल यादव, सीओ सिटी आरएस धामा, इंस्पेक्टर कोतवाली मनोज कुमार यादव, एसओ सिविल लाइंस अजय यादव फोर्स के साथ कोतवाली पहुंच गए। एहतियातन यहां क्यूआरटी भी लगा दी गई। गहमा-गहमी के बीच जिला अस्पताल छावनी बना हुआ नजर आया।
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