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धनतुलसी-डेंगुरपुर पीपा पुल शुरू
अमर उजाला ब्यूरो , भदोही
Updated Fri, 25 Nov 2016 01:04 AM IST
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आधी-अधूरी तैयारियों के बीच बुधवार को धनतुलसी-डेंगुरपुर पीपा पुल का संचालन शुरू हो गया। न तो पुल पर ढंग से चकर प्लेटें लगाई गईं हैं न ही लकड़ी की बल्लियों का समुचित समायोजन किया गया है। लंबे समय से बंद पुल पर आवागमन शुरू होने से जहां लोगों को खुशी मिली, वहीं तमाम लोग अधूरी तैयारियों के लिए व्यवस्था को कोसने में भी पीछे नहीं रहे।
उल्लेखनीय है कि धनतुलसी-डेंगुरपुर पीपा पुल भदोही जिले के कोनिया क्षेत्र को इलाहाबाद और मध्य प्रदेश से जोड़ता है। इससे हर रोज हजारों लोग आवागमन करते हैं। चारपहिया वाहनों से लेकर बाइक-साइकल सवारों का आवागमन लगातार जारी रहता है। बरसात के सीजन में गंगा में बाढ़ बढ़ने के बाद पुल को तोड़ दिया गया था।
पिछले कुछ दिनों से बाढ़ घटने के बाद से ही क्षेत्रीय लोग पुल को चालू होने की आस में थे। लोगों का कहना है कि इस पुल के चलने से कोनिया क्षेत्र के लोगों को मांडा के रास्ते इलाहाबाद और मध्यप्रदेश तक जाने में सहूलियत मिलती है। पुल चलाने के लिए कई बार क्षेत्रीय लोगों ने मांग भी की थी, लेकिन पुल चालू नहीं हो सका था। पिछले कुछ दिनों से फिर से पुल को बनाया जा रहा था।
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निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद बुधवार को पुल पर वाहनों का आवागमन शुरू हुआ। इसके बाद लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। लेकिन, पुल पर सुरक्षा के लिहाज से तैयारियां चाक-चौबंद नहीं दिखीं। पुल पर न तो समुचित लोहे की प्लेटें लगाईं गईं ना ही ढंग की रेलिंग बनाई गई। इससे लोगों में नाराजगी नजर आई। उधर पुल चालू होने पर इलाके के कमलाशंकर मिश्र, आदर्श पांडेय आदि ने प्रसन्नता व्यक्त की।
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उल्लेखनीय है कि धनतुलसी-डेंगुरपुर पीपा पुल भदोही जिले के कोनिया क्षेत्र को इलाहाबाद और मध्य प्रदेश से जोड़ता है। इससे हर रोज हजारों लोग आवागमन करते हैं। चारपहिया वाहनों से लेकर बाइक-साइकल सवारों का आवागमन लगातार जारी रहता है। बरसात के सीजन में गंगा में बाढ़ बढ़ने के बाद पुल को तोड़ दिया गया था।
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पिछले कुछ दिनों से बाढ़ घटने के बाद से ही क्षेत्रीय लोग पुल को चालू होने की आस में थे। लोगों का कहना है कि इस पुल के चलने से कोनिया क्षेत्र के लोगों को मांडा के रास्ते इलाहाबाद और मध्यप्रदेश तक जाने में सहूलियत मिलती है। पुल चलाने के लिए कई बार क्षेत्रीय लोगों ने मांग भी की थी, लेकिन पुल चालू नहीं हो सका था। पिछले कुछ दिनों से फिर से पुल को बनाया जा रहा था।
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निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद बुधवार को पुल पर वाहनों का आवागमन शुरू हुआ। इसके बाद लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। लेकिन, पुल पर सुरक्षा के लिहाज से तैयारियां चाक-चौबंद नहीं दिखीं। पुल पर न तो समुचित लोहे की प्लेटें लगाईं गईं ना ही ढंग की रेलिंग बनाई गई। इससे लोगों में नाराजगी नजर आई। उधर पुल चालू होने पर इलाके के कमलाशंकर मिश्र, आदर्श पांडेय आदि ने प्रसन्नता व्यक्त की।