{"_id":"57d9a36c4f1c1bef30d4946e","slug":"well-except-part-of-the-timber-and-vehicle","type":"story","status":"publish","title_hn":"खैर की लकड़ी और वाहन छोड़कर भाग","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
खैर की लकड़ी और वाहन छोड़कर भाग
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
Updated Thu, 15 Sep 2016 12:55 AM IST
विज्ञापन
खैर की लकड़ी पकड़ी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
मंडावली में घड़ियावाली वन क्षेत्र में भारी मात्रा में खैर की लकड़ी के कटान की सूचना से वन विभाग में हड़कंप मच गया। वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर काटी गई हजारों रुपये मूल्य की खैर कीमती लकड़ी और डीसीएम कब्जे में ले ली। साहनपुर वन क्षेत्र में लकड़ी माफिया सक्रिय हैं। बुधवार को वन विभाग को मुखबिर ने घड़ियावाली वन चौकी क्षेत्र में कई वृक्ष खैर के काटने तथा वाहन द्वारा काटी गई लकड़ी को खुर्द-बुर्द करने की सूचना दी। सूचना मिलते ही वन विभाग में हड़कंप मच गया। आनन-फानन वन विभाग कर्मियों की टीम घटना स्थल पर पहुंची। वन रेंजर विजेंद्र सिंह मलिक, वन दरोगा राम मुसाफिर यादव के नेतृत्व में पहुंची टीम ने लगभग 50 क्विंटल से अधिक खैर काटी गई कीमती लकड़ी और एक डीसीएम को अपने कब्जे में ले लिया। लकड़ी माफिया वन अधिकारियों के आने की भनक लगते ही से फरार हो गए। सूचना मिलने पर डीएफओ प्रवीण कुमार यादव ने घटना स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने वन अधिकारियों से वन संपदा को क्षति पहुंचाने वाले लकड़ी माफियाओं के खिलाफ सख्ती से निपटने के निर्देश दिए।