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पूनम दहेज हत्याकांड में पति ज्ञानेंद्र की जमानत निरस्त
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बिजनौर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जयश्री आहूजा ने पूनम दहेज हत्याकांड में उसके पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू की जमानत याचिका निरस्त कर दी है।
डीजीसी वरुण राजपूत के अनुसार थाना हीमपुर के ग्राम ढेली गुजर के जगराम सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पुत्री पूनम का विवाह मई 2019 में थाना चांदपुर के गांव महमूदपुर निवासी ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू के साथ हुआ था। शादी में काफी दान दहेज व अन्य कीमती सामान दिये जाने के बाद भी पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू, ननद स्वाति, हिमांशी, पूनम को कम दहेज लाने के लिए प्रताड़ित करते रहते थे। ये लोग पूनम से फ्रिज व 50 हजार रुपये नगद लाने के लिए दबाव बनाकर उसे प्रताड़ित करते थे। पूनम को प्रताड़ित न करने के लिए पूनम के पिता जगराम सिंह ने कई बार उसके पति व ससुराल वालों से याचना की। लेकिन वे लोग नहीं माने और पूनम को प्रताड़ित करने का सिलसिला जारी रखा। चार सितंबर 2019 को सुबह करीब सात बजे पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू व ननद स्वाति व हिमांशी ने पूनम के ऊपर कोई ज्वलनशील पदार्थ डालकर उसकी हत्या कर दी। इस मामले में पूनम के पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू, ननद स्वाति व हिमांशी के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
जानलेवा हमले के आरोपी की जमानत निरस्त
बिजनौर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जयश्री आहूजा ने जानलेवा हमले के आरोपी महिपाल सिंह की जमानत याचिका निरस्त कर दी है। थाना हल्दौर के ग्राम खासपुरा निवासी अमित ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि एक मई 2019 को रात करीब आठ बजे गांव में ढेले के पास सरदार मंजीत सिंह पीमली खड़ा था। वहां पर बाइक लेकर जीतू आया और खड़ा हो गया। इस पर सरदार मंजीत उसे गाली देने लगा। विरोध करने पर मंजीत, उसका छोटा भाई महिपाल आठ-दस लोगों के साथ हथियारों से लैस होकर उसके घर पर जा धमके और उन पर हमला बोल दिया। इसमें नरेश, जौनी, जीतू, अमित के हाथ व सिर पर गंभीर चोटें आईं। ग्रामीणों ने बमुश्किल हमलावरों से उन्हें बचाया।
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डीजीसी वरुण राजपूत के अनुसार थाना हीमपुर के ग्राम ढेली गुजर के जगराम सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पुत्री पूनम का विवाह मई 2019 में थाना चांदपुर के गांव महमूदपुर निवासी ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू के साथ हुआ था। शादी में काफी दान दहेज व अन्य कीमती सामान दिये जाने के बाद भी पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू, ननद स्वाति, हिमांशी, पूनम को कम दहेज लाने के लिए प्रताड़ित करते रहते थे। ये लोग पूनम से फ्रिज व 50 हजार रुपये नगद लाने के लिए दबाव बनाकर उसे प्रताड़ित करते थे। पूनम को प्रताड़ित न करने के लिए पूनम के पिता जगराम सिंह ने कई बार उसके पति व ससुराल वालों से याचना की। लेकिन वे लोग नहीं माने और पूनम को प्रताड़ित करने का सिलसिला जारी रखा। चार सितंबर 2019 को सुबह करीब सात बजे पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू व ननद स्वाति व हिमांशी ने पूनम के ऊपर कोई ज्वलनशील पदार्थ डालकर उसकी हत्या कर दी। इस मामले में पूनम के पति ज्ञानेंद्र उर्फ सोनू, ननद स्वाति व हिमांशी के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
जानलेवा हमले के आरोपी की जमानत निरस्त
बिजनौर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जयश्री आहूजा ने जानलेवा हमले के आरोपी महिपाल सिंह की जमानत याचिका निरस्त कर दी है। थाना हल्दौर के ग्राम खासपुरा निवासी अमित ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि एक मई 2019 को रात करीब आठ बजे गांव में ढेले के पास सरदार मंजीत सिंह पीमली खड़ा था। वहां पर बाइक लेकर जीतू आया और खड़ा हो गया। इस पर सरदार मंजीत उसे गाली देने लगा। विरोध करने पर मंजीत, उसका छोटा भाई महिपाल आठ-दस लोगों के साथ हथियारों से लैस होकर उसके घर पर जा धमके और उन पर हमला बोल दिया। इसमें नरेश, जौनी, जीतू, अमित के हाथ व सिर पर गंभीर चोटें आईं। ग्रामीणों ने बमुश्किल हमलावरों से उन्हें बचाया।
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