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Bijnor News: बसों के पहिए थमने से यात्री रहे परेशान
Mon, 01 Jan 2024 11:42 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Mon, 01 Jan 2024 11:42 PM IST
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बिजनौर। देशव्यापी चालकों की हड़ताल के चलते रोडवेज बसों का संचालन भी प्रभावित रहा। बसें संचालित नहीं होने से यात्रियों को काफी परेशानी हुई। जिससे परिवहन विभाग को लाखों रुपये का नुकपान हुआ। इसके अलावा बिजनौर डिपो की कई बसें रास्ते में ही फंसी रहीं। यात्री निजी वाहन और अन्य साधनों से काफी मशक्कत के बाद अपनी मंजिल तक पहुंचे।
ऑल इंडिया ट्रक चालक संगठन के आह्वान पर एक जनवरी को हड़ताल रही। ट्रक चालकों के अलावा रोडवेज बस, प्राइवेट बस चालक भी हड़ताल पर रहे। जिसकी वजह से रोडवेज बसें डिपो पर ही खड़ी रहीं। जिलेभर में रोजाना 307 रोडवेज बसों का संचालन किया जाता है। सोमवार को हड़ताल की वजह से बिजनौर डिपो की 66 बसें ही संचालित हुईं। 241 बसें चालकों के अभाव में डिपो पर ही खड़ी रहीं।
नजीबाबाद, धामपुर, चांदपुर डिपो से एक भी संचालित नहीं हुई। बिजनौर डिपो से कुछ बसें सुबह अपने निर्धारित समय से अपने गंतव्य की ओर निकलीं। चालकों की हड़ताल की वजह से जहां-तहां बसों के पहिए थम गए। जिससे यात्री परेशान रहे। इसके अलावा परिवहन निगम को लाखों रुपये राजस्व की हानि हुई। यात्री रोहित, साेमेंद्र, मुजफ्फर, मनाली का कहना है कि उन्हें मेरठ, दिल्ली जाना था। मगर हड़ताल की वजह से वह परेशान हैं। बस नहीं मिल रही है।
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- बिजनौर डिपो को हुई आठ लाख रुपये की हानि
बिजनौर डिपो से रोजाना 122 बसों का संचालन किया जाता है। मगर सोमवार को चालकों की हड़ताल से 66 बसें संचालित नहीं हुई। सामान्य दिनों में डिपो की बसों में करीब 20 हजार यात्री सफर करते हैं। जबकि सोमवार को करीब आठ यात्री बसों में सफर किया। जिससे डिपो को करीब आठ लाख रुपये राजस्व की हानि हुई।
- रोडवेज से लेकर प्राइवेट वाहनों के भी चालक हड़ताल पर रहे
नजीबाबाद। डिपो पर तैनात सभी चालक सोमवार को हड़ताल पर रहे। बसें संचालित नहीं होने से यात्री परेशान रहे। नजीबाबाद डिपो के बेड़े में निगम की 66 और 13 अनुबंधित बसें शामिल हैं। निजी बस, जीप, थ्री व्हीलर वाहन चालक भी हड़ताल पर रहे। जिससे यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ी। यात्री निजी कार चालकों से लिफ्ट लेकर अपनी मंजिल तक गए।
- गृहमंत्री के नाम ट्रक चालकों ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
नगीना। क्षेत्र में रोडवेज व प्राइवेट बसों के साथ-साथ ट्रकों के पहिए भी जाम रहे। ट्रांसपोर्टर सचिन विश्नोई ने बताया कि नगीना से करीब 100 से अधिक प्राइवेट बसें चलती हैं। उधर, द्वारिकेश चीनी मिल में लगे करीब 200 से अधिक ट्रकों के पहिए भी सोमवार को पूरी तरह थमे रहे। बूंदकी चीनी मिल के ट्रक चालकों ने गृहमंत्री के नाम एसडीएम शैलेंद्र कुमार सिंह को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर उमेश कुमार, अजीम, जमीर अहमद, महबूब, इच्छाराम, भूरा, रोहित आदि मौजूद रहे।
- हड़ताल होने से ठप रही बस सेवा
