{"_id":"5b981567867a557ec97f177c","slug":"131536693607-bijnor-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"तेज बारिश, आंधी और बिजली की गड़गड़ाहट ने डराया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तेज बारिश, आंधी और बिजली की गड़गड़ाहट ने डराया
Updated Wed, 12 Sep 2018 12:54 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बारिश, आंधी और बिजली की गड़गड़ाहट ने डराया
बिजनौर। मंगलवार शाम को आंधी और बिजली की तेज गड़गड़ाहट के साथ तेज बारिश हुई। कई जगह पेड़ टूटकर गिर गए। बारिश इतनी तेज थी कि बूंदों से 100 मीटर आगे का कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। बारिश और बिजली से घबराए राहगीरों ने मकानों-दुकानों में शरण ली। बारिश से कुछ ही मिनटों में गली-मोहल्लों की सड़कों में जलभराव हो गया। आंधी से गन्ने और धान की फसल गिरने से नुकसान की आशंका है।
पिछले कुछ दिनों से मौसम में गरमाहट थी और सभी बारिश होने की उम्मीद कर रहे थे। मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे एकदम से काले बादल घिर आए और दिन में भी अंधेरा सा छा गया। कुछ ही देर में बारिश शुरू हो गई। बारिश के साथ ही आंधी भी आ गई और तेज आवाज और चमक के साथ बिजली गड़गड़ाने लगी। बिजली की आवाज इतनी तेज थी कि छोटे बच्चे डरकर परिजनों के पास बैठ गए। कुछ ही मिनटों में बहुत तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश इतनी तेज थी कि बूंदों से 100 मीटर आगे का कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। आंधी-तूफान को देखते हुए राहगीर भी घबरा गए। राहगीरों ने दुकानों व मकानों में छिपकर शरण ली। बारिश रुकने तक वे वहीं शरण लिए रहे।
कुछ ही मिनटों में गली मोहल्लों में पानी भर गया। सिविल लाइंस, राम बाग कॉलोनी, नई बस्ती, चाहशीरी, जाटान, काजीपाड़ा आदि मोहल्लों में दो फीट तक पानी भर गया। आंधी से कई जगह पेड़ भी टूटे हैं। गन्ने और धान समेत बाकी फसल भी आंधी में गिर गई। आंधी से धान की फसल का उत्पादन प्रभावित हो सकता है। बारिश करीब 20 मिनट ही पड़ी।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। मंगलवार शाम को आंधी और बिजली की तेज गड़गड़ाहट के साथ तेज बारिश हुई। कई जगह पेड़ टूटकर गिर गए। बारिश इतनी तेज थी कि बूंदों से 100 मीटर आगे का कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। बारिश और बिजली से घबराए राहगीरों ने मकानों-दुकानों में शरण ली। बारिश से कुछ ही मिनटों में गली-मोहल्लों की सड़कों में जलभराव हो गया। आंधी से गन्ने और धान की फसल गिरने से नुकसान की आशंका है।
पिछले कुछ दिनों से मौसम में गरमाहट थी और सभी बारिश होने की उम्मीद कर रहे थे। मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे एकदम से काले बादल घिर आए और दिन में भी अंधेरा सा छा गया। कुछ ही देर में बारिश शुरू हो गई। बारिश के साथ ही आंधी भी आ गई और तेज आवाज और चमक के साथ बिजली गड़गड़ाने लगी। बिजली की आवाज इतनी तेज थी कि छोटे बच्चे डरकर परिजनों के पास बैठ गए। कुछ ही मिनटों में बहुत तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश इतनी तेज थी कि बूंदों से 100 मीटर आगे का कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। आंधी-तूफान को देखते हुए राहगीर भी घबरा गए। राहगीरों ने दुकानों व मकानों में छिपकर शरण ली। बारिश रुकने तक वे वहीं शरण लिए रहे।
विज्ञापन
कुछ ही मिनटों में गली मोहल्लों में पानी भर गया। सिविल लाइंस, राम बाग कॉलोनी, नई बस्ती, चाहशीरी, जाटान, काजीपाड़ा आदि मोहल्लों में दो फीट तक पानी भर गया। आंधी से कई जगह पेड़ भी टूटे हैं। गन्ने और धान समेत बाकी फसल भी आंधी में गिर गई। आंधी से धान की फसल का उत्पादन प्रभावित हो सकता है। बारिश करीब 20 मिनट ही पड़ी।
विज्ञापन