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Bhadohi News: प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देंगी समूह की महिलाएं
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ज्ञानपुर। जिले में प्राकृतिक खेती का दायरा बढ़ाने की कवायद शुरू हो गई है। अब कृषि सखियां गांव-गांव जाकर महिला एवं पुरुष किसानों को प्राकृतिक खेती से लेकर जैविक खेती, फसल की बोआई, सिंचाई, रोगों की रोकथाम और पशुओं के टीकाकरण की नई-नई जानकारी और सलाह देंगी। इसके लिए समूह की 22 महिलाओं को प्रशिक्षित भी किया जा चुका है।
ग्रामीण परिवेश में रहने वाली अधिसंख्य महिलाओं का जीवन चूल्हे-चौके तक ही सीमित रहता है। कुछ महिलाएं खेती करती हैं लेकिन यहां इनकी भूमिका सिर्फ सहयोगी की होती है।
फसल चयन या अन्य खेती कार्यों में महिलाओं को शामिल नहीं किया जाता है। लेकिन, अब यह परिपाटी जल्द ही बदलेगी। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत सरकार ने महिला किसान सशक्तीकरण परियोजना (एमकेएसपी) शुरू की है। इसके माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए खेतीबारी से लेकर पशुपालन के क्षेत्र में भी आगे बढ़ाया जाएगा। महिलाएं प्राकृतिक खेती को लेकर लोगों को जागरूक भी करेंगी।
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समूह की 22 महिलाओं को इसके लिए प्रशिक्षित किया गया है। वे हर ब्लॉक के चिह्नित गांवों में जाकर महिलाओं और पुरुषों को प्रेरित करेंगी।
उप निदेशक कृषि डॉ. अश्वनी सिंह ने कहा कि 22 महिलाओं को प्रशिक्षित किया गया है। वह गांव में जाकर प्राकृतिक खेती के लिए लोगों को जागरूक करेंगी।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ग्रामीण से जुड़ीं महिलाएं पहले ही राशन वितरण, बिजली बिल वसूली, सामुदायिक शौचालय के संचालन सहित अन्य कार्यों में जुड़कर आर्थिक रूप से मजबूूत हो रही हैं।
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ग्रामीण परिवेश में रहने वाली अधिसंख्य महिलाओं का जीवन चूल्हे-चौके तक ही सीमित रहता है। कुछ महिलाएं खेती करती हैं लेकिन यहां इनकी भूमिका सिर्फ सहयोगी की होती है।
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फसल चयन या अन्य खेती कार्यों में महिलाओं को शामिल नहीं किया जाता है। लेकिन, अब यह परिपाटी जल्द ही बदलेगी। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत सरकार ने महिला किसान सशक्तीकरण परियोजना (एमकेएसपी) शुरू की है। इसके माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए खेतीबारी से लेकर पशुपालन के क्षेत्र में भी आगे बढ़ाया जाएगा। महिलाएं प्राकृतिक खेती को लेकर लोगों को जागरूक भी करेंगी।
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समूह की 22 महिलाओं को इसके लिए प्रशिक्षित किया गया है। वे हर ब्लॉक के चिह्नित गांवों में जाकर महिलाओं और पुरुषों को प्रेरित करेंगी।
उप निदेशक कृषि डॉ. अश्वनी सिंह ने कहा कि 22 महिलाओं को प्रशिक्षित किया गया है। वह गांव में जाकर प्राकृतिक खेती के लिए लोगों को जागरूक करेंगी।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ग्रामीण से जुड़ीं महिलाएं पहले ही राशन वितरण, बिजली बिल वसूली, सामुदायिक शौचालय के संचालन सहित अन्य कार्यों में जुड़कर आर्थिक रूप से मजबूूत हो रही हैं।