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सपा विधायक पर दर्ज मामले की विवेचना शुरू, पहले कर्मचारियों के दर्ज होंगे बयान
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बदायूं। बिसौली विद्युत उपकेंद्र में घुसकर एसएसओ के साथ मारपीट करने के मामले में पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी है। चूंकि ये मामला एक विधायक से जुड़ा है, इससे मामले को और गंभीरता से लिया जा रहा है। विवेचना कस्बा इंचार्ज एसआई प्रणव को दी गई है। उन्होंने प्राथमिक तौर पर मामले की जानकारी कर नक्शा नजरी बनाई है। इसमें पहले कर्मचारियों के बयान दर्ज किए जाएंगे।
मामला बृहस्पतिवार रात 12 बजे का है। बिसौली के सपा विधायक आशुतोष मौर्या ने विद्युत उपकेंद्र में घुसकर एसएसओ अभिषेक मिश्रा से मारपीट की थी। उन्होंने बिसौली विधायक और एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। जब तक इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं हुई थी, तब तक कर्मचारी विद्युत उपकेंद्र में धरने पर बैठे रहे थे। उन्होंने 13 विद्युत उपकेंद्रों की सप्लाई ठप कर दी थी। हालांकि बाद में सप्लाई शुरू कर दी गई।
इंस्पेक्टर बिसौली ऋषिपाल सिंह ने इस मामले की विवेचना कस्बा इंचार्ज प्रणव कुमार को सौंपी है। उन्होंने शनिवार को घटनास्थल पर जाकर मामले की पड़ताल की। एफआईआर के संबंध में नक्शा नजरी बनाई।
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सरकारी लोगों से मारपीट के मामलों में चर्चित रहे हैं सपा विधायक
बदायूं। बिसौली के सपा विधायक आशुतोष मौर्या के लिए एसएसओ से मारपीट करने का कोई नया मामला नहीं था। इससे पहले भी वह सरकारी कर्मचारियों के साथ मारपीट करने में चर्चा में रहे हैं। बताते हैं कि करीब छह साल पहले सपा सरकार के दौरान उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के एक जिला स्तरीय अधिकारी के साथ मारपीट की थी। बताते हैं कि तब बिसौली विधायक और उनके समर्थक अधिकारी के आवास में घुस गए थे। उन्होंने तोड़फोड़ व मारपीट की थी। चूंकि उस दौरान सपा सरकार थी, इसलिए अधिकारी ने कार्रवाई की आस छोड़ी और अफसरों को फोन से जानकारी देकर रात में ही अपना सामान समेटकर जिले से चले गए थे। इसके अलावा अर्बन कोऑपरेटिव बैंक के प्रबंधक को कमरे में बंदकर मारपीट करने का आरोप भी विधायक पर लग चुका है। इसमें भी कोई तहरीर नहीं दी गई। मामला उसी दौरान रफादफा कर दिया गया था। अब बिसौली में एसएसओ के साथ मारपीट करने का ये तीसरा मामला है। उनकी ओर से सफाई और तहरीर दी जा रही है पर बड़ी अड़चन वह वीडियो है जिसमें विधायक एसएसओ के हाथ पकड़े खड़े हैं और अपने लोगों से दूसरे कर्मचारी का मोबाइल छीनने को कह रहे हैं।
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मामला बृहस्पतिवार रात 12 बजे का है। बिसौली के सपा विधायक आशुतोष मौर्या ने विद्युत उपकेंद्र में घुसकर एसएसओ अभिषेक मिश्रा से मारपीट की थी। उन्होंने बिसौली विधायक और एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। जब तक इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं हुई थी, तब तक कर्मचारी विद्युत उपकेंद्र में धरने पर बैठे रहे थे। उन्होंने 13 विद्युत उपकेंद्रों की सप्लाई ठप कर दी थी। हालांकि बाद में सप्लाई शुरू कर दी गई।
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इंस्पेक्टर बिसौली ऋषिपाल सिंह ने इस मामले की विवेचना कस्बा इंचार्ज प्रणव कुमार को सौंपी है। उन्होंने शनिवार को घटनास्थल पर जाकर मामले की पड़ताल की। एफआईआर के संबंध में नक्शा नजरी बनाई।
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सरकारी लोगों से मारपीट के मामलों में चर्चित रहे हैं सपा विधायक
बदायूं। बिसौली के सपा विधायक आशुतोष मौर्या के लिए एसएसओ से मारपीट करने का कोई नया मामला नहीं था। इससे पहले भी वह सरकारी कर्मचारियों के साथ मारपीट करने में चर्चा में रहे हैं। बताते हैं कि करीब छह साल पहले सपा सरकार के दौरान उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के एक जिला स्तरीय अधिकारी के साथ मारपीट की थी। बताते हैं कि तब बिसौली विधायक और उनके समर्थक अधिकारी के आवास में घुस गए थे। उन्होंने तोड़फोड़ व मारपीट की थी। चूंकि उस दौरान सपा सरकार थी, इसलिए अधिकारी ने कार्रवाई की आस छोड़ी और अफसरों को फोन से जानकारी देकर रात में ही अपना सामान समेटकर जिले से चले गए थे। इसके अलावा अर्बन कोऑपरेटिव बैंक के प्रबंधक को कमरे में बंदकर मारपीट करने का आरोप भी विधायक पर लग चुका है। इसमें भी कोई तहरीर नहीं दी गई। मामला उसी दौरान रफादफा कर दिया गया था। अब बिसौली में एसएसओ के साथ मारपीट करने का ये तीसरा मामला है। उनकी ओर से सफाई और तहरीर दी जा रही है पर बड़ी अड़चन वह वीडियो है जिसमें विधायक एसएसओ के हाथ पकड़े खड़े हैं और अपने लोगों से दूसरे कर्मचारी का मोबाइल छीनने को कह रहे हैं।