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मां कालरात्रि के जयकारों से गूंजे मंदिर
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बिजनौर में सप्तमी पर मां काली देवी मंदिर पर पूजा अर्चना करते श्रृद्घालु।
- फोटो : BIJNOR
मां कालरात्रि के जयकारों से गूंजे मंदिर
बिजनौर। शारदीय नवरात्र के सातवें दिन श्रद्धालुओं ने माता कालरात्रि की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। मंदिरों में प्रसाद चढ़ाकर माता रानी से परिवार में सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मांगा। इस दौरान मंदिरों में बच्चों के लिए खेल-खिलौनों की दुकानें भी सजाई गईं।
शुक्रवार को शारदीय नवरात्र की सप्तमी मनाई गई। श्रद्धालुओं ने अपने घरों में माता की पूजा-अर्चना की। इसके बाद धूप-दीप जगाकर श्री दुर्गा चालीसा, विंध्येश्वरी चालीसा, दुर्गा स्त्रोत, दुर्गा सप्तशती आदि का पाठ किया। मंदिरों में जाकर माता रानी को शृंगार का सामान भेंट किया और ज्योति पर लौंग का जोड़ा, बताशे आदि का भोग लगाया। इसके बाद माता रानी की आरती उतारकर उन्हें प्रसन्न किया गया। शहर के श्री चामुंडा धाम, सिद्धपीठ माता कालिका मंदिर, शीतला माता मंदिर में श्रद्धालुओं ने प्रसाद चढ़ाया। मंदिरों में कोरोना से सुरक्षा के पूरे इंतजाम किए गए हैं। मंदिरों पर पंक्तिबद्ध खड़े श्रद्धालुओं ने बारी बारी से मंदिर में जाकर प्रसाद चढ़ाया। पंडितों के अनुसार अष्टमी और नवमी का त्योहार शनिवार को मनाया जाएगा, जबकि विजयदशमी 25 अक्तूबर रविवार को मनाई जाएगी।
कन्याओं का पूजन कर भोजन कराया
स्योहारा। नगर में अष्टमी पूजा पर कन्याओं को पूजा कर भोज कराया गया। व्यापारी नेता अरुण कुमार वर्मा ने अपने परिवार सहित अपने निवास स्थान पर कन्या भोज का आयोजन किया। अरुण वर्मा लगभग 20 सालों से ये कन्या भोज कराते हैं। शुक्रवार को भी उन्होंने कई कन्याओं को भोज कराया गया।
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बिजनौर। शारदीय नवरात्र के सातवें दिन श्रद्धालुओं ने माता कालरात्रि की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। मंदिरों में प्रसाद चढ़ाकर माता रानी से परिवार में सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मांगा। इस दौरान मंदिरों में बच्चों के लिए खेल-खिलौनों की दुकानें भी सजाई गईं।
शुक्रवार को शारदीय नवरात्र की सप्तमी मनाई गई। श्रद्धालुओं ने अपने घरों में माता की पूजा-अर्चना की। इसके बाद धूप-दीप जगाकर श्री दुर्गा चालीसा, विंध्येश्वरी चालीसा, दुर्गा स्त्रोत, दुर्गा सप्तशती आदि का पाठ किया। मंदिरों में जाकर माता रानी को शृंगार का सामान भेंट किया और ज्योति पर लौंग का जोड़ा, बताशे आदि का भोग लगाया। इसके बाद माता रानी की आरती उतारकर उन्हें प्रसन्न किया गया। शहर के श्री चामुंडा धाम, सिद्धपीठ माता कालिका मंदिर, शीतला माता मंदिर में श्रद्धालुओं ने प्रसाद चढ़ाया। मंदिरों में कोरोना से सुरक्षा के पूरे इंतजाम किए गए हैं। मंदिरों पर पंक्तिबद्ध खड़े श्रद्धालुओं ने बारी बारी से मंदिर में जाकर प्रसाद चढ़ाया। पंडितों के अनुसार अष्टमी और नवमी का त्योहार शनिवार को मनाया जाएगा, जबकि विजयदशमी 25 अक्तूबर रविवार को मनाई जाएगी।
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कन्याओं का पूजन कर भोजन कराया
स्योहारा। नगर में अष्टमी पूजा पर कन्याओं को पूजा कर भोज कराया गया। व्यापारी नेता अरुण कुमार वर्मा ने अपने परिवार सहित अपने निवास स्थान पर कन्या भोज का आयोजन किया। अरुण वर्मा लगभग 20 सालों से ये कन्या भोज कराते हैं। शुक्रवार को भी उन्होंने कई कन्याओं को भोज कराया गया।

बिजनौर में सप्तमी पर मां चामुंडा देवी मंदिर पर पूजा अर्चना करते श्रृद्घालु।- फोटो : BIJNOR
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