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पिछली सरकार में लाल टोपी वालों को ही मिलता था लाभ: सुनील भराला
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बिजनौर में पत्रकारों से वार्ता करते यूपी श्रम कल्याण परिषद के अध्यक्ष पंडित सुनील भराला।
- फोटो : BIJNOR
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बिजनौर। यूपी श्रम कल्याण परिषद के अध्यक्ष पंडित सुनील भराला से जिला समीक्षा बैठक में सरकार द्वारा श्रमिकों के लिए चलाई जा रही योजनाओं के बारे में बताया। उन्होंने भाजपा सरकार को श्रमिकों और गरीबों की सरकार बताया। साथ ही कहा कि पहली सरकार में मंत्री और श्रम विभाग के अधिकारी योजना का लाभ सिर्फ लाल टोपी वाले को ही देते थे, लेकिन भाजपा सरकार की प्राथमिकता है कि योजना का लाभ सभी को मिले।
राज्यमंत्री सुनील भराला ने कहा कि श्रम कल्याण परिषद के द्वारा श्रमिकों के लिए श्रवण कुमार योजना चलाई गई, जिसके तहत श्रमिकों को तीर्थ यात्रा कराना है। इसके साथ ही सुषमा स्वराज महिला सशक्तिकरण योजना में बेरोजगार महिलाओं को सिलाई मशीन देकर रोजगार दिया है। तीर्थ यात्रा के लिए भी सरकार द्वारा लखनऊ से अयोध्या प्रभु श्री राम के दर्शन करने के लिए 10 नवंबर को बस को रवाना किया गया। बिजनौर से जल्द ही सहारनपुर मां शाकुंभरी देवी और हरिद्वार में मनसा देवी व चंडी देवी के दर्शन करने के लिए बस शुरू की जाएगी।
उन्होंने कहा कि जिले में अगले सप्ताह से प्रत्येक गन्ना मिल से एक बस तीर्थ यात्रा के लिए रवाना होगी, जिसमें यात्रा करने वाले श्रमिक होंगे। अगर कोई मुस्लिम भी तीर्थ यात्रा करना चाहता है तो उन्हें अजमेर शरीफ, कलियर शरीफ दरगाह और ताजमहल जैसे तीर्थ और पर्यटन पर यात्रा कराई जाएगी। तीर्थ योजना का लाभ केवल दुकान पर काम करने वाले, कारखाने में काम करने वाले और 15 हजार से कम वेतन वाले श्रमिक को ही मिलेगा।
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यूपी श्रम कल्याण परिषद के अध्यक्ष पंडित सुनील भराला से प्रेस वार्ता में सवाल-जबाव
सवाल
श्रमिकों के लिए चल रही कई योजनाएं पिछले चार सालों में बंद हुई हैं, क्या कारण रहा?
जवाब : बंद होने वाली योजनाएं श्रम कल्याण परिषद में नहीं थी। पहले श्रम कल्याण परिषद द्वारा पांच योजनाएं चलाई जा रही थी, लेकिन अब नौ योजनाएं चलाई जा रही हैं।
सवाल: बिजनौर जिले का एक छोर दूसरे छोर से करीब 70 किलोमीटर है। इसके बावजूद श्रमिक अपने कागज जमा करने बिजनौर श्रम विभाग के कार्यालय पर आते हैं, जो बहुत दूर है। क्या ब्लॉक स्तर पर कार्यालय खोलने के लिए कार्य किए जा रहे हैं?
जबाव: बिजनौर सच में काफी बड़ा जिला है, जिसके चलते श्रमिक को श्रम विभाग कार्यालय यहां दूर बैठता है। श्रम विभाग के सहायक श्रम आयुक्त को निर्देश दिए गए कि श्रम विभाग के तहसील कार्यालय पर श्रमिकों के फॉर्म जमा कराएं जाएं। ब्लॉक स्तर पर श्रम विभाग का कार्यालय खोलने की बात को श्रम कल्याण परिषद बोर्ड की बैठक में उठाया जाएगा।
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राज्यमंत्री सुनील भराला ने कहा कि श्रम कल्याण परिषद के द्वारा श्रमिकों के लिए श्रवण कुमार योजना चलाई गई, जिसके तहत श्रमिकों को तीर्थ यात्रा कराना है। इसके साथ ही सुषमा स्वराज महिला सशक्तिकरण योजना में बेरोजगार महिलाओं को सिलाई मशीन देकर रोजगार दिया है। तीर्थ यात्रा के लिए भी सरकार द्वारा लखनऊ से अयोध्या प्रभु श्री राम के दर्शन करने के लिए 10 नवंबर को बस को रवाना किया गया। बिजनौर से जल्द ही सहारनपुर मां शाकुंभरी देवी और हरिद्वार में मनसा देवी व चंडी देवी के दर्शन करने के लिए बस शुरू की जाएगी।
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उन्होंने कहा कि जिले में अगले सप्ताह से प्रत्येक गन्ना मिल से एक बस तीर्थ यात्रा के लिए रवाना होगी, जिसमें यात्रा करने वाले श्रमिक होंगे। अगर कोई मुस्लिम भी तीर्थ यात्रा करना चाहता है तो उन्हें अजमेर शरीफ, कलियर शरीफ दरगाह और ताजमहल जैसे तीर्थ और पर्यटन पर यात्रा कराई जाएगी। तीर्थ योजना का लाभ केवल दुकान पर काम करने वाले, कारखाने में काम करने वाले और 15 हजार से कम वेतन वाले श्रमिक को ही मिलेगा।
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यूपी श्रम कल्याण परिषद के अध्यक्ष पंडित सुनील भराला से प्रेस वार्ता में सवाल-जबाव
सवाल
श्रमिकों के लिए चल रही कई योजनाएं पिछले चार सालों में बंद हुई हैं, क्या कारण रहा?
जवाब : बंद होने वाली योजनाएं श्रम कल्याण परिषद में नहीं थी। पहले श्रम कल्याण परिषद द्वारा पांच योजनाएं चलाई जा रही थी, लेकिन अब नौ योजनाएं चलाई जा रही हैं।
सवाल: बिजनौर जिले का एक छोर दूसरे छोर से करीब 70 किलोमीटर है। इसके बावजूद श्रमिक अपने कागज जमा करने बिजनौर श्रम विभाग के कार्यालय पर आते हैं, जो बहुत दूर है। क्या ब्लॉक स्तर पर कार्यालय खोलने के लिए कार्य किए जा रहे हैं?
जबाव: बिजनौर सच में काफी बड़ा जिला है, जिसके चलते श्रमिक को श्रम विभाग कार्यालय यहां दूर बैठता है। श्रम विभाग के सहायक श्रम आयुक्त को निर्देश दिए गए कि श्रम विभाग के तहसील कार्यालय पर श्रमिकों के फॉर्म जमा कराएं जाएं। ब्लॉक स्तर पर श्रम विभाग का कार्यालय खोलने की बात को श्रम कल्याण परिषद बोर्ड की बैठक में उठाया जाएगा।