बाल-बाल बची जान: चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश कर रहे थे दो यात्री, पैर फिसला तो रेलकर्मी बने फरिश्ता
जाको राखे साइयां मार सके ना कोय....कहावत शनिवार सुबह ज्ञानपुर रोड रेलवे स्टेशन पर
सही साबित हुई। रेलवे कर्मियों की सूझबूझ से दो यात्रियों की जान बाल-बाल बची। दोनों यात्रियों का आधा शरीर चलती ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच आ गया था।
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यूपी के ज्ञानपुर रोड रेलवे स्टेशन पर शनिवार सुबह एक बड़ा हादसा बच गया। रेलवे कर्मियों की सूझबूझ से दो यात्रियों की जान बाल-बाल बची है। घटना में जाको राखे साइयां मार सके ना कोय....कहावत सही साबित हुई। दोनों यात्रियों का आधा शरीर चलती ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच आ गया था। लेकिन उन्हें एक खरोंच तक नहीं आई।
भदोही जिले के गोपीगंज स्थित ज्ञानपुर रोड रेलवे स्टेशन पर शनिवार सुबह दरभंगा से पुणे की तरफ जा रही ज्ञान गंगा एक्सप्रेस अपने नियत समय से दो घंटे विलंब से पहुंची। इस दौरान दो यात्री पानी पीने के लिए प्लेटफॉर्म पर उतरे। पानी पीकर वे ट्रेन पर चढ़ने वाले ही थे कि ट्रेन चल दी।
ऐसे बची यात्रियों की जान
दोनों ने दौड़कर चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश की। इस दौरान पैर फिसल जाने के कारण दोनों का आधा शरीर ट्रेन व प्लेटफॉर्म के बीच बीच झूलने लगा। नजारा देख प्लेटफॉर्म पर कोहराम मच गया। सभी बचाओ-बचाओ चिल्लाने लगे। आरपीएफ के जवान अजय कुमार सिंह व जीआरपी के अमित कुमार यादव भागकर स्टेशन मास्टर राम सजीवन को सूचना दी।
स्टेशन मास्टर ने तत्परता दिखाते हुए लोको पायलट को सूचित किया। लोको पायलट ने ट्रेन रोक दी और इस तरह यात्रियों को बचा लिया गया। दोनों यात्रियों को सकुशल बाहर निकाला गया और उन्हें वापस ट्रेन पर बैठा दिया गया। स्टेशन पर मौजूद लोगों ने आरपीएफ व जीआरपी जवान सहित स्टेशन मास्टर की तारीफ करते नजर आए।