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यूपी बोर्ड की लापरवाही से रूपाली का भविष्य चौपट, शिकायत के बाद भी नहीं हो रही सुनवाई
Updated Fri, 03 Nov 2017 12:03 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
धामपुर। मोहल्ला पहाड़ी दरवाजा जोशियन निवासी रूपाली शर्मा ने उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद बोर्ड पर भविष्य को चौपट करने का आरोप लगाते हुए प्रदेश के सीएम से जांच कर आरोपियों पर कार्रवाई करने की मांग की है।
छात्रा रुपाली शर्मा ने बताया की उसने वर्ष 2017 में आरएसएम इंटर कॉलेज बारहवीं कक्षा की परीक्षा दी है। परीक्षा में अंग्रेजी विषय में प्रथम प्रश्न पत्र में उसे केवल नौ अंक दिए गए जबकि दूसरे प्रश्नपत्र में 29 नंबर है। उसे उत्तरपुस्तिका के मूल्यांकन पर संदेह हुआ तो उसने शिकायत कर यूपी बोर्ड से अंग्रेजी विषय के प्रथम प्रश्न पत्र की उत्तर पुस्तिका का पुनर्मूल्यांकन करा तो उसके अंक नौ के स्थान पर 34 निकले। पुर्नमूल्यांकन में 25 अंक अधिक के बाद भी अभी तक यूपी बोर्ड ने उस का परीक्षा परिणाम संशोधित कर सही नहीं किया है। जिसकी वजह से वह अगली कक्षा में प्रवेश लेने से वंचित रह गई है। छात्रा ने बताया कि उसके पिता राजेंद्र प्रसाद एक विद्यालय में व्यवसायिक संविदा शिक्षक हैं। रूपाली ने प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ से समस्या का निदान कराने की मांग की है। उधर, एसडीएम आजाद भगत सिंह का कहना है कि ऐसा मामला कोई उनके संज्ञान में नहीं लाया गया है। यदि आएगा तो वह बोर्ड को पत्र लिखकर जल्द समस्या का निदान कराने का प्रयास करेंगे।
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धामपुर। मोहल्ला पहाड़ी दरवाजा जोशियन निवासी रूपाली शर्मा ने उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद बोर्ड पर भविष्य को चौपट करने का आरोप लगाते हुए प्रदेश के सीएम से जांच कर आरोपियों पर कार्रवाई करने की मांग की है।
छात्रा रुपाली शर्मा ने बताया की उसने वर्ष 2017 में आरएसएम इंटर कॉलेज बारहवीं कक्षा की परीक्षा दी है। परीक्षा में अंग्रेजी विषय में प्रथम प्रश्न पत्र में उसे केवल नौ अंक दिए गए जबकि दूसरे प्रश्नपत्र में 29 नंबर है। उसे उत्तरपुस्तिका के मूल्यांकन पर संदेह हुआ तो उसने शिकायत कर यूपी बोर्ड से अंग्रेजी विषय के प्रथम प्रश्न पत्र की उत्तर पुस्तिका का पुनर्मूल्यांकन करा तो उसके अंक नौ के स्थान पर 34 निकले। पुर्नमूल्यांकन में 25 अंक अधिक के बाद भी अभी तक यूपी बोर्ड ने उस का परीक्षा परिणाम संशोधित कर सही नहीं किया है। जिसकी वजह से वह अगली कक्षा में प्रवेश लेने से वंचित रह गई है। छात्रा ने बताया कि उसके पिता राजेंद्र प्रसाद एक विद्यालय में व्यवसायिक संविदा शिक्षक हैं। रूपाली ने प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ से समस्या का निदान कराने की मांग की है। उधर, एसडीएम आजाद भगत सिंह का कहना है कि ऐसा मामला कोई उनके संज्ञान में नहीं लाया गया है। यदि आएगा तो वह बोर्ड को पत्र लिखकर जल्द समस्या का निदान कराने का प्रयास करेंगे।
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