चांदपुर। हड़ताल की वजह से चांदपुर डिपो की बस सेवा ठप रही। डिपो से निगम और अनुबंधित की 35 बस संचालित होतीं हैं। चालकों की हड़ताल से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हड़ताल पर रॉकी तोमर, तसलीम, पवन कुमार, नरेश, शहबाज, तेजवीर, सरताज, विनीत कुमार, संजीव, हरनाम आदि मौजूद रहे।
- ट्रक चालकों ने प्रदर्शन कर रामलीला मैदान में खड़े किए ट्रक
स्योहारा। भारत सरकार की ओर से पारित नए सड़क कानून के विरोध में ट्रक चालकों ने सोमवार को धरना प्रदर्शन करते हुए सभी ट्रक रामलीला मैदान में खड़े कर दिए। इस मौके पर ट्रक यूनियन अध्यक्ष शकील अहमद, मोहम्मद अहमद, मोहम्मद नईम, महफूज, बब्बू, इकबाल, इमरान जाफरी आदि मौजूद रहे।
- लंबी दूरी के यात्री अपनी मंजिल तक पहुंचने में रहे परेशान
नींदडू। रोडवेज चालक एवं परिचालकों की हड़ताल के चलते बसें नहीं चलने से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बसें नहीं चलने से दिल्ली, गाजियाबाद, गढ़मुक्तेश्वर, गजरौला, अमरोहा, नौगांवा सादात आदि लंबी दूरी के यात्री परेशान रहे।
- वाहनाें का संचालन बंद होने से परेशान रहे यात्री
अफजलगढ़। सोमवार को जहां प्राइवेट बसें, टैक्सी व टैंपू आदि का संचालन बंद रहा। वहीं यात्री ई-रिक्शा व कुछ अन्य दोपहिया वाहनों से अपनी मंजिल तक गए। क्षेत्र के चालकों ने चेताया कि यदि सरकार यह काला कानून वापस नहीं लेती है तो वह अपने ड्राइविंग लाइसेंस को आग लगा देंगे। इस मौके अमित कुमार इसरार, सोविरा, कुलदीप कुमार, रामवतार, अंकित आदि मौजूद रहे।
- वर्जन : बिजनौर डिपो से बसों का संचालन किया गया है। जितने चालक आए थे, वह बस लेकर अपनी निर्धारित मार्ग पर गए। जिलेभर में बसों का संचालन किया गया। हड़ताल की वजह से काफी बसें डिपो पर ही खड़ी रही। ज्यादातर यात्रियों को उनकी मंजिल तक पहुंचाया। - धीरज सिंह पंवार, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक, बिजनौर
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ऑल इंडिया ट्रक चालक संगठन के आह्वान पर एक जनवरी को हड़ताल रही। ट्रक चालकों के अलावा रोडवेज बस, प्राइवेट बस चालक भी हड़ताल पर रहे। जिसकी वजह से रोडवेज बसें डिपो पर ही खड़ी रहीं। जिलेभर में रोजाना 307 रोडवेज बसों का संचालन किया जाता है। सोमवार को हड़ताल की वजह से बिजनौर डिपो की 66 बसें ही संचालित हुईं। 241 बसें चालकों के अभाव में डिपो पर ही खड़ी रहीं।
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नजीबाबाद, धामपुर, चांदपुर डिपो से एक भी संचालित नहीं हुई। बिजनौर डिपो से कुछ बसें सुबह अपने निर्धारित समय से अपने गंतव्य की ओर निकलीं। चालकों की हड़ताल की वजह से जहां-तहां बसों के पहिए थम गए। जिससे यात्री परेशान रहे। इसके अलावा परिवहन निगम को लाखों रुपये राजस्व की हानि हुई। यात्री रोहित, साेमेंद्र, मुजफ्फर, मनाली का कहना है कि उन्हें मेरठ, दिल्ली जाना था। मगर हड़ताल की वजह से वह परेशान हैं। बस नहीं मिल रही है।
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- बिजनौर डिपो को हुई आठ लाख रुपये की हानि
बिजनौर डिपो से रोजाना 122 बसों का संचालन किया जाता है। मगर सोमवार को चालकों की हड़ताल से 66 बसें संचालित नहीं हुई। सामान्य दिनों में डिपो की बसों में करीब 20 हजार यात्री सफर करते हैं। जबकि सोमवार को करीब आठ यात्री बसों में सफर किया। जिससे डिपो को करीब आठ लाख रुपये राजस्व की हानि हुई।
