ज्ञानुपर। अखिल भारतवर्षीय गोंड महासभा की ओर से शनिवार को सरपतहां में वीरांगना महारानी दुर्गावती का बलिदान दिवस मनाया गया। महारानी दुर्गावती के 460वें बलिदान दिवस के मौके पर गोंड समाज ने उनके योगदान को याद किया। इस दौरान महासभा ने राष्ट्रपति को संबोधित सात सूत्रीय मांगों का ज्ञापन जिलाधिकारी गौरांग राठी को सौंपा। मुख्यअतिथि राष्ट्रीय प्रवक्ता दादा लोकबहादुर गोंड ने कहा कि रानी दुर्गावती भारत की एक वीरागंना थी। उन्होंने अपने शौर्य से दुश्मनों के दांत खट्टे कर दिए।
रमेश कुमार गोंड ने भी वीरागंना दुर्गावती के बलिदानों को याद किया। डीएम को सौपे पत्रक में उन्होंने महारानी दुर्गावती बलिदान दिवस के मौके पर 24 जून को देश में राजकीय अवकाश घोषित करने, महारानी दुर्गावती की प्रतिमा स्थापित किए जाने, गोंड समाज को प्रदेश भर में अनुसूचित जनजाति में रखे जाने, ईवीएम पर पूर्ण रुप से प्रतिबंध लगाने और लोकसभा चुनाव बैलेट पेपर से कराने की मांग की। अध्यक्षता करते हुए गोंडवाना समग्र क्रांति आंदोलन के प्रदेश संयोजक महेन्द्र कुमार सिंह धुर्वे, स्वागत रामजीत नेताम और संचालन रमेश कुमार गोंड ने किया। इस दौरान रंगलाल गोंड, अशोक कुमार, रमेश कुमार, रंगलाल गोंड, हरीनाथ गोंड, सिंगुरी प्रसाद, रामधनी, रामजीत, भदैला देवी, मंजू, प्रेमशीला, इसावती सहित भारी संख्या में गोंड समुदाय के लोग उपस्थित रहे।