फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   budget

प्रदेश का बजट : किसी ने सराहा तो कोई बोला-सामान्य

Fri, 27 May 2022 01:52 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 27 May 2022 01:52 AM IST
विज्ञापन
budget
योगी सरकार 2.0 का पहला बजट देखते व्यापारी व अन्य। संवाद - फोटो : BADAUN
बदायूं। विधानसभा चुनाव के बाद फिर से यूपी में सत्ता संभालने के बाद योगी सरकार 2.0 ने अपने पहल बजट से हर वर्ग को खुश करने की कोशिश की है। बेरोजगारी को लेकर विपक्ष के आरोपों की धार कुंद करने के लिए सरकार ने हर घर में एक व्यक्ति को रोजगार देने का वादा किया है। गरीब कन्याओं की शादी को 51 हजार के प्रावधान के साथ वर्ष में दो उज्ज्वला गैस सिलिंडर मुफ्त देने की भी घोषणा की है। ऐसे में किसी ने बजट को सराहा है तो किसी का कहना है कि इसमें सामान्य से ज्यादा कुछ भी नहीं है।
विज्ञापन

सरकार ने बजट में शिक्षा, चिकित्सा, सड़क, किसानों और महिलाओं के लिए कई घोषणाएं करने के साथ युवाओं और बेरोजगारों को भी साधने की कोशिश की है। इसके साथ ही दिव्यांग, विधवा और वृद्धावस्था पेंशन को बढ़ा कर पांच सौ से एक हजार रुपये कर इस वर्ग को भी साधा है।
विज्ञापन

बुजुर्ग पुजारियों के पुरोहित कल्याण बोर्ड के गठन की घोषणा कर हिंदुत्व के मुद्दे को धार दी है। दरअसल, सरकार का ध्यान अब 2024 में होने वाले लोकसभा चुनावों पर है। सरकार ने बजट को पांच वर्ष का विजन बताया है। बृहस्पतिवार दोपहर प्रदेश के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने 2022-23 का बजट विधानसभा में पेश किया तो बजट में किए गए प्रावधानों को जानने के लिए लोगों की नजरें टीवी पर लगी रहीं। लोगों में बजट को लेकर नफा-नुकसान की चर्चा होने लगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

