UP: कंपाउंडरों ने की डॉक्टर के बेटे की हत्या, एनेस्थीसिया देकर कैंची से किए वार; आरोपी की मां से थे अवैध संबंध
बदायूं के फैजगंज बेहटा में बंगाली डॉक्टर के बेटे प्रतीश उर्फ पिंटू की हत्या के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। डॉक्टर के यहां काम करने वाले दो कंपाउंडरों ने वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल कर लिया है।
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बदायूं के फैजगंज बेहटा कस्बा में ‘बंगाली डॉक्टर’ के बेटे प्रतीश उर्फ पिंटू (31) की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसकी ही क्लीनिक पर काम करने वाले कंपाउंडर बंगाल के रहने वाले आशिक और संजू ने की थी। पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ की तो दोनों ने अपना जुर्म कुबूल कर लिया। आरोपी संजू ने बताया कि उसकी रिश्तेदार महिला से प्रतीश के प्रेम संबंध थे। उसके पास वीडियो था, जिसको वायरल करने की धमकी अक्सर दिया करता था। वीडियो दिखाकर वह उसको चिढ़ाता था। पुलिस ने दोनों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है।
कस्बा के वार्ड नंबर छह में करीब 30 साल से डॉ. आरके विश्वास का क्लीनिक है। वह मूल रूप से पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी क्षेत्र के रहने वाले हैं। डॉक्टर की पत्नी उनके साथ नहीं रहती। डॉक्टर अपने परिवार के साथ पश्चिम बंगाल गए हुए थे। घर पर प्रतीश विश्वास अकेला था। 19 दिसंबर की रात वह खाना खाने के बाद घर में सो रहा था। इसी दौरान दोनों कंपाउंडरों ने पहले उसको एनेस्थीसिया का इंजेक्शन दे दिया। नशे में होने के बाद दोनों ने उसकी हत्या कर शव को तालाब में फेंक दिया और भाग गए।
22 दिसंबर को डॉ. आरके विश्वास घर लौटे तो उनको बेटा नहीं मिला। वह उसकी तलाश कर रहे थे कि तालाब में बेटे का शव उतराता दिखाई दिया। बेटे का अंतिम संस्कार करने के बाद उन्होंने अपने कंपाउंडर आशिक पर शक जाहिर किया। इसी आधार पर पुलिस ने मंगलवार को गनगोली तिराहे के पास से उसे गिरफ्तार कर लिया। एसएसपी डॉ. बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि बुधवार को आला कत्ल बरामद करते हुए दोनों को कोर्ट में पेश किया। जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।
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संजू को पीटकर भगा चुका था प्रतीश
संजू भी डॉ. आरके विश्वास की दुकान पर कंपाउंडर था। कुछ दिन पहले ही मृतक प्रतीश विश्वास ने चोरी के शक में उसको पीटकर नौकरी से निकाल दिया था। आशिक को बदला लेने के लिए संजू से अच्छा कोई साथी नहीं था। दोनों ने मिलकर हत्या करने का प्लान बनाया और घटना को अंजाम दे दिया।
तीन भाइयों में बीच का था प्रतीश विश्वास
डॉ.आरके विश्वास के तीन बेटे थे। प्रिंस सबसे छोटा है, जबकि सिंटू सबसे बड़ा है। प्रतीश उर्फ पिंटू (31) बीच का था। उसकी पत्नी उसको छोड़कर चली गई थी। सिंटू अपने परिवार के साथ दिल्ली में रह रहा है। वह भी बंगाली क्लीनिक चला रहा है। प्रिंस और पिंटू, पिता के साथ क्लीनिक पर ही बैठते थे।
आरोपी संजू पुत्र संजय विश्वास ने बताया कि वह पश्चिम बंगाल के जिला व थाना नदिया के गांव बंकिमनगर का रहने वाला है। फिलहाल वह कस्बा फैजगंज के वार्ड नंबर सात में रहता आ रहा है। प्रतीश के संजू की रिश्तेदार महिला से संबंध थे। वहीं पश्चिम बंगाल के जिला व थाना नदिया के गांव आडंगघाट के रहने वाले आरोपी आशिक ने बताया कि वह क्षेत्र के गांव दांवरी में रह रहा है। बताया कि उसके प्रतीश की रिश्तेदार एक महिला से संबंध थे, जिसके बारे में प्रतीश ने अपने अन्य रिश्तेदारों को बता दिया था। इसी बात से आशिक, प्रतीश से रंजिश मानने लगा। दोनों ने उसको रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और उसकी हत्या कर शव तालाब में फेंक दिया।