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पिंजरे में कैद हुए तीन शावक
ब्यूरो/अमर उजाला
Updated Sat, 16 Apr 2016 11:19 PM IST
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ग्राम आलमपुर एडवा के जंगल में मिले गुलदार के तीन शावक।
- फोटो : अमर उजाला
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नूरपुर में गांव आलमपुर एडवा के जंगल में गुलदार के तीन शावक मिलने से दहशत पसर गई। ग्रामीणों में अफरातफरी का आलम हो गया। कुछ साहसिक युवाओं ने किसी तरह से शावकों को पकड़कर वन विभाग को घटना की सूचना दी। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने शावकों को पिंजरे में कैद कर मादा गुलदार को पकड़ने के प्रयास प्रारंभ कर दिए हैं। वन विभाग ने ग्रामीणों से अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी है।
शनिवार की सुबह ग्राम आलमपुर एडवा निवासी मेघराज सिंह किसानों के साथ खेत में गन्ना छीलने गया था। जैसे ही एक मजदूर ने गन्ना काटने के लिए फावली उठाई, तो उसकी नजर गन्ने की पत्ती में छिपे बैठे गुलदार के बच्चों पर पड़ गई। गुलदार के शावक देखकर वह सहम गया। फिर उसने शोर मचा दिया। शोर सुनकर पास के खेतों में गेहूं की कटाई कर रहे अन्य किसान भी वहां पहुंच गए। मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ लग गई। भीड़ को देखकर पास के खेत में छुपी मादा गुलदार शावकों के पास तो नही पहुंची, लेकिन थोड़ी थोड़ी देर में काफी जोर से दहाड़ती रही। गुलदार की दहाड़ सुनकर ग्रामीणों में दहशत फैल गई। इस दौरान कुछ उत्साही नौजवान तीनों शावकों को उठाकर खेत से बाहर ले आए। इस बीच ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
सूचना पर क्षेत्रीय रेंजर बाल सिंह रावत व वन दरोगा जगदीश सिंह मठपाल मौके पर पहुंचे। पुलिस के सहयोग से भीड़ को हटाया। इसके बाद पिंजरा मंगाकर तीनों शावकों को उसमें रखवा दिया। वन क्षेत्राधिकारी बाल सिंह रावत ने बताया कि मादा गुलदार को पकड़ने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने गुलदार के पकड़े जाने तक ग्रामीणों को सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
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तीन बकरियों को निवाला बनाया
हरेवली। गांव महमदाबाद के जाबुलहसन ने बताया कि वन्य जीवों से ग्रामीणों का जीनामुहाल हो गया है। शुक्रवार रात गुलदार उनकी दो बकरियों को निवाला बना लिया। गांव में एक और व्यक्ति की भी बकरी को निवाला बनाया है।
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शनिवार की सुबह ग्राम आलमपुर एडवा निवासी मेघराज सिंह किसानों के साथ खेत में गन्ना छीलने गया था। जैसे ही एक मजदूर ने गन्ना काटने के लिए फावली उठाई, तो उसकी नजर गन्ने की पत्ती में छिपे बैठे गुलदार के बच्चों पर पड़ गई। गुलदार के शावक देखकर वह सहम गया। फिर उसने शोर मचा दिया। शोर सुनकर पास के खेतों में गेहूं की कटाई कर रहे अन्य किसान भी वहां पहुंच गए। मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ लग गई। भीड़ को देखकर पास के खेत में छुपी मादा गुलदार शावकों के पास तो नही पहुंची, लेकिन थोड़ी थोड़ी देर में काफी जोर से दहाड़ती रही। गुलदार की दहाड़ सुनकर ग्रामीणों में दहशत फैल गई। इस दौरान कुछ उत्साही नौजवान तीनों शावकों को उठाकर खेत से बाहर ले आए। इस बीच ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
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सूचना पर क्षेत्रीय रेंजर बाल सिंह रावत व वन दरोगा जगदीश सिंह मठपाल मौके पर पहुंचे। पुलिस के सहयोग से भीड़ को हटाया। इसके बाद पिंजरा मंगाकर तीनों शावकों को उसमें रखवा दिया। वन क्षेत्राधिकारी बाल सिंह रावत ने बताया कि मादा गुलदार को पकड़ने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने गुलदार के पकड़े जाने तक ग्रामीणों को सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
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तीन बकरियों को निवाला बनाया
हरेवली। गांव महमदाबाद के जाबुलहसन ने बताया कि वन्य जीवों से ग्रामीणों का जीनामुहाल हो गया है। शुक्रवार रात गुलदार उनकी दो बकरियों को निवाला बना लिया। गांव में एक और व्यक्ति की भी बकरी को निवाला बनाया है।