-
आने वाले दिनों में फायदा होगा
प्रदेश सरकार के बजट में हर वर्ग के लोगों समेत महिलाओं की सुरक्षा का विशेष ख्याल रखा गया है। सरकारी ने अपने संकल्प पत्र की प्रतिबद्धता पर फोकस रखा है। प्रदेश के विकास से जुड़ी योजनाओं के लिए धनराशि आवंटित की गई है। बजट का आने वाले दिनों में फायदा नजर आएगा।
- शैलेंद्र सिंह सिसोदिया, व्यापारी
-
विकास पर किया गया फोकस
योगी सरकार के बजट में कई ऐसे पहलुओं पर गौर किया गया है जो विकास को तरजीह दिए जाने से जुड़े हैं। चूंकि बजट प्रदेश सरकार का है, सो आम आदमी के लिए ज्यादा रियायतों की उम्मीद नहीं की जा सकती। हर सरकार अपने घोषणा पत्र के अनुरूप आगे बढ़ती है।
- संजय कुमार मित्तल, सराफा
-
प्राथमिकताओं को ध्यान में रखा
प्रदेश के वित्तमंत्री ने सरकार की प्राथमिकताओं पर ध्यान रखते हुए उसी के अनुरूप बजट पेश किया है। बालिका शिक्षा पर जोर देते हुए जो खाका पेश किया गया है, उससे बालिकाओं को उच्च शिक्षा प्राप्त करने में दिक्कत नहीं होगी। प्रतियोगी परीक्षाओं में उन्हें प्रोत्साहन भी मिलेगा।
- राजेश कुमार शर्मा, शिक्षाविद
-
छोटे-मझोले दुकानदारों के लिए कुछ नहीं
व्यापार से जुड़े मुद्दे पर कारोबारियों को उम्मीद थी कि प्रदेश के बजट में कुछ ऐसा मिलेगा जो छोटे और मझोले दुकानदारों के लिए फायदेमंद होगा, लेकिन फिलहाल ऐसा कुछ नजर नहीं आता। बिजली के बिलों में दुकानदारों को भी छूट मिलनी चाहिए थी। कोरोना काल में काफी नुकसान हुआ था।
- मुरली मनोहर सिंघल, व्यापारी नेता
-
महिलाओं में जगी उम्मीद की किरण
बजट से महिलाओं में उम्मीद की किरण जागी है। सामाजिक स्तर पर आगे बढ़ रहीं महिलाओं के उत्थान के लिए सरकार ने अच्छी पहल की है। बालिकाओं को अच्छी पढ़ाई के साथ रोजगार की दिशा में भी स्थापित होने का मौका मिलेगा। उनके अंदर सुरक्षा की भावना बनी रहेगी।
- ऊषा शर्मा, गृहिणी
-
महिलाओं को लाभ मिलेगा
बालिकाओं के उत्थान को रोजगार के अवसर प्रदान करने और सरकारी नौकरियों में अवसर मिलने से अच्छा माहौल बन रहा है। महिलाएं हर स्तर पर आगे बढ़कर अपना लोहा मनवा लेना चाहती हैं। बजट में महिलाओं के लिए अच्छे प्रयास किए गए हैं। फायदा भी मिलेगा।
- शालिनी सिंघल, गृहिणी
-
सोलर लाइटों से मिलेगा आराम
बजट में कल्याण सिंह ग्राम उन्नति योजना के तहत गांवों में सोलर स्ट्रीट लाइटें लगाए जाने के लिए धनराशि तय की गई है। इससे ग्रामीण इलाके के लोगों को काफी फायदा होगा। बिजली गुल होने पर भी गांव जगमग रहेंगे। इसके अलावा सरकार प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देगी।
- महावीर सिंह, किसान
-
किसानों को राहत पहुंचाने का काम
प्रदेश सरकार ने निजी नलकूपों के बिजली के बिल में आधी छूट का एलान करके किसानों को राहत पहुंचाने का काम किया है। सिंचाई के नाम पर किसानों को काफी रकम खर्च करनी होती थी। बिलों में आधी छूट से खेती के जरिये आमदनी में इजाफा होगा। अतिरिक्त खर्च भी नहीं बढ़ेगा।
- अमर सिंह, किसान
-
पुरोहित कल्याण बोर्ड अच्छा कदम
सरकार ने बुजुर्ग पुजारियों के पुरोहित कल्याण बोर्ड के गठन संबंधी अच्छा निर्णय लिया है। बोर्ड के गठन के बाद पुजारियों और पुरोहितों का जीवन स्तर सुधरेगा। इस तरह का प्रावधान पहली बार किया गया है। इस पर क्रियान्वयन जल्द होना चाहिए। इसका सीधा लाभ बुजुर्ग पुजारियों और पुरोहितों को होगा।
-सतेंद्र शर्मा, पुरोहित
-
दिव्यांगों को मिले रोजगार
कम से कम कम सरकार ने दिव्यांगों के बारे में कुछ सोचा तो। दिव्यांग पेंशन के रूप में मिलने वाली राशि को पांच सौ से बढ़ाकर एक हजार करना अच्छा निर्णय है, लेकिन ज्यादा बेहतर तब होता जब सरकार दिव्यांगों को उनके हिसाब से रोजगार दे।
-धर्मेंद्र सिंह, दिव्यांग
-
बुजुर्गों का भी रखा ध्यान
