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प्लास्टिक करेंसी की क्लास लगेगी
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 12 Dec 2016 12:21 AM IST
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बिजनौर में ग्राहकों को डिजिटल पेमेंट से जोड़ने के लिए बैंक अब गांवों में जाकर ग्राहकों को क्लास लेंगे। जिला सहकारी बैंक में तो बाकायदा वित्तीय कक्षाएं चलाई जाएंगी। इनमें प्लास्टिक करेंसी के साथ ही डिजिटल बैंकिंग के बारे में प्रशिक्षण दिया जाएगा। कैश न होने पर भी उपभोक्ता अपने स्मार्ट फोन, एटीएम कार्ड या क्रेडिट कार्ड से खरीदारी कर सकेंगे।
कैश की कमी के बाद अब व्यापारी डिजिटल पेमेंट की ओर रूझान कर रहे हैं। डेबिट, क्रेडिट कार्ड या ई-वॉलेट जैसे विकल्प का प्रयोग बढ़ाने के लिए यह प्रयास किए जा रहे हैं। जिला सहकारी बैंक इसके लिए वित्तीय कक्षाएं शुरू करेगा। बैंक द्वारा कर्मचारियों को मोहम्मदपुर देवमल, धामपुर, नूरपुर, कोतवाली देहात, नजीबाबाद ब्लॉक में कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी जाएगी। इसके बाद बैंक द्वारा 125 गांवों में कैंप लगाकर ग्राहकों को प्लास्टिक करेंसी का उपयोग सिखाएंगे। जिला सहकारी बैंक सचिव एमके अग्रवाल के मुताबिक प्लास्टिक करेंसी कैश का नया विकल्प है। उपभोक्ताओं को प्लास्टिक मनी के बारे में कैंप लगाकर बताया जाएगा। किसानों को भी प्लास्टिक करेंसी से जोड़ा जाएगा।
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कैश की कमी के बाद अब व्यापारी डिजिटल पेमेंट की ओर रूझान कर रहे हैं। डेबिट, क्रेडिट कार्ड या ई-वॉलेट जैसे विकल्प का प्रयोग बढ़ाने के लिए यह प्रयास किए जा रहे हैं। जिला सहकारी बैंक इसके लिए वित्तीय कक्षाएं शुरू करेगा। बैंक द्वारा कर्मचारियों को मोहम्मदपुर देवमल, धामपुर, नूरपुर, कोतवाली देहात, नजीबाबाद ब्लॉक में कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी जाएगी। इसके बाद बैंक द्वारा 125 गांवों में कैंप लगाकर ग्राहकों को प्लास्टिक करेंसी का उपयोग सिखाएंगे। जिला सहकारी बैंक सचिव एमके अग्रवाल के मुताबिक प्लास्टिक करेंसी कैश का नया विकल्प है। उपभोक्ताओं को प्लास्टिक मनी के बारे में कैंप लगाकर बताया जाएगा। किसानों को भी प्लास्टिक करेंसी से जोड़ा जाएगा।
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