फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   हवा, ओलावृष्टि से जनजीवन अस्तव्यस्त

हवा, ओलावृष्टि से जनजीवन अस्तव्यस्त

Sat, 19 Jan 2013 05:30 AM IST
Bijnor
Bijnor Updated Sat, 19 Jan 2013 05:30 AM IST
विज्ञापन
बिजनौर। जिले में ओलावृष्टि और हवा के साथ हुई बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया। छिटपुट स्थानों पर ओला पड़ने से ठंड बढ़ गई। कामकाजी व्यक्ति और स्कूली बच्चे ही घरों से बाहर निकले। नगर के कई मुहल्लों में सीवर लाइन कार्य चलने के कारण बारिश में गुजरना मुश्किल हो गया। बारिश और बढ़ती ठंड को देख किसान फूले नहीं समा रहे हैं।
विज्ञापन

गुरुवार की रात करीब एक बजे हवा के साथ बारिश फिर से शुरू हो गई। कुछ स्थानों पर हल्की ओलावृष्टि भी हुई, जिससे ठंड बढ़ रही है। शुक्रवार को दिन में करीब दो बजे तक रुक-रुक कर बारिश होती रही। बारिश के साथ घने बादल छाए रहने से दिन में ही रात जैसा मौसम हो गया। वाहन लाइटें जलाकर चलते नजर आए। सुबह के समय बारिश के होने कामकाजी व्यक्ति व स्कूली बच्चे भीगते हुए घरों से बाहर निकले। हालांकि करीब तीन बजे के बाद बारिश से थोड़ी राहत मिली। बादलों के बीच हल्की धूप भी दिखाई दी। इसके बाद फिर बादल घिर आए। शाम के समय जनजीवन कुछ सामान्य हुआ।
विज्ञापन

नगर के मोहल्ला चाहशीरी, साकेत, बुल्ला के चौराहे से जानी चौराहे तक सीवर लाइन का काम चल रहा है। बारिश होने से इन मोहल्लों में पसरी कीचड़ से निकलना दूभर हो गया। कई स्थानाें पर दुपहिया वाहन फिसल गए। दो दिन से बारिश और ओलावृष्टि के बाद ठंड बढ़ने से किसानों के चेहरे खिले हुए हैं। किसान बारिश और ठंड को गेहूं के लिए वरदान बता रहे हैं। इस समय बारिश होने से गेहूं की फसल की सिंचाई करने की आवश्यकता भी नहीं पड़ेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

24 एमएम बारिश हुई
बिजनौर। आज सबेरे आठ बजे रिकार्ड की गई पिछले 24 घंटे की जनपद की बारिश 24.6 एमएम है। सबसे कम 14 एमएम धामपुर में और सबसे ज्यादा 33 एमएम नजीबाबाद तहसील में बारिश हुई। बिजनौर में 20 और धामपुर तथा नगीना में 28-28 एमएम बारिश रिकार्ड हुई।
अभी और होगी बारिश
नगीना। तेज हवाओं के साथ हुई ओलावृष्टि व वर्षा के कारण जनमानस बुरी तरह प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग का मानना है कि अभी तेज वर्षा होने की संभावनाएं हैं।
कृषि अनुसंधान मौसम वेधशाला के प्रेक्षक आरके शर्मा के मुताबिक क्षेत्र में एक सेंटीमीटर व्यास तक के ओले गिरे, वहीं गुरुवार रात हुई तेज वर्षा 42.8 एमएम रिकार्ड की गई। साथ ही शुक्रवार की सुबह न्यूनतम तापमान 11.8 डिग्री सेल्सियस व आर्द्रता 98 प्रतिशत तथा अधिकतम तापमान 17.2 डिग्री सेल्सियस व आर्द्रता 80 प्रतिशत रिकार्ड की गई।
तेज हवा चलने के कारण नगीना धामपुर राष्ट्रीय राजमार्ग 74 पर लगे कंपनियों के बड़े होर्डिंग्स गिर गए। वर्षा के कारण नगीना के साहू सिनेमा, पुराना तहसील परिसर, सिंचाई विभाग के डाक बंगले में जल भराव की स्थिति बन गई। वर्षा से गेहूं की फसल को भारी लाभ पहुंचा है।
चांदपुर। गुरुवार की रात हुई बारिश व ओले ने मौसम को फिर से ठंडा कर दिया है। रात व दिन में हुई बारिश से जगह जगह पानी भर गया, जिससे आम आदमी को भारी परेशानी का सामना कर पड़ा। छतिग्रस्त बिजनौर-बदायूं हाईवे नहटौर चौराहे के आगे से गैस एजेंसी तक आवागमन में परेशानी हुई। नगर में जगह जगह जलभराव की स्थिति बन रही है। तेज हवाओं के चलते अनेक पेड़ भी टूट गए हैं। बारिश से नगर की विद्युत आपूर्ति भी प्रभावित हो गई।
उपकरण फुंके
नहटौर। गांव नारायणपुर में शुक्रवार को सुबह सात बजे अचानक घरों में लगे विद्युत उपकरणों में धुआं निकल गया। ग्रामीणों ने बताया कि आकाशीय बिजली लाइन में प्रवाहित हो गई। ग्रामीण धर्मपाल सिंह, राजवीर सिंह, फत्तू, मलखान, यशवीर, रामवीर आदि के घरों में लगे उपकरण फुंक गए।
हल्दौर। ग्राम बाजीदपुर में आकाशीय बिजली के खंभे पर तारों से टकराने से अवनीश, नितिन, प्रदीप, आकाश, दिनेश, पवन के घरों के उपकरण तेज धमाके साथ फुंक गए। लोग घरों से बाहर निकल आए। इसी दौरान पवन केबिल जोड़ रहा था कि अचानक करंट लगने से वह दूर जा पडा। इस बारे में जेई का कहना है कि सप्लाई आने पर गांव का फीडर जोड़ा गया था, जो दो मिनट के बाद ही ट्रिपिंग हो गया था।
स्योहारा। गुरुवार की रात तेज हवा और ओले पड़ने जगह जगह पेड़ उखड़ गए और तार टूट गए, जिससे विद्युत व्यवस्था ठप हो गई। शुक्रवार को भी आसमान पर बादल छाये रहे। बार बार तेज हवा के साथ बरसात होती रही।
नूरपुर। गुरुवार की रात से हुई तेज बारिश से मौसम में ठंडक बढ़ गई। तेज हवा चलने से कई जगह मुरादाबाद मार्ग पर कई पेड़ टूट गए। बिजली की लाइन टूटने से गांवों की आपूर्ति ठप हो गई। रात को कुछ स्थानों पर ओले पड़ने की भी खबर है। किसानों ने बारिश को गेहूं की फसल के लिए लाभदायक बताया है।
रेल और सड़क यातायात हुआ बाधित
नजीबाबाद/नांगलसोती। तूफानी हवाओं और मूसलाधार वर्षा से जनजीवन प्रभावित रहा। दर्जनों पेड़ों के गिरने से सड़क और रेल यातायात घंटों बाधित रहा। दो ट्रेनें घंटों विलंब से गंतव्य के लिए रवाना हुईं।
गुरुवार की दुपहर से शुक्रवार की तड़के तक तीन-चार बार रुक-रुककर चली तूफानी हवाओं एवं वर्षा ने सड़क एवं रेल यातायात प्रभावित किया। गुरुवार रात कोटद्वार से नजीबाबाद आने वाली पैसेंजर ट्रेन रेल ट्रैक पर पेड़ गिरने से रात्रि 11.40 बजे नजीबाबाद पहुंची। इस ट्रेन में दिल्ली के पांच तथा लखनऊ का एक कोच नजीबाबाद आता है। ट्रेन लेट होने से दून एक्सप्रेस नजीबाबाद स्टेशन पर कोटद्वार कोच की प्रतीक्षा में 40 मिनट खड़ी रही। उधर चांदपुर क्षेत्र में रेल ट्रैक पर पेड़ गिरने से सराय रूहेला दिल्ली से देहरादून जाने वाली मसूरी एक्सप्रेस सवेरे दो घंटा विलंब से नजीबाबाद पहुंची। उधर, नांगल-चंदक मार्ग पर यूकेलिप्टिस आदि के पेड़ गिरने से सड़क यातायात लगभग तीन घंटे प्रभावित रहा।
