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रंजिश को नजरअंदाज करती रही पुलिस
badaun
Updated Tue, 05 May 2015 11:31 PM IST
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खाकी का बेरहम चेहरा एक बार फिर उजागर हुआ है। प्रधानी और राशन कोटे की पुरानी रंजिश को बार-बार शिकायतें मिलने के बावजूद बिनावर पुलिस नजदअंदाज करती रही। खाकी की बेरहमी बलराम की हत्या का कारण बनी। बलराम की लाश मिलने के बाद भी पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंचना जरूरी नहीं समझा। दस किलोमीटर की दूरी एसओ बिनावर साढ़े तीन घंटे में पूरी कर सके। मौके पर पहुंचने के बाद पुलिस को बलराम के परिवार और गांव वालों का गुस्सा भी झेलना पड़ा। एसओ को गांव वालों ने काफी खरी-खरी सुनाई।
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प्रधानी के चुनाव और राशन कोटे की राजनीति को लेकर महेंद्र और उनके भाई राजकुमार की गांव में रंजिश चल रही थी। इन लोगों ने कई बार थाने में तहरीर देकर खुद और परिवार की जान को खतरे की आशंका भी जताई। फरवरी में भी महेंद्र का गांव में विवाद हुआ था। इसकी तहरीर भी थाने में दी गई, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई करना जरूरी नहीं समझी। बलराम के लापता होने की सूचना रात में ही एसओ बिनावर को दी गई। अनहोनी की आशंका भी जताई गई। मंगलवार सुबह बलराम का शव मिलने के बाद भी एसओ को सूचना दी गई, लेकिन वह नहीं पहुंचे। इसके बाद परिवार वालों ने सीधे एसएसपी सौमित्र यादव को फोन किया। एसएसपी ने जब एसओ बिनावर को हड़काया तब जाकर वह घटना स्थल के लिए थाने से निकले।
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सीओ ने कमान संभाली, शव उठवाया
बिनावर। पुलिस की कार्यप्रणाली से खफा बलराम के परिवार वालों ने शव नहीं उठने दिया। उनकी कई बार पुलिस ने नोकझोंक भी हुई। बाद में सीओ सिटी राजेंद्र सिंह धामा मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिवार और गांव वालों को भरोसे में लेकर शव उठवा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
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पुलिस सुनती तो न होती हत्या
बिनावर। बलराम ने 12 वीं कक्षा की परीक्षा दी थी। चार भाइयों में वह दूसरे नंबर का था। पढ़ाई के साथ काम में पिता का हाथ भी बंटाता था। उसकी हत्या के बाद परिवार बेसुध है। पिता राजकुमार का आरोप है कि अगर पुलिस उनकी शिकायतों पर कार्रवाई करती तो बलराम की हत्या न होती। फरवरी में भी बिनावर पुलिस को तहरीर दी गई थी।
पुलिस सोती रही, तलाश में जुटा रहा परिवार
बिनावर। बलराम के लापता होने की खबर रात में ही परिवार वालों ने पुलिस को दी थी। बावजूद इसके पुलिस ने उसकी तलाश नहीं की। पुलिस सोती रही और बलराम के परिवार वाले गांव के तमाम लोगों के साथ उसको तलाश करते रहे। गांव वालों का कहना है कि अगर पुलिस ने रात में ही कार्रवाई की होती तो बलराम की हत्या न होती।
मृतक के परिवार वालों ने चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है। बिनावर पुलिस को रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए गए हैं। मृतक का बिसरा प्रिजर्व किया गया है। उसे प्रयोगशाला भेजा जाएगा। अगर थाना स्तर पर कोई लापरवाही हुई है तो कार्रवाई होगी।-राजेंद्र सिंह धामा, सीओ सिटी