{"_id":"629a4b8b39cf73479b518c9f","slug":"from-distillery-to-liquor-shops-a-close-watch-will-be-kept-bijnor-news-mrt591414881","type":"story","status":"publish","title_hn":"डिस्टलरी से लेकर शराब की दुकानों तक रहेगी कड़ी नजर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डिस्टलरी से लेकर शराब की दुकानों तक रहेगी कड़ी नजर
विज्ञापन
बिजनौर कलक्ट्रेट में अवैध शराब पर रोकथाम के लिए बैठक लेते डीएम उमेश मिश्रा।
- फोटो : BIJNOR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डिस्टलरी से लेकर शराब की दुकानों तक रहेगी कड़ी नजर
बिजनौर। सिस्टम का इकबाल बनाए रखना बेहद जरूरी है, अगर कहीं अवैध शराब बिकती है तो यह सीधे सिस्टम को चुनौती होगी। विभाग को यह तय करना है कि वैध दुकानों में नकली शराब न बिकने पाए। डिस्टलरी से लेकर शराब की दुकान तक कड़ी नजर बनाए रखें। जो सहयोग नहीं करते हैं तो उन्हें काली सूची में शामिल कर लिया जाए। यह बात डीएम उमेश मिश्रा ने कही।
शुक्रवार को डीएम उमेश मिश्रा ने बैठक के दौरान कहा कि जिले में अवैध शराब का निर्माण नहीं होने पाए। डिस्टलरी की मॉनिटरिंग करना जरूरी है। दुकानें निर्धारित समय से खुलें व समय से ही बंद होनी चाहिए। आबकारी की दुकानों एवं थोक विक्रेताओं का निरीक्षण करके यह तय किया जाए कि वहां से अवैध मदिरा की बिक्री तो नहीं की जा रही है। दुकान पर स्थित स्टॉक के बार कोड व क्यूआर कोड की सूक्ष्मता एवं सतर्कतापूर्वक जांच होनी चाहिए।
संदिग्ध ढाबों पर अल्कोहल के टैंकर रुकते हैं, वहां अल्कोहल चोरी छिपे बेचे जाने की संभावना रहती है। कहा कि किसी भी दशा में दुकान से बाहर मदिरा की बिकी अवैध रूप से बिल्कुल नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अवैध शराब के संदिग्ध स्थानों पर छापा मारकर कार्रवाई अवश्य की जाए। उन्होंने कहा कि मिथाइल अल्कोहल के नियंत्रण के लिए आबकारी आयुक्त के दिशा-निर्देशों का पालन करें। इस अवसर पर एएसपी देहात राम अर्ज, सहायक आबकारी आयुक्त आर मौर्य, उपायुक्त जीएसटी अजय कुमार वर्मा, एआरएम रोडवेज एके त्रिवेदी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। सिस्टम का इकबाल बनाए रखना बेहद जरूरी है, अगर कहीं अवैध शराब बिकती है तो यह सीधे सिस्टम को चुनौती होगी। विभाग को यह तय करना है कि वैध दुकानों में नकली शराब न बिकने पाए। डिस्टलरी से लेकर शराब की दुकान तक कड़ी नजर बनाए रखें। जो सहयोग नहीं करते हैं तो उन्हें काली सूची में शामिल कर लिया जाए। यह बात डीएम उमेश मिश्रा ने कही।
शुक्रवार को डीएम उमेश मिश्रा ने बैठक के दौरान कहा कि जिले में अवैध शराब का निर्माण नहीं होने पाए। डिस्टलरी की मॉनिटरिंग करना जरूरी है। दुकानें निर्धारित समय से खुलें व समय से ही बंद होनी चाहिए। आबकारी की दुकानों एवं थोक विक्रेताओं का निरीक्षण करके यह तय किया जाए कि वहां से अवैध मदिरा की बिक्री तो नहीं की जा रही है। दुकान पर स्थित स्टॉक के बार कोड व क्यूआर कोड की सूक्ष्मता एवं सतर्कतापूर्वक जांच होनी चाहिए।
विज्ञापन
संदिग्ध ढाबों पर अल्कोहल के टैंकर रुकते हैं, वहां अल्कोहल चोरी छिपे बेचे जाने की संभावना रहती है। कहा कि किसी भी दशा में दुकान से बाहर मदिरा की बिकी अवैध रूप से बिल्कुल नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अवैध शराब के संदिग्ध स्थानों पर छापा मारकर कार्रवाई अवश्य की जाए। उन्होंने कहा कि मिथाइल अल्कोहल के नियंत्रण के लिए आबकारी आयुक्त के दिशा-निर्देशों का पालन करें। इस अवसर पर एएसपी देहात राम अर्ज, सहायक आबकारी आयुक्त आर मौर्य, उपायुक्त जीएसटी अजय कुमार वर्मा, एआरएम रोडवेज एके त्रिवेदी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन