फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   crime

हाईवे पर डीसीएम ने बाइक रौंदी, सगी बहनों और मां समेत चार की मौत

Mon, 07 Sep 2020 12:40 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Mon, 07 Sep 2020 12:40 AM IST
विज्ञापन
crime
सिलहरी (बदायूं)। मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाईवे पर रविवार दोपहर एक तेज रफ्तार डीसीएम ने सामने से आ रही बाइक को टक्कर मार दी। इससे बाइक सवार दो सगी बहनों और उनकी मां समेत चार की मौत हो गई। चारों वजीरगंज इलाके में अपनी रिश्तेदारी में जा रहे थे। घटना के वक्त बाइक चालक हेलमेट नहीं लगाए था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने चारों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
विज्ञापन

बिनावर थाना क्षेत्र के ग्राम खुुनक निवासी मुखबरी बेगम (45) पत्नी असगर रविवार दोपहर अपनी दो बेटियों सना (18), अमरीन (13) और धेवते जुबैर (20) पुत्र मोहम्मद फारुख निवासी ग्राम सिरोही थाना भमोरा (बरेली) के साथ बाइक पर वजीरगंज क्षेत्र के गांव बनकोटा स्थित रिश्तेदारी में जा रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक उस समय जुबैर हेलमेट नहीं लगाए था। उसकी बाइक मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाईवे पर राजकीय पॉलिटेक्निक के सामने से गुजरी। इसी दौरान मुरादाबाद की ओर से तेज रफ्तार आ रही डीसीएम ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। हादसा इतना जबरदस्त था कि जुबैर और उसकी नानी मुखबरी बेगम की मौके पर ही मौत हो गई जबकि अमरीन और सना उछलकर काफी दूर जा गिरीं। बाइक के भी परखचे उड़ गए। उधर, डीसीएम चालक गाड़ी छोड़कर भाग गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने सना और अमरीन को सांसें चलती देख उन्हें जिला अस्पताल भेजा जहां चिकित्सक ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने दोनों वाहन कब्जे में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है।
विज्ञापन

ओवरटेक में हुआ हादसा, दूसरी साइड पहुंची डीसीएम तो टकरा गई बाइक
सिलहरी (बदायूं)। मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाईवे पर हुआ जबरदस्त हादसा ओवरटेक चक्कर में हुआ। मुरादाबाद की ओर से आ रही डीसीएम एक अन्य वाहन से ओवरटेक कर रही थी। उस समय डीसीएम की गति भी काफी तेज थी। इससे वह नियंत्रित नहीं हो सकी और बाइक टकराने पर चार लोगों की जान चली गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक बाइक टकराने के बाद मुखबरी बेगम डीसीएम के पिछले पहियों में उलझ गईं थीं। चालक घबरा गया था। हादसे के बाद उसने ब्रेक भी लगाए थे लेकिन डीसीएम काफी दूर तक घिसटती चली गई। इससे मुखबरी बेगम की जान भी नहीं बच सकी। नजदीक में मेंथा प्लांट पर काम कर रहे लोग उन्हें बचाने के लिए दौड़े लेकिन तब तक सब कुछ खत्म हो गया था। धेवते और उसकी नानी की मौत हो चुकी थी जबकि दोनों बहनें सड़क पर तड़प रहीं थीं। हादसा इतना जबरदस्त था कि बाइक टकराने से डीसीएम का अगला हिस्सा तक क्षतिग्रस्त हो गया। फिलहाल पुलिस ने चारों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिवार वालों ने अभी चालक के खिलाफ तहरीर नहीं दी है। पुलिस ने गाड़ी नंबर के आधार पर चालक की खोजबीन शुरू कर दी है।
पांच बहनों में छोटी थीं सना और अमरीन
असगर के पांच बेटियां और दो बेटे हैं। उनके बेटे दिल्ली में मजदूरी आदि करते हैं। असगर गांव में महिलाओं के शृंगार का सामान बेचते है। उन्होंने अपनी बड़ी बेटी की शादी शेखूपुर में कर दी है। उससे छोटी बेटी की शादी की जानी है। सना तीसरे नंबर की और अमरीन सबसे छोटी बेटी थी।

...तो सना की सहेलियां भी आ जातीं चपेट में
ये चारों लोग एक ही बाइक पर सवार थे जबकि सना की दो सहेलियां अपनी स्कूटी पर चल रहीं थीं। उनकी स्कूटी कुछ पीछे थी। तब तक जुबैर बाइक लेकर राजकीय पॉलिटेक्निक से आगे निकल चुका था। अगर सहेलियों की स्कूटी उनके साथ होती तो वो भी डीसीएम की चपेट में आ जातीं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed