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हाईवे पर पेयजल व्यवस्था नदारद, बढ़ेगी परेशानी

Tue, 22 Mar 2022 12:30 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 22 Mar 2022 12:30 AM IST
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Drinking water system absent on the highway, the problem will increase
मार्च में गर्मी के मौसम का अहसास होते ही राहगीरों और वाहन चालकों को हाईवे के किनारे सार्वजनिक पेयजल व्यवस्था नदारद होने की चिंता सताने लगी है। सुबह 10 बजे के बाद चालक तल्ख धूप में वाहनों को खड़ा कर इधर-उधर हो जा रहे हैं तो पैदल, साइकिल, बाइक, कार चालक आवागमन करने से कतराने लगे हैं।
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सोमवार की धूप से बेचैन राहगीर आशाराम ने निर्भीक होकर कहा कि हंडिया-राजातालाब हाईवे खंड का एनएचएआई ने लगभग 2400 करोड़ की लागत से नक्शा तो बदल दिया, लेकिन गर्मी के दिनों में होने वाली परेशानी को दूर करने के लिए कोई ऐसा कदम नहीं उठाया कि राहगीर बिना पैसा खर्च किए गला तर कर सकें। हाईवे को चौड़ा करते समय काश्तकारों की कीमती जमीन, पूर्वी सीमा बाबूसराय और पश्चिमी सीमा ऊंज तक फैली हरियाली, दर्जनों की संख्या में हैंडंपप तक नहीं बच पाए। प्लास्टिक तिरपाल के नीचे सजी चाय-पान की दुकान पर छांव ले रहे साइकिल सवार सुशील कुमार ने कहा कि एकल लेन के दौरान जो राहत मिल जाती थी, वह अब नहीं है। कश्मीर से कन्याकुमारी की यात्रा पर निकले माल वाहनों के चालक 40 डिग्री तापमान में लाल हो जा रहे हैं तो आम लोगों की तो बात ही करना बेमानी होगी। आटो सवार रामहिंछ ने कहा कि धूप की तल्खी का असर यह है कि चलते सवारी वाहनों में बैठ पाना तक मुश्किल है। रह-रह कर प्यास लगने पर पानी की जरूरत हर किसी को महसूस होने लगी है। चकपड़ौना स्थित नाश्ते की दुकान पर रुके कार चालक सुरेश वेनवंशी ने कहा कि वे परिवार के साथ मंझनपुर-कौशांबी से वाराणसी जा रहे थे। कार में बैठी महिलाओं, बच्चों को प्यास लगने पर एक भी हैडपंप नहीं मिला, ताकि रुक कर प्यास बुझाई जा सके। दुकान से पानी लेकर प्यास बुझाई जा सकी। हंडिया-राजातालाब हाईवे खंड के परियोजना प्रबंधक एके राय ने कहा कि हाईवे बनाने में पूर्व के संसाधनों पर असर पड़ा है, लेकिन संबंधित जिलों में पड़ने वाले निकायों, ग्राम पंचायतों, स्वयंसेवी संस्थाओं के आगे आने पर ही सार्वजनिक स्थानों पर पेयजल की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। इस मुख्य कारण यह है कि एनएचएआई के पास सड़क बनाने के अलावा कोई अतिरिक्त दिशा-निर्देश नहीं है। यदि कोई सार्वजनिक रूप से पेयजल व्यवस्था करने के कार्य में रुचि ले रहा है तो एनएचएआई सहयोग करने के लिए तैयार है।
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