- रोडवेज से लेकर प्राइवेट वाहनों के भी चालक हड़ताल पर रहे
नजीबाबाद। डिपो पर तैनात सभी चालक सोमवार को हड़ताल पर रहे। बसें संचालित नहीं होने से यात्री परेशान रहे। नजीबाबाद डिपो के बेड़े में निगम की 66 और 13 अनुबंधित बसें शामिल हैं। निजी बस, जीप, थ्री व्हीलर वाहन चालक भी हड़ताल पर रहे। जिससे यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ी। यात्री निजी कार चालकों से लिफ्ट लेकर अपनी मंजिल तक गए।
- गृहमंत्री के नाम ट्रक चालकों ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
नगीना। क्षेत्र में रोडवेज व प्राइवेट बसों के साथ-साथ ट्रकों के पहिए भी जाम रहे। ट्रांसपोर्टर सचिन विश्नोई ने बताया कि नगीना से करीब 100 से अधिक प्राइवेट बसें चलती हैं। उधर, द्वारिकेश चीनी मिल में लगे करीब 200 से अधिक ट्रकों के पहिए भी सोमवार को पूरी तरह थमे रहे। बूंदकी चीनी मिल के ट्रक चालकों ने गृहमंत्री के नाम एसडीएम शैलेंद्र कुमार सिंह को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर उमेश कुमार, अजीम, जमीर अहमद, महबूब, इच्छाराम, भूरा, रोहित आदि मौजूद रहे।
- हड़ताल होने से ठप रही बस सेवा
चांदपुर। हड़ताल की वजह से चांदपुर डिपो की बस सेवा ठप रही। डिपो से निगम और अनुबंधित की 35 बस संचालित होतीं हैं। चालकों की हड़ताल से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हड़ताल पर रॉकी तोमर, तसलीम, पवन कुमार, नरेश, शहबाज, तेजवीर, सरताज, विनीत कुमार, संजीव, हरनाम आदि मौजूद रहे।
- ट्रक चालकों ने प्रदर्शन कर रामलीला मैदान में खड़े किए ट्रक
स्योहारा। भारत सरकार की ओर से पारित नए सड़क कानून के विरोध में ट्रक चालकों ने सोमवार को धरना प्रदर्शन करते हुए सभी ट्रक रामलीला मैदान में खड़े कर दिए। इस मौके पर ट्रक यूनियन अध्यक्ष शकील अहमद, मोहम्मद अहमद, मोहम्मद नईम, महफूज, बब्बू, इकबाल, इमरान जाफरी आदि मौजूद रहे।
- लंबी दूरी के यात्री अपनी मंजिल तक पहुंचने में रहे परेशान
नींदडू। रोडवेज चालक एवं परिचालकों की हड़ताल के चलते बसें नहीं चलने से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बसें नहीं चलने से दिल्ली, गाजियाबाद, गढ़मुक्तेश्वर, गजरौला, अमरोहा, नौगांवा सादात आदि लंबी दूरी के यात्री परेशान रहे।
- वाहनाें का संचालन बंद होने से परेशान रहे यात्री
अफजलगढ़। सोमवार को जहां प्राइवेट बसें, टैक्सी व टैंपू आदि का संचालन बंद रहा। वहीं यात्री ई-रिक्शा व कुछ अन्य दोपहिया वाहनों से अपनी मंजिल तक गए। क्षेत्र के चालकों ने चेताया कि यदि सरकार यह काला कानून वापस नहीं लेती है तो वह अपने ड्राइविंग लाइसेंस को आग लगा देंगे। इस मौके अमित कुमार इसरार, सोविरा, कुलदीप कुमार, रामवतार, अंकित आदि मौजूद रहे।
- वर्जन : बिजनौर डिपो से बसों का संचालन किया गया है। जितने चालक आए थे, वह बस लेकर अपनी निर्धारित मार्ग पर गए। जिलेभर में बसों का संचालन किया गया। हड़ताल की वजह से काफी बसें डिपो पर ही खड़ी रही। ज्यादातर यात्रियों को उनकी मंजिल तक पहुंचाया। - धीरज सिंह पंवार, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक, बिजनौर