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विद्यार्थियों को घर पर ही तैयारी करने के निर्देश
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विद्यार्थियों को घर पर ही तैयारी करने के निर्देश
बिजनौर। यूपी बोर्ड हाईस्कूल और इंटरमीडिएट का मूल्यांकन हटने का असर गृह परीक्षाफल पर पड़ सकता है। कोरोना वायरस पर सतर्कता के चलते विद्यालयों ने विद्यार्थियों को घर पर ही गृह परीक्षाओं की तैयारी करने के निर्देश दिए हैं।
यूपी बोर्ड हाईस्कूल, इंटरमीडिएट की कापियों के जांचने का काम 16 मार्च को शुरू हुआ था। मूल्यांकन तय कार्यक्रम के अनुसार 15 दिन चलना था, लेकिन यह दो दिन ही चला। इसके बाद शासन ने कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए मूल्यांकन कार्य दो अप्रैल तक हटा दिया। जिले में 387 राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त, वित्त विहीन विद्यालय हैं। इन विद्यालयों के 2000 से अधिक शिक्षकों की ड्यूटी मूल्यांकन में है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक अभी काफी विद्यालयों में गृह परीक्षाएं नहीं हुई हैं। जहां परीक्षा हो गई हैं, वहां परीक्षाफल नहीं बना है। विद्यालयों के शिक्षकों के मूल्यांकन में लगने से गृह परीक्षा पूरी नहीं हुई हैं। मूल्यांकन कार्य हटने से गृह परीक्षा भी हट जाएंगी। फिर कापी जांचने एवं रिजल्ट बनाने में समय लगेगा। शासन के शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार लोकल रिजल्ट 31 मार्च को घोषित होता है। इस तरह लोकल रिजल्ट देरी से घोषित हो सकता है। कोरोना वायरस पर सतर्कता के चलते छात्र-छात्राएं घरों में कैद हैं। विद्यालयों के शिक्षकों की छात्रों को सलाह है कि वे कोरोना वायरस को देखते हुए घरों से नहीं निकलें तथा घर पर ही अपनी तैयारी करते रहें। प्रधानमंत्री की अपील का हर हालत में पालन किया जाए।
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बिजनौर। यूपी बोर्ड हाईस्कूल और इंटरमीडिएट का मूल्यांकन हटने का असर गृह परीक्षाफल पर पड़ सकता है। कोरोना वायरस पर सतर्कता के चलते विद्यालयों ने विद्यार्थियों को घर पर ही गृह परीक्षाओं की तैयारी करने के निर्देश दिए हैं।
यूपी बोर्ड हाईस्कूल, इंटरमीडिएट की कापियों के जांचने का काम 16 मार्च को शुरू हुआ था। मूल्यांकन तय कार्यक्रम के अनुसार 15 दिन चलना था, लेकिन यह दो दिन ही चला। इसके बाद शासन ने कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए मूल्यांकन कार्य दो अप्रैल तक हटा दिया। जिले में 387 राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त, वित्त विहीन विद्यालय हैं। इन विद्यालयों के 2000 से अधिक शिक्षकों की ड्यूटी मूल्यांकन में है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक अभी काफी विद्यालयों में गृह परीक्षाएं नहीं हुई हैं। जहां परीक्षा हो गई हैं, वहां परीक्षाफल नहीं बना है। विद्यालयों के शिक्षकों के मूल्यांकन में लगने से गृह परीक्षा पूरी नहीं हुई हैं। मूल्यांकन कार्य हटने से गृह परीक्षा भी हट जाएंगी। फिर कापी जांचने एवं रिजल्ट बनाने में समय लगेगा। शासन के शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार लोकल रिजल्ट 31 मार्च को घोषित होता है। इस तरह लोकल रिजल्ट देरी से घोषित हो सकता है। कोरोना वायरस पर सतर्कता के चलते छात्र-छात्राएं घरों में कैद हैं। विद्यालयों के शिक्षकों की छात्रों को सलाह है कि वे कोरोना वायरस को देखते हुए घरों से नहीं निकलें तथा घर पर ही अपनी तैयारी करते रहें। प्रधानमंत्री की अपील का हर हालत में पालन किया जाए।
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