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Bijnor News: आखिर क्यों हो रही मालन मैली, कहां से आर काला पानी
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बिजनौर-मंडावर मार्ग मालन में बहता कैमिकल युक्त पानी।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भी पता लगाने में हुआ नाकाम साबित
संवाद न्यूज एजेंसी
गजरौला शिव (बिजनौर)। मालन में फिर से झाग युक्त काला पानी आने लगा है। दो दिन से आ रहे काले पानी को देखकर ग्रामीण सवाल उठा रहे है आखिर यह पानी कहां से आ रहा है । प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भी इसका पता लगाने में फेल साबित हो रहा है। चार दिन पहले मालन में झाग युक्त सफेद पानी आ रहा था।
बिजनौर-मंडावर मार्ग पर बह रही मालन फिर से मैली हो रही है। मालन में झाग युक्त काला पानी आखिर कहां से आ रहा है। इसका पता लगाने में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भी नाकाम साबित हो रहा है। अभी चार दिन पहले मालन में सफेद झाग युक्त पानी आ रहा था। अब फिर से मालन में काला झाग युक्त पानी आ रहा है।
कई दिन तक सड़ते रहे थे पशुओं के शव
अभी 15 दिन पहले हुई बारिश से मालन में पानी आ गया था। पानी में डूबकर मरे कई पशुओं के शव भी बहकर आए थे, जो पुराने रपटे पर कूड़े करकट में फंस गए थे। मृत पशु कई दिन तक मालन नदी में ही सड़ते रहे ।
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संवाद न्यूज एजेंसी
गजरौला शिव (बिजनौर)। मालन में फिर से झाग युक्त काला पानी आने लगा है। दो दिन से आ रहे काले पानी को देखकर ग्रामीण सवाल उठा रहे है आखिर यह पानी कहां से आ रहा है । प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भी इसका पता लगाने में फेल साबित हो रहा है। चार दिन पहले मालन में झाग युक्त सफेद पानी आ रहा था।
बिजनौर-मंडावर मार्ग पर बह रही मालन फिर से मैली हो रही है। मालन में झाग युक्त काला पानी आखिर कहां से आ रहा है। इसका पता लगाने में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भी नाकाम साबित हो रहा है। अभी चार दिन पहले मालन में सफेद झाग युक्त पानी आ रहा था। अब फिर से मालन में काला झाग युक्त पानी आ रहा है।
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कई दिन तक सड़ते रहे थे पशुओं के शव
अभी 15 दिन पहले हुई बारिश से मालन में पानी आ गया था। पानी में डूबकर मरे कई पशुओं के शव भी बहकर आए थे, जो पुराने रपटे पर कूड़े करकट में फंस गए थे। मृत पशु कई दिन तक मालन नदी में ही सड़ते रहे ।
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