फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bhadohi News ›   Farmers protesting against privatization, protested at the railway station

Bhadohi News: निजीकरण के विरोध में रेलवे स्टेशन पर जमे किसान, किया प्रदर्शन

Thu, 01 Dec 2022 11:54 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 01 Dec 2022 11:54 PM IST
विज्ञापन
Farmers protesting against privatization, protested at the railway station
गोपीगंज। पूर्वोत्तर रेलवे के ज्ञानपुर रोड स्टेशन पर बृहस्पतिवार को भारतीय रेल संघर्ष मोर्चा और भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने रेलवे का निजीकरण करने के विरोध और मांगों के समर्थन में धरना-प्रदर्शन किया। किसानों ने प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन स्टेशन मास्टर मिथिलेश कुमार को सौंपा। चेतावनी दी कि मांगों को पूरा करने में केंद्र सरकार ने रुचि नहीं दिखाई तो बड़ा आंदोलन करेंगे।
विज्ञापन

भारतीय रेल संघर्ष मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ईश्वरचंद त्रिपाठी ने कहा कि वैश्विक महामारी के नाम पर सरकार ने कई ट्रेनों का परिचालन बंद करा दिया है। लॉकडाउन समाप्त होने पर जब बाजार, स्कूल खुल गए। चुनाव हो रहे हैं। सभी कार्य सामान्य ढंग से चल रहे हैं तो विशेष ट्रेनों में जनरल, महिला कोच हटाने का क्या औचित्य है। इससे स्पष्ट है कि सरकार किसान, गरीब, मजदूर, बेरोजगारों को परेशान कर रही है।
विज्ञापन

यूनियन के जिलाध्यक्ष मल्लूराम बिंद ने कहा कि पैसेंजर गाड़ियों को बंद कर देने से छात्र-छात्राओं, पटरी दुकानदारों, मंडियों तक पहुंचने वाले व्यापारियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। इस मौके पर शालिक राम, अशोक यादव, रामबाबू बिंद, प्रेमराज मिश्रा, मणिलाल आदि रहे। धरना प्रदर्शन के दौरान रेलवे संपत्ति को नुकसान न पहुंचने पाए, इसे देखते हुए प्रभारी निरीक्षक आरपीएफ मुकेश यादव, विजय यादव, सतीश तिवारी, जीआरपी उप निरीक्षक राकेश कुमार राय, शिवशंकर यादव जवानों के साथ गश्त करते रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष मल्लूराम बिंद ने रेलवे प्रशासन को मांगपत्र सौंप कर क्रासिंग नंबर 38 से 39 के बीच सार्वजनिक रास्ता बंद न करने की मांग की। बताया कि गोपीगंज बाजार आने-जाने के लिए स्कूली बच्चे, मरीज, तटवर्ती गांव निवासी सामान की ढुलाई के लिए उसी रास्ते का इस्तेमाल करते हैं। इसे अब रेलवे प्रशासन बंद करना चाहता है। रास्ता बंद होने से क्रासिंग के दोनों ओर की दूरी तीन-चार किलोमीटर बढ़ेगी। इससे लोगों केे अतिरक्ति चक्कर लगाना पड़ेगा। मांग की कि 10 फीट का सार्वजनिक रास्ता या अंडर क्रासिंग की स्वीकृति दी जाए। इस मौके पर सतीश पाठक, बसंतलाल, मकोईलाल, मुकेश कुमार, दिनेश कुमार,चंद्रलाल रहे। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed