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Budaun News: एक पक्षीय फैसले के विरोध में डीएम को दिया शिकायत पत्र

Wed, 20 Aug 2025 06:16 PM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 20 Aug 2025 06:16 PM IST
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Complaint letter given to DM in protest against one sided decision
एक पक्षीय फैसले के विरोध में डीएम को दिया शिकायत पत्र
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- तहसीलदार न्यायिक के कोर्ट में चल रहा था वाद, फाइल से कागज गायब करने का भी आरोप



संवाद न्यूज एजेंसी



बदायूं। तहसीलदार न्यायिक पर बिना पक्ष सुने एक तरफा फैसला सुनाने का आरोप पीड़ित महिला ने लगाया है। उसका आरोप है कि दूसरे पक्ष के लोगों से मिलकर उसकी फाइल से कागज तक गायब करा दिए गए हैं। आरोप है कि उसके बिना बयान व उसको सुने बिना ही फर्जी वसीयत को सही ठहरा दिया गया है। पीड़िता ने डीएम अवनीश राय को शिकायती पत्र देकर जांच कर न्याय की गुहार लगाई है।



सदर तहसील क्षेत्र के गांव दाराबनगर निवासी प्रगति देवी ने दिए शिकायती पत्र में कहा है कि उसका मायका तहसील क्षेत्र के ही गांव खुनक में है। वह अपने पिता विजेंद्र पाल की इकलौती वारिस है। उसकी ताई कमलेश ने पिता की कैंसर की बीमारी का लाभ उठाकर उनकी जगह किसी अन्य व्यक्ति को खड़ा करके फर्जी वसीयतनामा तैयार करवा दाखिल-खारिज के लिए प्रार्थना पत्र दे दिया।
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उधर, विरासत के लिए प्रगति ने लेखपाल को प्रार्थना पत्र दिया, तब पता लगा कि उसका तो वसीयत के आधार पर दाखिल-खारिज पहले ही हो चुका है। प्रार्थना पत्र देने पर दोनों को सुनने के लिए तारीख दी गई। पीड़िता ने पिता के एक बैनामे पर लगा अंगूठा निशान व वसीयत पर लगा अंगूठा निशान का मिलान कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। प्रार्थना पत्र में अंगूठे की जांच एक्सपर्ट से कराने की मांग की गई।
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दो जून 2025 के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के लिए पत्रावली पर तारीख मिली। लगातार तारीख पड़ती रहीं। वह हर तारीख पर मौजूद रही। एक अगस्त को तारीख नहीं मिली तो पेशकार से जानकारी ली। बताया गया कि पत्रावली तहसीलदार न्यायिक के पास है। पीड़िता लगातार तहसील के चक्कर लगाती रही, लेकिन तारीख नहीं दी गई।


12 अगस्त को पीड़िता का पक्ष सुने बिना ही अंतिम आदेश जारी कर दिया गया। गांव में चर्चा सुनी कि पांच लाख रुपये देकर उसकी पत्रावली से सभी कागज गायब कर दिए गए हैं। पीड़िता ने डीएम को शिकायती पत्र देकर तहसीलदार न्यायिक व पेशकार की जांच कराके कार्रवाई की मांग की है।
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