फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bhadohi News ›   children going to school without books

किताबों के बिना स्कूल जा रहे नौनिहाल

Wed, 17 Aug 2022 11:57 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 17 Aug 2022 11:57 PM IST
विज्ञापन
children going to school without books
ज्ञानपुर। नए शिक्षा सत्र को करीब पांच माह गुजर गए लेकिन प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक विद्यालयों के 75 फीसदी बच्चों को किताबें नहीं मिल सकीं। ऐसे में पुरानी किताबों के सहारे बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं।
विज्ञापन

जिले में 891 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं। इसमें करीब दो लाख बच्चे पंजीकृत हैं। इन बच्चों के लिए 13 लाख से अधिक किताबों की जरूरत है लेकिन पूर्व के वर्षों की तरह इस बार भी विलंब हो रहा है। शिक्षा सत्र के चार माह बाद अगस्त के पहले सप्ताह में किताबें आनी शुरू हुईं लेकिन वह भी कच्छप गति से आ रही हैं। करीब 10 से 12 दिनों में मात्र तीन लाख 42 हजार किताबें ही आ सकी हैं। ऐसे में 10 लाख किताबों की अभी और जरूरत है। विभाग की माने तो अब तक पहली से पांचवीं कक्षा की अलग-अलग विषयों की किताबें आई हैं। छठवीं से आठवीं तक की एक भी किताब अब तक नहीं आ सकी है। किताबें न आने से बच्चे पुरानी या बिना किताब के ही कक्षाओं में पहुंच रहे हैं। इससे उनकी पढ़ाई जहां प्रभावित हो रही है, वहीं अभिभावक भी आगामी परीक्षाओं को लेकर चिंतित हैं। बीएसए भूपेंद्र नारायण सिंह ने बताया कि किताबें लगातार आ रही हैं। जैसे-जैसे आ रही हैं, उसे ब्लॉकों में भेजा जा रहा है। विलंब होने पर प्रकाशक को पत्र लिखा गया है। उन्होंने कहा कि अर्द्धवार्षिक परीक्षा की तैयारी स्कूलों में कराई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed