फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   The water has increased in Kothari river in Bijnor and JCB also sunk

उफान पर नदी: ऐसे हुए हालात, तीन घंटे तक बंद रहा वाहनों का आवागमन, जेसीबी भी डूब गई

Thu, 22 Sep 2022 08:23 PM IST
कपिल kapil संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर Published by: कपिल kapil Updated Thu, 22 Sep 2022 08:23 PM IST
सार

कोटावाली नदी गुरुवार को उफान पर आई तो एक जेसीबी भी डूब गई। वहीं चालक ने बामुश्किल से अपनी जान बचाई।

विज्ञापन
The water has increased in Kothari river in Bijnor and JCB also sunk
नदी में डूबी जेसीबी। - फोटो : amar ujala

विस्तार

पहाड़ी और मैदानी क्षेत्रों में बारिश होने से कोटावाली नदी गुरुवार को उफान पर रही। गांव रामपुर चाठा के पास कोटावाली नदी में कार्य कर रही एक जेसीबी भी डूब गई। चालक ने बामुश्किल से अपनी जान बचाई। वहीं कोटावाली नदी रपटे पर पानी आने से तीन घंटे तक वाहनों का आवागमन बंद रहा।

विज्ञापन

 
भागूवाला क्षेत्र के गांव रामपुर चाठा में कटान रोकने के लिए सिंचाई विभाग की ओर से जेसीबी से कोटावाली नदी में कार्य कराया जा रहा है। पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश होने से गुरुवार को करीब 12 बजे कोटावाली नदी का जलस्तर बढ़ गया। नदी में अचानक पानी आने से वहां कार्य कर रही जेसीबी डूब गई है। चालक ने नदी का जलस्तबर बढ़ता देख अपनी जान बचाई। 
विज्ञापन


उधर, कोटावाली नदी रपटे पर करीब तीन फीट पानी बहने से वाहनों का आवागमन करीब ढाई घंटे ठप रहा। दोपहर 12 बजे कोटावाली नदी रपटे पर पानी आने से पुलिसकर्मियों ने बड़े वाहनों के गुजरने पर रोक लगा दी। भारी वाहनों समेत रोडवेज बसों के यात्रियों ने अपने गंतव्य जाने को घंटों इंतजार किया, जबकि दोपहिया वाहनों की आवाजाही नदी पर बने पुल से होती रही। भागूवाला चौकी इंचार्ज धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि नदी रपटे पर जलस्तर सामान्य होने पर दोपहर ढाई बजे के बाद पुलिसकर्मियों ने वाहनों का आवागमन शुरू कराया।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: भावुक तस्वीरें: मनचलों की करतूत से उजड़ गई दुनिया, छह महीने पहले हुई थी पूजा की शादी, पति का रो-रोकर बुरा हाल

रामपुर चाठा में कृषि भूमि का हुआ कटान 
कोटावाली नदी ने गुरुवार को गांव रामपुर चाठा में कृषि भूमि का कटान किया। ग्रामीण शशीनाथ, रूपराम, शाहिद, अय्यूब, अरविंद त्यागी, रामलाल का कहना है कि कोटावाली नदी से गांव रामपुर चाठा के अस्तित्व पर खतरा मंडरा रहा है। कोटावाली नदी का जलस्तर बढ़ने से हर बार गांव की ओर कटान होता है, पिछले एक माह से दर्जनों किसानों की कई बीघा कृषि भूमि नदी में समा चुकी है। नदी से गांव की दूरी मात्र 90 मीटर है। ग्रामीणों ने प्रशासन से गांव की सुरक्षा के लिए पक्के तटबंध बनाने की मांग की है।

यह भी पढ़ें: Murder: 25 साल खातिरदारी की हमने और जमीन बुआ को.., ये कैसे होने देता, चाचा की हत्या की कहानी भतीजे की जुबानी

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed