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208 ग्राम प्रधानों, सेक्रेटरियों को नोटिस
Updated Tue, 01 Aug 2017 12:46 AM IST
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ज्ञानपुर (भदोही)। पिछले वित्तीय वर्ष 2016-17 में विकास कार्यों के लिए मिले बजट का विवरण विभागीय वेबसाइट पर अपलोड न कराने पर जिले के 208 ग्राम प्रधानों और सेक्रेटरियाें को नोटिस जारी किया गया है। जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय से जारी नोटिस का संतोषजनक जवाब न देने पर चालू वित्तीय वर्ष का बजट भी रोक दिया जाएगा। इससे इन गांवों में विकास कार्यों पर असर पड़ने की गुंजाइश बन चली है।
मालूम हो कि पंचायत विभाग से हर वित्तीय सत्र में ग्राम सभाओं को विकास के लिए मिलने वाले बजट खर्च का विवरण वेबसाइट पर अपलोड कराया जाता है। इससे गांव में कितना बजट आया, कितना खर्च हुआ और शेष बजट का विवरण ऑनलाइन हो जाता है। बजट विवरण को जिले की 353 ग्रामसभाओं के प्रधानों और सेक्रेटरियों ने मिलकर ऑनलाइन कराया। जबकि 561 ग्रामसभाओं में से शेष 208 ग्रामसभाओं के प्रधानों, सेक्रेटरियों ने बजट विवरण को विभाग की वेबसाइट पर अपलोड नहीं कराया। गांव का मूल बजट विवरण अपलोड न होने पर विभाग की ओर से चालू वित्तीय वर्ष में चतुर्थ वित्त के धन को रोक दिया गया है। साथ ही डीपीआरओ की तरफ से उनके खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया है। लापरवाही में प्रधान के साथ सेक्रेटरी को भी जिम्मेदार माना है।
पांच करोड़ का बजट रोका गया
ज्ञानपुर। पंचायती राज विभाग से बजट विवरण वेबसाइट पर अपलोड न कराने से दो सौ आठ गांव का करीब पांच करोड़ रुपये की धनराशि रोकी गई है। रोका गया बजट चतुर्थ वित्त की पहली किस्त है। चतुर्थ वित्त से जिले के सभी गांव को वित्तीय वर्ष में 20 करोड़ रुपये का बजट दिया जाता है।
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पिछले वित्तीय वर्ष के मिले बजट का खर्च विवरण विभागीय वेबसाइट पर अपलोड कराना अनिवार्य है। 208 ग्रामसभाओं का विवरण अपलोड नहीं है, इसलिए उन्हें नोटिस जारी करके चालू वित्तीय वर्ष का बजट रोक दिया गया है। - अनिल कुमार त्रिपाठी, जिला पंचायत राज अधिकारी
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मालूम हो कि पंचायत विभाग से हर वित्तीय सत्र में ग्राम सभाओं को विकास के लिए मिलने वाले बजट खर्च का विवरण वेबसाइट पर अपलोड कराया जाता है। इससे गांव में कितना बजट आया, कितना खर्च हुआ और शेष बजट का विवरण ऑनलाइन हो जाता है। बजट विवरण को जिले की 353 ग्रामसभाओं के प्रधानों और सेक्रेटरियों ने मिलकर ऑनलाइन कराया। जबकि 561 ग्रामसभाओं में से शेष 208 ग्रामसभाओं के प्रधानों, सेक्रेटरियों ने बजट विवरण को विभाग की वेबसाइट पर अपलोड नहीं कराया। गांव का मूल बजट विवरण अपलोड न होने पर विभाग की ओर से चालू वित्तीय वर्ष में चतुर्थ वित्त के धन को रोक दिया गया है। साथ ही डीपीआरओ की तरफ से उनके खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया है। लापरवाही में प्रधान के साथ सेक्रेटरी को भी जिम्मेदार माना है।
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पांच करोड़ का बजट रोका गया
ज्ञानपुर। पंचायती राज विभाग से बजट विवरण वेबसाइट पर अपलोड न कराने से दो सौ आठ गांव का करीब पांच करोड़ रुपये की धनराशि रोकी गई है। रोका गया बजट चतुर्थ वित्त की पहली किस्त है। चतुर्थ वित्त से जिले के सभी गांव को वित्तीय वर्ष में 20 करोड़ रुपये का बजट दिया जाता है।
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पिछले वित्तीय वर्ष के मिले बजट का खर्च विवरण विभागीय वेबसाइट पर अपलोड कराना अनिवार्य है। 208 ग्रामसभाओं का विवरण अपलोड नहीं है, इसलिए उन्हें नोटिस जारी करके चालू वित्तीय वर्ष का बजट रोक दिया गया है। - अनिल कुमार त्रिपाठी, जिला पंचायत राज अधिकारी