सरकार ने बजट में बुजुर्गों का ध्यान रखा है। वृद्धावस्था पेंशन में वृद्धि अच्छा निर्णय है, लेकिन इसका लाभ सभी पात्रों को मिले तो उनकी स्थिति में बदलाव आने की उम्मीद है। घोषणाओं का जमीनी स्तर पर सही ढंग से क्रियान्वयन ज्यादा जरूरी है। आने वाले समय में बजट का असर देखने को मिलेगा।
-मैकू लाल, बुजुर्ग
-
जिम्मेदार जमीनी हकीकत भी जानें
हर वर्ष बजट आता है बेरोजगारों को लेकर घोषणाएं की जाती हैं, इस बार भी बेरोजगारों को लेकर कई घोषणाएं की गई हैं। लेकिन महंगाई और बेरोजगारी पर काबू पाने में सरकार फेल ही रहती है। कौशल विकास और स्वरोजगार की बात कही जाती है। जिम्मेदारों को जमीनी हकीकत भी जाननी चाहिए तब सुधार होगा।
-मनोज, बेरोजगार
-
फोटो- 6
शिक्षा के क्षेत्र में और हो काम
बजट में युवाओं को लेकर कई अहम घोषणाएं की गई हैं। रोजगार के साथ खेलों के लिए भी सरकार ने प्रावधान किए हैं। शिक्षा के क्षेत्र में अब भी काफी कुछ करने को बाकी है। सरकार की घोषणाओं पर आंकड़ेबाजी के स्थान पर अगर जमीनी तौर पर सही ढंग से काम होता है तो निश्चित सुधार होगा।
-आशीष, स्नातक छात्र
-
फोटो- 7
सीए का नजरिया : संतुलित है बजट
बजट एक तरह से सरकार का वित्तीय लेखा-जोखा होता है। योगी सरकार 2.0 ने वित्तीय वर्ष 2022-23 का पहला लेखा-जोखा पेश किया है। महिलाओं, युवाओं, बेरोजगारों, किसानों के लिए कई बड़ी घोषणाएं की गई हैं। छह लाख 15 हजार करोड़ से ज्यादा का बजट प्रस्तुत किया गया है। कई घोषणाओं कि क्रियान्वयन के लिए सरकार को अतिरिक्त वित्तीय बोझ भी उठाना होगा। सरकार ने बजट में निवेश पर फोकस करते हुए यूपी की अर्थव्यवस्था को देश की नंबर एक अर्थव्यवस्था बनाने की बात कही है। मेरे हिसाब से बजट संतुलित है। यह सभी जानते हैं कि हमारे यहां बजट पर चुनावी छाप हर बार होती है।
-लवली सपरा, चार्टर्ड एकाउंटेंट
राजनीतिक दलों के जिलाध्यक्षों का नजरिया
पहले ही बजट में पूरे किए 97 संकल्प
भाजपा झूठे वायदे नहीं करती। पार्टी ने 2022 के चुनाव में लोक कल्याण संकल्प में 130 संकल्प लिए थे। पहले ही बजट में इनमें 97 संकल्प पूरे कर दिए हैं। बजट से यूपी ही नहीं देश के विकास को भी गति मिलेगी। बजट में किसान, नौजवान, महिला, बुजुर्ग, व्यापारी, बेरोजगार से लेकर समाज के सबसे अंतिम पात्र तक का पूरा ध्यान रखा गया है। बजट से यूपी ही नहीं देश के विकास को भी गति मिलेगी।
-राजीव गुप्ता, भाजपा जिलाध्यक्ष
-
यह बजट नहीं भाजपा का गोलमाल है
यह बजट नहीं बल्कि गोलमाल है। जिस तरह से भाजपा ने झूठ बोलकर जनता को गुमराह किया और सरकार बना ली। उसी तरह से इस बजट के जरिये जनता को गुमराह करने का काम किया जा रहा है। किसान, नौजवान, बेरोजगार हर वर्ग की उपेक्षा की गई है। सरकार महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दों से भागती है। भाजपा को 2022 में किसानों की आय दोगुनी करने का वादा भी याद करना चाहिए।
-प्रेमपाल सिंह यादव, सपा जिलाध्यक्ष
-
आम आदमी के लिए कुछ नहीं, सिर्फ आंकड़ेबाजी
बजट में आम आदमी के लिए कुछ भी नहीं है। प्रदेश की स्थिति बदहाल है। बजट खुशहाली लाने वाला होना चाहिए था, लेकिन यह तो झूठ का पुलिंदा है। बजट के नाम पर सरकार ने सिर्फ आंकड़ेबाजी की है। जमीनी हकीकत देखी जाए तो अब तक सड़कें गड्ढा मुक्त नहीं हो सकी हैं। बजट में सिर्फ वादे हैं इससे ज्यादा कुछ नहीं। यूपी सरकार के इस बजट से प्रदेश की बदहाली दूर होने वाली नहीं है।

-हेमेंद्र गौतम, बसपा जिलाध्यक्ष
-
मूल मुद्दों से ध्यान भटका रही भाजपा
भाजपा ने वादा तो यह भी किया था कि 2022 में किसानों की आय दोगुनी हो जाएगी। यह भी वादा था कि सड़कें गड्ढा मुक्त होंगी। किसान बदहाल है और गड्ढों में सड़क है। ठीक इसी तरह योगी सरकार 2.0 का यह पहला बजट है। भाजपा मूल मुद्दों बदहाल कानून व्यवस्था, गरीबी, बेरोजगारी से जनता को ध्यान भटकाना चाहती है। बजट में लोक लुभावन घोषणाएं कर जनता को गुमराह करने की कोशिश की गई है।
-ओमकार सिंह, कांग्रेस जिलाध्यक्ष
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed