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Bijnor News: नहीं टूट सका मोदी लहर के साल 2014 के मतदान का रिकार्ड
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बिजनौर। बिजनौर लोकसभा में आजादी से लेकर अब तक सिर्फ मोदी लहर साल 2014 में हुए मतदान का रिकार्ड नहीं टूट सका है। 2014 में रिकार्ड बनने के बाद से मतदान में लगातार गिरावट दर्ज हो रही है। वहीं साल 1971 में सबसे कम 43.07 फीसदी मतदान हुआ था, इससे कम कभी नहीं हुआ।
पहले चरण के लिए बिजनौर लोकसभा में मतदान हो चुका है। अब नतीजों के आने की देर है, जिनके लिए लोगों को 45 दिन इंतजार करना पड़ेगा। उधर बिजनौर और लोकसभा दोनों ही सीटों पर इस बार मतदान औसत तक सिमट कर रह गया है। इतना ही नहीं साल 2019 के मुकाबले मतदान में गिरावट रही। इसे जनता की उदासीनता कहें या मतदान को लेकर लापरवाही, क्योंकि इस बार बिजनौर लोकसभा में सिर्फ 58.73 फीसदी लोग ही वोट डालने के लिए बूथ तक पहुंचे। यह हाल तब रहा जब मतदान के लिए तमाम जागरुकता अभियान चलाए गए।
बिजनौर लोकसभा सीट पर मतदान के आंकड़ों की बात करें तो साल आजादी के बाद से अब तक सिर्फ साल 2014 में ही सर्वाधिक 67.88 फीसदी मतदान हुआ था। उस वक्त मोदी लहर में कुंवर भारतेंद्र सिंह ने सर्वाधिक वोटों से जीत दर्ज कराई थी। इसके बाद से मतदान प्रतिशत गिरता ही चला गया।
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रामसहाय वाला में सबसे कम हुआ मतदान
बिजनौर लोकसभा सीट पर सबसे कम मतदान रामसहाय बूथ पर हुआ। यहां सिर्फ बीस लोगों ने ही वोट डाले, जिसके चलते मतदान 3.76 फीसदी हो सका। बता दें कि इस बूथ पर लोगों ने मतदान का बहिष्कार भी कर दिया था। वहीं बिजनौर विधानसभा में सबसे अधिक मतदान धर्मनगरी के बूथ नंबर 159 पर 80.93 प्रतिशत मतदान हुआ है।
अब तक मतदान पर एक नजर
साल- मतदान प्रतिशत
1952- 49.98
1957- 59.68
1962- 67.41
1967- 66.74
1971- 43.07
1977- 59.54
1980- 51.59
1984- 54.44
1989- 53.83
1991- 57.49
1996- 50.48
1998- 61.06
1999- 55.72
2004- 52.07
2009- 55.01
2014- 67.88
2019- 65.30
2024- 58.73
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पहले चरण के लिए बिजनौर लोकसभा में मतदान हो चुका है। अब नतीजों के आने की देर है, जिनके लिए लोगों को 45 दिन इंतजार करना पड़ेगा। उधर बिजनौर और लोकसभा दोनों ही सीटों पर इस बार मतदान औसत तक सिमट कर रह गया है। इतना ही नहीं साल 2019 के मुकाबले मतदान में गिरावट रही। इसे जनता की उदासीनता कहें या मतदान को लेकर लापरवाही, क्योंकि इस बार बिजनौर लोकसभा में सिर्फ 58.73 फीसदी लोग ही वोट डालने के लिए बूथ तक पहुंचे। यह हाल तब रहा जब मतदान के लिए तमाम जागरुकता अभियान चलाए गए।
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बिजनौर लोकसभा सीट पर मतदान के आंकड़ों की बात करें तो साल आजादी के बाद से अब तक सिर्फ साल 2014 में ही सर्वाधिक 67.88 फीसदी मतदान हुआ था। उस वक्त मोदी लहर में कुंवर भारतेंद्र सिंह ने सर्वाधिक वोटों से जीत दर्ज कराई थी। इसके बाद से मतदान प्रतिशत गिरता ही चला गया।
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रामसहाय वाला में सबसे कम हुआ मतदान
बिजनौर लोकसभा सीट पर सबसे कम मतदान रामसहाय बूथ पर हुआ। यहां सिर्फ बीस लोगों ने ही वोट डाले, जिसके चलते मतदान 3.76 फीसदी हो सका। बता दें कि इस बूथ पर लोगों ने मतदान का बहिष्कार भी कर दिया था। वहीं बिजनौर विधानसभा में सबसे अधिक मतदान धर्मनगरी के बूथ नंबर 159 पर 80.93 प्रतिशत मतदान हुआ है।
अब तक मतदान पर एक नजर
साल- मतदान प्रतिशत
1952- 49.98
1957- 59.68
1962- 67.41
1967- 66.74
1971- 43.07
1977- 59.54
1980- 51.59
1984- 54.44
1989- 53.83
1991- 57.49
1996- 50.48
1998- 61.06
1999- 55.72
2004- 52.07
2009- 55.01
2014- 67.88
2019- 65.30
2024- 58.73