ज्ञानपुर। पर्यावरण और स्वास्थ्य के लिए घातक पॉलीथिन पर प्रतिबंध लगाने के बावजूद बिक रहा है। नगरों में धड़ल्ले से पॉलिथीन में सामान दिया जा रहा है। सब्जी, फल से लेकर किराने की दुकानों तक पर पॉलिथीन में सामान परोसा जा रहा है। आलम यह है कि न तो दुकानदार परहेज कर रहे हैं न ही ग्राहक।पर्यावरण संरक्षण के लिए चार साल पहले पॉलिथीन मुक्त शहर बनाने की शुरूआत हुई थी, लेकिन वह अभियान अब सुस्त पड़ चुका है। आलम यह है कि हर शहर में पॉलीथिन का खुलेआम प्रयोग किया जा रहा है। जब कभी शिकायत होती है तो प्रशासनिक अमला जांच करता है। जांच में क्विंटल के क्विंटल पॉलीथिन बरामद किया जाता है, लेकिन उसके बाद सब कुछ ठंडा हो जाता है। ज्ञानपुर, गोपीगंज, भदोही, सुरियावां, औराई, जंगीगंज, चौरी सहित छोटे और बड़े सभी बाजारों में पॉलिथीन का प्रयोग हो रहा है। पर्यावरण प्रेमी अशोक गुप्ता ने कहा कि पॉलिथीन पर्यावरण के लिए बहुत ही हानिकारक है। पॉलिथीन के कचरों का समूल नाश नहीं हो पाता है और यह मिट्टी की उर्वरक क्षमता को अत्यधिक प्रभावित करता है। नालों और नालियों में पॉलिथीन का कचरा जाम का कारण बनता है।