अमर उजाला एक्सलूसिव: घर-घर शुद्ध पेयजल पहुंचाने की है योजना, अभी तक नहीं हुआ सर्वे
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गांव-गांव घर-घर पेयजल पहुंचाने की योजना को बिजनौर जिले में पलीता लग रहा है। इस योजना के लिए अभी सर्वे भी नहीं हुआ है। किसी भी गांव में इस योजना पर काम शुरू नहीं किया गया। जबकि 2024 तक हर गांव के हर घर में पानी पहुंचाने का लक्ष्य है। लेकिन घरों तक पानी पहुंचने की उम्मीद नहीं लग रही। कोई भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहा। सब हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं। अधिकारी व नेता भी इस ओर से अंजान बने हुए हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दो साल पहले हर गांव के घर में पेयजल पहुंचाने की योजना शुरू की थी। राज्य पेयजल स्वच्छता मिशन लखनऊ के निदेशक को इसके लिए हर गांव का सर्वे कराने की जिम्मदारी दी गई थी। सर्वे में किस गांव में पेयजल परियोजना लागू है, कितना पाइप गांव में बिछाया जाना है। किन घरों में पाइन लाइन से पानी पहुंचना है। इन सब का सर्वे होना था। सर्वे के दौरान गांव वालों के आधार कार्ड की फोटो स्टेट भी सर्वे टीम को जमा करनी थी। पानी उन घर में ही पहुंचना था, जिनके आधार कार्ड बने हैं। कहने को तो हर गांव में 2024 तक यह योजना लागू होनी है पर अभी तक जिले में इस योजना पर काम शुरू नहीं हुआ है।
आलम यह है कि कोई भी टीम सर्वे नहीं कर रही है। जिले के 2156 गांवों में सर्वे होकर यह पेयजल योजना लागू होनी है। लेकिन कौन सी टीम कब सर्वे करेगी यह किसी को मालूम नहीं। जिले के अधिकारी योजना के बारे में यह कहकर पल्ला झाड़ रहे हैं कि लखनऊ से ही इसका सर्वे होगा। सूत्रों के मुताबिक योजना के लिए एक बार टेंडर भी हो चुका है। अब दोबारा टेंडर होने की बात कही जा रही है।
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मुख्यमंत्री व मंत्री से करेंगे बात : सुभाष
भाजपा के जिलाध्यक्ष सुभाष वाल्मीकि ने कहा कि वह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व योजना के लिए सर्वे कराने वाले विभाग के मंत्री से बात करेंगे। जिले में इस योजना पर जल्द काम शुरू कराया जाएगा। सर्वे अब तक क्यों शुरू नहीं हुआ, इसका पता किया जाएगा।
164 गांवों में चालू हो चुकी है पेयजल परियोजना
जल निगम के अधिशासी अभियंता भरत सिंह के मुताबिक जिले में 2156 गांवों में यह पेयजल योजना लागू होनी है। अभी तक सर्वे शुरू नहीं हुआ है। उन्होंने बताया कि जल निगम की ओर से जिले में पेयजल की कोई परियोजना अधूरी नहीं है। जिले के 164 गांवों में पेयजल परियोजना चालू हो चुकी हैं। अब उनके विभाग की ओर से किसी परियोजना पर काम नहीं चल रहा है।
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