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Bijnor News: कर्मचारियों की हड़ताल, चीनी मिल की आसवनी इकाई का संचालन ठप
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नजीबाबाद चीनी मिल के प्रबंधक से वार्ता करते किसान नेता और कर्मचारी।
वेतन भुगतान न होने पर आसवनी इकाई के कर्मचारियों की हड़ताल
भाकियू टिकैत ने इकाई के कर्मचारियों के आंदोलन की कमान संभाली
चीनी मिल के जीएम और सीसीओ से वार्ता में भी हल नहीं निकला
संवाद न्यूज एजेंसी
नजीबाबाद। किसान सहकारी चीनी मिल की आसवानी इकाई के कर्मचारियों की हड़ताल से दो दिन से इकाई बंद पड़ी है। भाकियू टिकैत ने इकाई के कर्मचारियों के आंदोलन की कमान संभाल ली है। चीनी मिल के जीएम एवं सीसीओ से आंदोलनकारी कर्मचारियों की वार्ता में भी हल नहीं निकला।
किसान सहकारी चीनी मिल आसवानी इकाई के कर्मचारियों को तीन-छह माह तक का वेतन भुगतान नहीं हुआ है। वेतन भुगतान की मांग को लेकर बुधवार की देर शाम आसवानी कर्मचारियों ने इकाई का संचालन ठप कर दिया। कहना था कि इकाई के प्रबंधक सुभाष अग्रवाल ने भी वेतन भुगतान की मांग को लेकर हाथ खड़े कर दिए है। इस कारण कर्मचारियों को आंदोलन के लिए विवश होना पड़ा।
उधर, भाकियू टिकैत के युवा जिलाध्यक्ष वरिंदर सिंह बाठ, मंडल महासचिव आकाश चौधरी, अंकित चौधरी, भूपेंद्र सिंह भोगी ने कर्मचारियों के आंदोलन की कमान अपने हाथों में ले ली। कंपनी के एचआर रितेश सैन की उपस्थिति में किसान सहकारी चीनी मिल के प्रधान प्रबंधक सुखबीर सिंह, सीसीओ डॉ. एसएस ढाका ने आसवनी इकाई के संचालन की स्थिति स्पष्ट की। बताया कि सिसौदिया प्राइवेट कंपनी आसवनी इकाई चलाती है। इकाई पर लगभग 75 लाख रुपये जीएसटी बकाया है। जीएम ने बताया कि कंपनी को तत्काल बकाया भुगतान कर इकाई को संचालित कराने के लिए पत्र लिखा गया है।
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धरना प्रदर्शन में आसवनी इकाई की ओर से शुभम चौधरी, निखिल चौधरी, जगदीप सिंह, हिमालय, सतेंद्र, सोमपाल, दीपक, मयंक, विजेंद्र आदि मौजूद रहे।
आसवनी के करीब 80 कर्मचारी झेल रहे हैं आर्थिक संकट
चीनी मिल की आसवनी इकाई में करीब प्रबंधक, एचआर सहित करीब 80 कर्मचारी कार्यरत है। वेतन न मिलने से आसवनी इकाई का संचालन तीन दिन से ठप है। उधर, चीनी मिल ने भी इकाई के ठप होने से आसवनी इकाई की साख प्रभावित होने, कर्मचारियों के सामने आर्थिक संकटों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित कंपनी को नोटिस जारी करने का निर्णय लिया है।
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भाकियू टिकैत ने इकाई के कर्मचारियों के आंदोलन की कमान संभाली
चीनी मिल के जीएम और सीसीओ से वार्ता में भी हल नहीं निकला
संवाद न्यूज एजेंसी
नजीबाबाद। किसान सहकारी चीनी मिल की आसवानी इकाई के कर्मचारियों की हड़ताल से दो दिन से इकाई बंद पड़ी है। भाकियू टिकैत ने इकाई के कर्मचारियों के आंदोलन की कमान संभाल ली है। चीनी मिल के जीएम एवं सीसीओ से आंदोलनकारी कर्मचारियों की वार्ता में भी हल नहीं निकला।
किसान सहकारी चीनी मिल आसवानी इकाई के कर्मचारियों को तीन-छह माह तक का वेतन भुगतान नहीं हुआ है। वेतन भुगतान की मांग को लेकर बुधवार की देर शाम आसवानी कर्मचारियों ने इकाई का संचालन ठप कर दिया। कहना था कि इकाई के प्रबंधक सुभाष अग्रवाल ने भी वेतन भुगतान की मांग को लेकर हाथ खड़े कर दिए है। इस कारण कर्मचारियों को आंदोलन के लिए विवश होना पड़ा।
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उधर, भाकियू टिकैत के युवा जिलाध्यक्ष वरिंदर सिंह बाठ, मंडल महासचिव आकाश चौधरी, अंकित चौधरी, भूपेंद्र सिंह भोगी ने कर्मचारियों के आंदोलन की कमान अपने हाथों में ले ली। कंपनी के एचआर रितेश सैन की उपस्थिति में किसान सहकारी चीनी मिल के प्रधान प्रबंधक सुखबीर सिंह, सीसीओ डॉ. एसएस ढाका ने आसवनी इकाई के संचालन की स्थिति स्पष्ट की। बताया कि सिसौदिया प्राइवेट कंपनी आसवनी इकाई चलाती है। इकाई पर लगभग 75 लाख रुपये जीएसटी बकाया है। जीएम ने बताया कि कंपनी को तत्काल बकाया भुगतान कर इकाई को संचालित कराने के लिए पत्र लिखा गया है।
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धरना प्रदर्शन में आसवनी इकाई की ओर से शुभम चौधरी, निखिल चौधरी, जगदीप सिंह, हिमालय, सतेंद्र, सोमपाल, दीपक, मयंक, विजेंद्र आदि मौजूद रहे।
आसवनी के करीब 80 कर्मचारी झेल रहे हैं आर्थिक संकट
चीनी मिल की आसवनी इकाई में करीब प्रबंधक, एचआर सहित करीब 80 कर्मचारी कार्यरत है। वेतन न मिलने से आसवनी इकाई का संचालन तीन दिन से ठप है। उधर, चीनी मिल ने भी इकाई के ठप होने से आसवनी इकाई की साख प्रभावित होने, कर्मचारियों के सामने आर्थिक संकटों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित कंपनी को नोटिस जारी करने का निर्णय लिया है।