वहीं तेज हवाओं से सौफतपुर बिजली घर से जुड़ी विद्युत लाइन सहित कई क्षेत्रों में विद्युत पोल उखड़ गए। सौफतपुर बिजलीघर से जुड़े एक दर्जन से अधिक गांव में शुक्रवार की देर शाम तक बिजली सुचारू नहीं हो सकी थी। दूसरी तरफ मूसलाधार वर्षा एवं तेज हवाओं के बीच गिरे दर्जनों पेड़ वन निगम की उदासीनता से ग्रामीण उठा ले गए। नांगल-चंदक मार्ग सहित कई क्षेत्रों में दर्जनों पेड़ मुख्य मार्गों पर गिरे थे। वन निगम द्वारा व्यवस्था जुटाने से पूर्व ही बड़े-बड़े वृक्षों को ग्रामीणों ने मार्ग से हटाकर लकड़ी अपने कब्जे में ले ली।
ओले और तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश
धामपुर। शुक्रवार सुबह एक बार फिर मौसम खराब हो गया। तीन बजे के करीब काली घटा के साथ आधा घंटे तक जमकर ओले और तेज हवा के साथ मूसलाधार बारिश हुई।
बारिश के कारण निकासी का समुचित प्रबंध नहीं होने से सड़काें पर पानी भर गया। सड़कों पर जलभराव की स्थिति पैदा होने से लोगाें को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। किसान भारत भूषण शर्मा, पंकज कुमार, गिरधर सिंह, किशन स्वरूप सिंह, वीरेंद्र कुमार, नरेंद्र कुमार, राजेंद्र शर्मा फीना, सलीम आदि ने बताया कि अब फसलाें को बारिश की जरूरत नहीं है। दो दिन से हो रही बारिश से गेहूं और गन्ने की पर्याप्त सिंचाई हो गई है। लोगाें ने बताया कि बारिश से पालिका के विकास कार्यों की पोल खुल गई है। उधर, अफजलगढ़ में ओले पड़ने के कारण गन्ने की फसल के पशुचारे के रूप में प्रयोग में आने वाले अगोले की पत्तियाें चिर गईं, जिसके कारण पशुचारे का संकट पैदा हो गया है। बारिश को किसानों ने फसलाें के लिए लाभकारी बताया है।
किसान खुश, ठंड बढ़ी
नींदडू। गुरुवार की रात तेज हवा के साथ जमकर हुई वर्षा से किसान खुश तो दिखे, किंतु शुक्रवार को दिन भर हुई बारिश को राजपाल सिंह, मोहन सिंह, रियासत अली, फुरकान अहमद तथा शमीम अली आदि किसानों ने गेहूं के लिए नुकसानदायक माना है। उधर, बारिश के कारण ठंड फिर से लौट आई है।
हल्दौर। मूसलाधार बारिश के साथ हल्दौर, पैजनिया, शफीपुर नंगली, महमदाबाद, पावटी में ओले पडे़। इससे हाईवे पर ग्राम खासपुरा एवं अहीरपुरा किकर के बीच दर्जनों पेड़ सड़क पर गिर गए। रास्ता बंद होने से मुरादाबाद एवं बिजनौर से आने वाले वाहन पैजनिया चौराहे से वाया चांदपुर होकर गए। आरोप है कि ग्रामीण हजारों की कीमत की लकड़ी उठा ले गए।
तेज हवा चली, दो घायल
नांगलसोती। गुरुवार की रात तूफानी हवा से दो व्यक्ति घायल हो गए। हरचंदपुर निवासी प्रीतम सिंह के ऊपर रोशनदान में रखी ईंट तेज हवा के झोंके से गिर गई, जिससे वह घायल हो गया। हरचंदपुर का ही मुन्नू अपने पशुओं को आंधी से बचा रहा था कि तभी अचानक मकान की छत पर रखी लकड़ियां हवा से उसके ऊपर गिर गईं। जिससे मुन्नू को चोटें आईं।
न्यूनतम तापमान 9.5 डिग्री
नजीबाबाद। क्षेत्र में शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 9.5 डिग्री सेल्सियस रहा। गुरुवार की दुपहर से शुक्रवार की सुबह तक 33 एमएम तथा शुक्रवार की सुबह से दुपहर तक औसतन 12 एमएम बारिश दर्ज की गई। न्यूनतम तापमान कुछ बढ़ने से हालांकि कड़ाके की ठंड से लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन दिन भर रुक-रुककर हुई तेज बारिश और शीतलहर ने लोगों को कंपकपा दिया।
बारिश में सौ फीडर हुए बंद
रात भर कई जगह रहा ब्रेक डाउन, उपभोक्ताओं को उठानी पड़ी परेशानी
बिजनौर। बारिश से जिले भर की बिजली व्यवस्था लड़खड़ा गई है। गुरुवार की रात्रि कई जगहों पर बिजली आपूर्ति ठप रही। बिजनौर व नजीबाबाद में आपूर्ति का हाल सबसे खराब रहा। जिले भर में बारिश के कारण सौ से ज्यादा फीडर प्रभावित हुए। देर शाम तक बिजली कर्मचारी लाइनों को सही करने में लगे रहे।

बिजनौर के आवास विकास बिजली घर रात्रि के समय ठप रहा, जिससे आधे शहर के साथ साथ चालीस से भी अधिक गांवों में अंधेरा छाया रहा। इसके अतिरिक्त नजीबाबाद क्षेत्र में सबसे अधिक ब्रेक डाउन हुए। बारिश के कारण कई जगह फाल्ट हुए और पेड़ गिरने के कारण भी लाइन क्षतिग्रस्त हुई है। पिछले 36 घंटे से जिले की आपूर्ति व्यवस्था पटरी से उतरी हुई है। दिन भर बिजली कर्मचारी लाइनों की पेट्रोलिंग करने में लगे रहे। एसई पीके सिंह के मुताबिक नजीबाबाद व बिजनौर डिवीजन में सबसे ज्यादा बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है। जिन फीडरों पर ब्रेक डाउन हुआ है, उनकी लाइन देखने के बाद उन्हें चालू कराया जा रहा है। देर शाम तक नजीबाबाद क्षेत्र के कुछ फीडर को छोड़कर सभी जगह बिजली आपूर्ति सुचारु कर दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed